{"_id":"64ea53c145cd326b170e7984","slug":"allegations-of-extorting-426-lakhs-from-the-women-of-the-group-were-found-correct-in-the-investigation-fatehpur-news-c-221-1-sknp1054-2293-2023-08-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehpur News: समूह की महिलाओं से 4.26 लाख हड़पने के आरोप जांच में मिले सही","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehpur News: समूह की महिलाओं से 4.26 लाख हड़पने के आरोप जांच में मिले सही
विज्ञापन
उन्नाव। स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से 4.26 लाख रुपये हड़पने के मामले की जांच करने परियोजना निदेशक डीआरडीए बिहार के राधागंज कस्बा पहुंचे। उन्होंने जांच में महिलाओं के आरोप सही पाए और आगे की कार्रवाई के लिए डीएम को रिपोर्ट देने की बात कही।
बिहार क्षेत्र के कस्बा राधागंज निवासी बिंदेश्वरी ने एक माह पहले डीएम को प्रार्थनापत्र देकर बताया था कि गुड्डी रैनी, मालती समेत अन्य महिलाओं को बरगलाकर एक युवक ने करीब आठ वर्ष पहले समूह का खाता खुलवाया था। जबकि महिलाओं को पेंशन दिलवाने की बात कहकर वह सभी को बैंक लेकर गया था। आरोपी ने उसे कोषाध्यक्ष और अमानत खातून को अध्यक्ष बनाया था। इसकी जानकारी उसे तब हुई जब बैंक ने युवक द्वारा समूह के खाते से 4.26 लाख निकाल लेने की सूचना दी।
बिहार थाना पुलिस से शिकायत के बाद वह डलमऊ रायबरेली में मस्जिद से आरोपी को गिरफ्तार किया गया था। उसने समूह से निकाले गए पैसे को जमा करने का वादा किया था और 16 फरवरी 2015 को नोटरी शपथ पत्र भी दिया था। 15 जून 2017 को बैंक द्वारा नोटिस मिलने के बाद उन्हें पता चला कि अभी तक पैसा जमा नहीं किया गया। डीएम के निर्देश पर परियोजना निदेशक कमलेश कुमार ने राधागंज पहुंचकर जांच की। जांच में गलत ढंग से पैसा निकालने की पुष्टि हुई। पीडी ने रिपोर्ट डीएम को भेजने की बात कही। इसके बाद वह ग्राम मवैया में नौ लोगों को दिए गए शौचालय की जांच करने पहुंचे। इसमें काफी संख्या में लोग अपात्र पाए गए। वहीं, सिकंदरपुर कर्ण के गांव मैनहा में जाकर आवास योजना के लिए पात्रों की जांच की।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिहार क्षेत्र के कस्बा राधागंज निवासी बिंदेश्वरी ने एक माह पहले डीएम को प्रार्थनापत्र देकर बताया था कि गुड्डी रैनी, मालती समेत अन्य महिलाओं को बरगलाकर एक युवक ने करीब आठ वर्ष पहले समूह का खाता खुलवाया था। जबकि महिलाओं को पेंशन दिलवाने की बात कहकर वह सभी को बैंक लेकर गया था। आरोपी ने उसे कोषाध्यक्ष और अमानत खातून को अध्यक्ष बनाया था। इसकी जानकारी उसे तब हुई जब बैंक ने युवक द्वारा समूह के खाते से 4.26 लाख निकाल लेने की सूचना दी।
विज्ञापन
बिहार थाना पुलिस से शिकायत के बाद वह डलमऊ रायबरेली में मस्जिद से आरोपी को गिरफ्तार किया गया था। उसने समूह से निकाले गए पैसे को जमा करने का वादा किया था और 16 फरवरी 2015 को नोटरी शपथ पत्र भी दिया था। 15 जून 2017 को बैंक द्वारा नोटिस मिलने के बाद उन्हें पता चला कि अभी तक पैसा जमा नहीं किया गया। डीएम के निर्देश पर परियोजना निदेशक कमलेश कुमार ने राधागंज पहुंचकर जांच की। जांच में गलत ढंग से पैसा निकालने की पुष्टि हुई। पीडी ने रिपोर्ट डीएम को भेजने की बात कही। इसके बाद वह ग्राम मवैया में नौ लोगों को दिए गए शौचालय की जांच करने पहुंचे। इसमें काफी संख्या में लोग अपात्र पाए गए। वहीं, सिकंदरपुर कर्ण के गांव मैनहा में जाकर आवास योजना के लिए पात्रों की जांच की।
विज्ञापन