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78 पंचायत घरों की होनी मरम्मत, चार ध्वस्त होने की स्थिति में
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कमालगंज। विकास खंड के 78 ग्राम पंचायत घरों को मरम्मत की दरकार है। चार ध्वस्त होने की स्थिति में हैं। पंचायत घरों को ग्राम सचिवालय के रूप में विकसित करने के लिए सभी ग्राम पंचायतों के पंचायत घरों में उपलब्ध बिजली, पानी, शौचालय, इंटरनेट कनेक्शन व अन्य सुविधाओं के संबंध में रिपोर्ट तैयार कराई गई है।
विकास खंड में 118 ग्राम पंचायतें हैं। इनमें 78 के पंचायत घर जीर्णशीर्ण स्थिति में हैं। कई में प्लास्टर टूटा, खिड़की, दरवाजे क्षतिग्रस्त हैं। कानपुर रोड पर स्थित पट्टी कतरौली के पंचायत घर के लिंटर की सरिया भी दिख रही है। अब इन पंचायत घरों के दिन बहुर सकते हैं। पंचायत घरों में पीने के पानी, पुरुष-महिला शौचालय, बिजली व इंटरनेट कनेक्शन आदि की सूचना भी संकलित कराई गई है।
वहीं रामपुर माझगांव, शेरपुर सराय, शृंगीरामपुर सहित चार पंचायत घर ध्वस्त होने की स्थिति में है। दरअसल गांव वालों को छोटे-छोटे कामों के लिए ब्लॉक कार्यालय आकर पंचायत सचिवों को तलाशना पड़ता है। विकास भवन की भी दौड़ लगानी पड़ती है। पंचायत घर को संचालित किया जा सका तो लोगों के काम गांव में ही हो सकते हैं। खंड विकास अधिकारी राजेश बघेल का कहना है कि पंचायत सचिवों से अपने क्षेत्र के पंचायत घरों की वर्तमान स्थिति व सुविधाओं का विवरण मांगा गया है।
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विकास खंड में 118 ग्राम पंचायतें हैं। इनमें 78 के पंचायत घर जीर्णशीर्ण स्थिति में हैं। कई में प्लास्टर टूटा, खिड़की, दरवाजे क्षतिग्रस्त हैं। कानपुर रोड पर स्थित पट्टी कतरौली के पंचायत घर के लिंटर की सरिया भी दिख रही है। अब इन पंचायत घरों के दिन बहुर सकते हैं। पंचायत घरों में पीने के पानी, पुरुष-महिला शौचालय, बिजली व इंटरनेट कनेक्शन आदि की सूचना भी संकलित कराई गई है।
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वहीं रामपुर माझगांव, शेरपुर सराय, शृंगीरामपुर सहित चार पंचायत घर ध्वस्त होने की स्थिति में है। दरअसल गांव वालों को छोटे-छोटे कामों के लिए ब्लॉक कार्यालय आकर पंचायत सचिवों को तलाशना पड़ता है। विकास भवन की भी दौड़ लगानी पड़ती है। पंचायत घर को संचालित किया जा सका तो लोगों के काम गांव में ही हो सकते हैं। खंड विकास अधिकारी राजेश बघेल का कहना है कि पंचायत सचिवों से अपने क्षेत्र के पंचायत घरों की वर्तमान स्थिति व सुविधाओं का विवरण मांगा गया है।
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