फर्रुखाबाद। सब-रजिस्ट्रार कार्यालय में हुई तिजोरी चोरी की वारदात को चार माह से अधिक का समय बीत चुका है लेकिन पुलिस के हाथ अब भी खाली हैं। सरकारी धन की चोरी के बाद भी पुलिस का ढुलमुल रवैया लोगों के गले नहीं उतर रहा है। दबी जवान में लोगों का कहना है कि जब सरकारी संपत्ति ही सुरक्षित नहीं है, तो आमजन कैसे सुरक्षित रह सकेगें।
विगत 22 जुलाई 2025 की रात तहसील सदर स्थित रजिस्ट्रार कार्यालय के रिकॉर्ड रूम के ताले तोड़कर चोरों ने तिजोरी काट दी थी। चोर तिजोरी में रखे 4.58 लाख 840 रुपये ले उड़े थे। घटना वाले दिन तो पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए फाॅरेंसिक टीम से साक्ष्य एकत्र कराए थे। कार्यालय में काम करने वाले कर्मचारियों को बुलाकर पूछताछ भी की गई। उपनिबंधक रविकांत यादव की तहरीर पर कार्यालय के कर्मी अमित, सोनू, रवि, शिवम, रमेश चंद्र, रोहित सहित अन्य पर थाना मऊदरवाजा में प्राथमिकी दर्ज की गई। इसके बाद से पुलिस शिथिल हो गई। कागजों मे दबिश देने का दौर चलता रहा। पुलिस की जांच में घटना वाली रात को कार्यालय के सीसीटीवी कैमरे बंद पाए गए थे। सीसीटीवी कैमरे बंद होने से घटना पर संदेह और गहरा रहा है। सरकारी कार्यालय की सुरक्षा में चूक और उसके बाद कोई ठोस कार्रवाई न होना पुलिस की सक्रियता पर सवाल खड़ा कर रहा है। मऊदरवाजा थानाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह ने बताया कि मामले की विवेचना बजरिया चौकी प्रभारी कर रहे हैं। मामले में जांच जारी है। विवेचना की अधिक जानकारी विवेचक ही दे सकते हैं।