फर्रुखाबाद। जनपद में बिजली व्यवस्था सुदृढ़ करने के लिए रिवैंप याेजना के तहत कार्य कराया जा रहा है। दो साल बीतने के बावजूद कई स्थानों पर जर्जर केबल झूल रहे हैं। जिससे थोड़ी सी हवा चलने पर ही ट्रिपिंग और फाल्ट हो रहे हैं। बिजली चोरी न रुकने से ओवरलोडिंग से भी निजात नहीं मिल पा रही है। बढ़ी उमस और भीषण गर्मी के चलते बिजली की मांग में बढ़ोतरी हुई है। पिछले साल की अपेक्षा इस वर्ष अप्रैल माह में लगभग 4.50 लाख यूनिट बिजली की खपत बढ़ी है। अंगूरीबाग व ठंडी सड़क उपकेंद्र ओवरलोड हो रहे हैं।
वर्ष 2023 जनवरी माह में रिवैंप योजना के तहत जनपद को बजट प्राप्त हो गया था। बिजली विभाग ने कार्यदायी संस्था ल्यूमिनो इंडस्ट्रीज लिमिटेड को ठेका उठाकर बंच केबल आदि बदलवाए जाने के निर्देश दिए थे। मार्च 2025 में कार्य खत्म किया जाना है, लेकिन कार्यदायी संस्था अभी तक कार्य खत्म नहीं कर सकी है। शहर क्षेत्र में प्राथमिकता के आधार पर फरवरी तक जर्जर बंच केबल व 11 केवी के तार बदलवा देने के निर्देश थे, लेकिन अभी भी बिर्राबाग, हाता मंगल खां, सधवाड़ा समेत करीब आधा सैकड़ा से ज्यादा मोहल्लों में बंच केबल नहीं बदली गई। इसका नतीजा यह है कि भीषण गर्मी में जर्जर बंच केबल और 11 केवी के तार आए दिन टूट रहे हैं। विभागीय सूत्रों ने बताया कि अभी भी रिवैंप योजना के तहत करीब 25 प्रतिशत कार्य होना बाकी है, जबकि अधिकारी 90 प्रतिशत कार्य होने का दावा कर रहे हैं। अप्रैल में बढ़ी 4.50 यूनिट बिजली की खपत पिछले वर्ष जहां अप्रैल में 964 लाख यूनिट की खपत हुई थी। वहीं अप्रैल 2025 में 968 लाख यूनिट की खपत हुई है। यानी पिछले वर्ष की अपेक्षा इस वर्ष अप्रैल में 4.50 लाख यूनिट बिजली की खपत अधिक हुई है। पांच जून तक मई का डाटा आएगा।