फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ayodhya News ›   Totadrimt Jutenge pupil in the fourth Acharya memorial

तोताद्रिमठ के चौथे आचार्य के श्राद्ध में जुटेंगे शिष्य

Sat, 01 Aug 2015 10:35 PM IST
फैजाबाद/अमर उजाला ब्यूरो
फैजाबाद/अमर उजाला ब्यूरो Updated Sat, 01 Aug 2015 10:35 PM IST
विज्ञापन
मठ के उत्तराधिकारी महंत स्वामी अनंताचार्य महाराज ने बताया कि अयोध्या का एक ऐसा स्थान है जहां तिरुपति बालाजी में विराजमान भगवान व्यंकटेश का विग्रह प्रतिष्ठित है और यहां दक्षिण भारतीय परंपरा में ही भगवान की अर्चना एवं नारद पांचरात्र आगम पद्दति से उपासना की जाती है।
विज्ञापन


इसी परंपरा का एक स्थान आंध्रप्रदेश के तिरुपति में भी मौजूद है। गुरुदेव महाराज मठ की परंपरा में चौथे आचार्य थे। उनका जन्म अमेठी जिले के रामनगर में ब्राह्मण परिवार में 1925 में हुआ था।
विज्ञापन


बाल्यकाल से ही भगवत चरणानुरागी थे। परिवार छोड़कर हरिद्वार चले गए और उन्होंने वहां उत्तर तोताद्रिमठ की शाखा नरसिंह भवन में रहते हुए बाल ब्रह्मचारी संत स्वामी सुदर्शनाचार्य से वैष्णव मत की दीक्षा ली।
विज्ञापन
विज्ञापन


स्वामी सुदर्शनाचार्य के दूसरे शिष्य एवं तत्कालीन उत्तर तोताद्रि मठ के महंत स्वामी रामानुजाचार्य के आकस्मिक निधन के बाद पांच जून 1976 को वह मंदिर के महंत के रूप में प्रतिष्ठित हुए।

मंदिर एवं संपत्ति की सुरक्षा के लिए उन्होंने वर्ष 1985 में श्रीबालदेशिक सोपान ट्रस्ट की स्थापना की। स्थान का विकास करते हुए व्यंकटेश सत्संग भवन एवं अतिथि निवास का भी निर्माण कराया और मठ का भी जीर्णोद्धार किया।


आश्रम के माध्यम से चलने वाले श्रीनिवास बोधायन रामानुज संस्कृत विद्यालय को चतुर्थ श्रेणी से प्रथम श्रेणी में लेकर आए। उन्होंने जीवन पर्यंत गो सेवाएं संत सेवा और साहित्य सेवा में अपने को समर्पित किया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed