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नए ट्रैफिक प्लान से अभेद होगी सुरक्षा
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अयोध्या। शहर में दिनों-दिन घने होते जाम के मकड़जाल से निजात पाने के लिए नया ट्रैफिक प्लान तैयार कर लिया गया है। नया प्लान पूरी तरह आटोमैटिक होगा और इसमें ट्रैफिक रूल का पालन न करने वालों का अपने आप चालान कट जाएगा। साथ ही नए ट्रैफिक प्लान में रामनगरी की अभेद्य सुरक्षा का भी खाका खींचा गया है।
शहर में इंट्री करने वाले प्रत्येक व्यक्ति की फेस रिक्गनिशन होगा। इसका डेटा कमांड कंट्रोल सिस्टम रूम जाएगा। इस फेस रिक्गनिशन का आधार कार्ड व पासपोर्ट से मिलान हो जाएगा। फेस का मिलान न होने पर अलार्म बज उठेगा। यदि व्यक्ति संदिग्ध होगा तो पुलिस पकड़ लेगी। इस पूरी योजना का प्रजेंटेशन जिला, पुलिस व नगर प्रशासन के सामने हो चुका है। इसको प्रस्ताव को अनुमति के लिए शासन को प्रेषित किया जा चुका है।
शहर को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जाना है। इसमें पर्यटकों की सुरक्षा व ट्रैफिक निजाम सबसे अहम कड़ी है। इसके लिए काफी दिनों से मंथन चल रहा है। अब रामनगरी की ट्रैफिक व सुरक्षा को लेकर ट्रैफिक प्लान तैयार किया जा चुका है। नया ट्रैफिक प्लान पूरी तरह से ऑटोमैटिक होगा। सभी चौराहों पर हाई लेवल आटोमैटिक कैमरे लगेेंगे। इसके लिए एक कंट्रोल रूम बनाया जाना है।
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इससे कंट्रोल रूम से ही सारी गतिविधियों की निगरानी रखी जाएगी। किसी भी प्रकार की अवांछनीय व संदिग्ध कार्रवाई दिखाई देने पर संबंधित विभागों को सूचित किया जाएगा। इसके साथ ही शहर के इंट्री द्वार समेत राममंदिर के इलाके में फेस रिक्गननिशन कैमरे लगाए जाएंगे। इससे असामाजिक तत्वों की पहचान हो सकेगी और शहर की सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखने में काफी मदद मिलेगी। नए प्लान के अनुसार शहर के भीड़ग्रस्त व रामनगरी के इलाके में रेड अलार्म लगाए जाएंगे। किसी भी इमरजेंसी के समय इस अलार्म को दबाने पर तत्काल सहायता मिलेगी।
इसके साथ ही एक इमरजेंसी अलार्म नंबर भी जारी होगा, किसी भी मुसीबत के समय इस नंबर पर फोन करने पर तत्काल मदद मिलेगी। इसके अलावा सिटीजन मोबाइल एप और हेल्प डेस्क की स्थापना का भी प्रावधान है। इसके लिए प्रमुख चौराहों पर बड़ी-बड़ी स्क्रीन लगाई जाएगी। इसमें पर्यटक व श्रद्घालु अपनी सुविधा के अनुुसार अयोध्या के दर्शनीय स्थल व संबंधित समस्याओं की जानकारी कर सकेंगे। इस सबके साथ प्रत्येक प्रमुख चौराहों व शहर के प्रवेश द्वारों पर आटोमैटिक नंबर प्लेट रीडर कैमरे लगाए जाऐंगे, जो गाड़ी का पूरा डाटा एकत्रित कर संदिग्धों पर नजर रखेंगे।
इसके साथ ही राममंदिर समेत प्रमुख धार्मिक स्थलों व प्रमुख चौराहों पर वाईफाई व हॉटस्पॉट की सुविधा होगी। इससे पर्यटकों को हाई इंटरनेट की सुविधा प्रदान हो सकेगी। इसके अलावा शहर के प्रमुख चौराहों पर इन्वायरमेंटल सेंसर की स्थापना की जाएगी। इसमें एक बड़ी स्क्रीन लगाई जाएगी, जो प्रदूषण का लेवल व स्तर बताने के साथ प्रदूषण के प्रति जागरूकता का संदेश देती नजर आएंगी। इस सबके अलावा शहर की सफाई व्यवस्था, घाटों की सुंदरता बढ़ाने कार्य भी संबंधित सहित शहर को सुंदर बनाने के कार्य पर अमल होता दिखाई देगा।
आटोमैटिक ट्रैफिक प्लान तीन चरणों में परवान चढ़ेगा। पहला चरण शहर के प्रमुख चौराहों व राममंदिर समेत आसपास के इलाकों में शुरू किया जाएगा। फेज टू में सरयू के किनारे का इलाके का सुंदरीकरण, वेस्टेज ट्रीटमेंट से जुड़े, स्मार्ट पार्किंग सहित अन्य कार्य होंगे। खासतौर पर एक पार्किंग जोन बनाया जाएगा। सिटीजन एप व के स्क्रीन की सक्रियता दूसरे जोन में लागाई जाएगी। तीसरे फेज में समस्त कार्यों को ऑनलाइन मोड में किया किया जाएगा। इसमें सरकारी विभागों की वेबसाइट से लिंक किया जाएगा।
नए ट्रैफिक प्लान के अनुसार लोकल रामनगरी फाइबर केबल के जरिए एक नेटवर्क डेवलप किया जाएगा। अयोध्या नगर निगम के सभी चौराहों को फाइबर वायर के तहत जोड़ा जाएगा। यह सारा नेटवर्क कमांड कंट्रोल के साथ कनेक्ट होगा। इससे यह होगा कि समस्त डेटा लोकल कमांड सेंटर पर एकत्रित होगा। साथ ही इसमें आवश्यक डेटा को इंटरनेट पर भेजा जाएगा। कंट्रोल रूम से समस्त विभागों को सूचित किया जाएगा, इसके बाद संबंधित विभाग की जिम्मेदारी होगी।
नगर आयुक्त विशाल सिंह ने बताया कि ऑटोमैटिक ट्रैफिक कंट्रोल सिस्टम के लिए प्रजेंटेशन जिला, पुलिस व नगर प्रशासन के सामने हो चुका है। सभी विभागों की सहमति मिल चुकी है। प्रस्ताव को सहमति के लिए शासन भेजा जा रहा है।
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शहर में इंट्री करने वाले प्रत्येक व्यक्ति की फेस रिक्गनिशन होगा। इसका डेटा कमांड कंट्रोल सिस्टम रूम जाएगा। इस फेस रिक्गनिशन का आधार कार्ड व पासपोर्ट से मिलान हो जाएगा। फेस का मिलान न होने पर अलार्म बज उठेगा। यदि व्यक्ति संदिग्ध होगा तो पुलिस पकड़ लेगी। इस पूरी योजना का प्रजेंटेशन जिला, पुलिस व नगर प्रशासन के सामने हो चुका है। इसको प्रस्ताव को अनुमति के लिए शासन को प्रेषित किया जा चुका है।
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शहर को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जाना है। इसमें पर्यटकों की सुरक्षा व ट्रैफिक निजाम सबसे अहम कड़ी है। इसके लिए काफी दिनों से मंथन चल रहा है। अब रामनगरी की ट्रैफिक व सुरक्षा को लेकर ट्रैफिक प्लान तैयार किया जा चुका है। नया ट्रैफिक प्लान पूरी तरह से ऑटोमैटिक होगा। सभी चौराहों पर हाई लेवल आटोमैटिक कैमरे लगेेंगे। इसके लिए एक कंट्रोल रूम बनाया जाना है।
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इससे कंट्रोल रूम से ही सारी गतिविधियों की निगरानी रखी जाएगी। किसी भी प्रकार की अवांछनीय व संदिग्ध कार्रवाई दिखाई देने पर संबंधित विभागों को सूचित किया जाएगा। इसके साथ ही शहर के इंट्री द्वार समेत राममंदिर के इलाके में फेस रिक्गननिशन कैमरे लगाए जाएंगे। इससे असामाजिक तत्वों की पहचान हो सकेगी और शहर की सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखने में काफी मदद मिलेगी। नए प्लान के अनुसार शहर के भीड़ग्रस्त व रामनगरी के इलाके में रेड अलार्म लगाए जाएंगे। किसी भी इमरजेंसी के समय इस अलार्म को दबाने पर तत्काल सहायता मिलेगी।
इसके साथ ही एक इमरजेंसी अलार्म नंबर भी जारी होगा, किसी भी मुसीबत के समय इस नंबर पर फोन करने पर तत्काल मदद मिलेगी। इसके अलावा सिटीजन मोबाइल एप और हेल्प डेस्क की स्थापना का भी प्रावधान है। इसके लिए प्रमुख चौराहों पर बड़ी-बड़ी स्क्रीन लगाई जाएगी। इसमें पर्यटक व श्रद्घालु अपनी सुविधा के अनुुसार अयोध्या के दर्शनीय स्थल व संबंधित समस्याओं की जानकारी कर सकेंगे। इस सबके साथ प्रत्येक प्रमुख चौराहों व शहर के प्रवेश द्वारों पर आटोमैटिक नंबर प्लेट रीडर कैमरे लगाए जाऐंगे, जो गाड़ी का पूरा डाटा एकत्रित कर संदिग्धों पर नजर रखेंगे।
इसके साथ ही राममंदिर समेत प्रमुख धार्मिक स्थलों व प्रमुख चौराहों पर वाईफाई व हॉटस्पॉट की सुविधा होगी। इससे पर्यटकों को हाई इंटरनेट की सुविधा प्रदान हो सकेगी। इसके अलावा शहर के प्रमुख चौराहों पर इन्वायरमेंटल सेंसर की स्थापना की जाएगी। इसमें एक बड़ी स्क्रीन लगाई जाएगी, जो प्रदूषण का लेवल व स्तर बताने के साथ प्रदूषण के प्रति जागरूकता का संदेश देती नजर आएंगी। इस सबके अलावा शहर की सफाई व्यवस्था, घाटों की सुंदरता बढ़ाने कार्य भी संबंधित सहित शहर को सुंदर बनाने के कार्य पर अमल होता दिखाई देगा।
आटोमैटिक ट्रैफिक प्लान तीन चरणों में परवान चढ़ेगा। पहला चरण शहर के प्रमुख चौराहों व राममंदिर समेत आसपास के इलाकों में शुरू किया जाएगा। फेज टू में सरयू के किनारे का इलाके का सुंदरीकरण, वेस्टेज ट्रीटमेंट से जुड़े, स्मार्ट पार्किंग सहित अन्य कार्य होंगे। खासतौर पर एक पार्किंग जोन बनाया जाएगा। सिटीजन एप व के स्क्रीन की सक्रियता दूसरे जोन में लागाई जाएगी। तीसरे फेज में समस्त कार्यों को ऑनलाइन मोड में किया किया जाएगा। इसमें सरकारी विभागों की वेबसाइट से लिंक किया जाएगा।
नए ट्रैफिक प्लान के अनुसार लोकल रामनगरी फाइबर केबल के जरिए एक नेटवर्क डेवलप किया जाएगा। अयोध्या नगर निगम के सभी चौराहों को फाइबर वायर के तहत जोड़ा जाएगा। यह सारा नेटवर्क कमांड कंट्रोल के साथ कनेक्ट होगा। इससे यह होगा कि समस्त डेटा लोकल कमांड सेंटर पर एकत्रित होगा। साथ ही इसमें आवश्यक डेटा को इंटरनेट पर भेजा जाएगा। कंट्रोल रूम से समस्त विभागों को सूचित किया जाएगा, इसके बाद संबंधित विभाग की जिम्मेदारी होगी।
नगर आयुक्त विशाल सिंह ने बताया कि ऑटोमैटिक ट्रैफिक कंट्रोल सिस्टम के लिए प्रजेंटेशन जिला, पुलिस व नगर प्रशासन के सामने हो चुका है। सभी विभागों की सहमति मिल चुकी है। प्रस्ताव को सहमति के लिए शासन भेजा जा रहा है।