फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ayodhya News ›   Passenger facilities will be developed parallel to the construction of Ram temple

राममंदिर निर्माण के समानांतर ही विकसित होंगी यात्री सुविधाएं

Fri, 31 Dec 2021 12:33 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Fri, 31 Dec 2021 12:33 AM IST
विज्ञापन
Passenger facilities will be developed parallel to the construction of Ram temple
अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की निर्माण समिति की दो दिवसीय बैठक गुरुवार को समाप्त हुई। बैठक में मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने प्रगति की समीक्षा कर भावी योजनाओं पर भी ट्रस्ट के पदाधिकारियों व इंजीनियरों के साथ मंथन किया।
विज्ञापन

बैठक में कार्य में तेजी लाने, भक्तों की सुविधाएं सहित रामजन्मभूमि परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा हुई। तय हुआ है कि राममंदिर निर्माण के समानांतर ही भक्तों के लिए सुविधाएं विकसित करने का भी काम होगा।
विज्ञापन

बैठक में इसके अलावा सबसे ज्यादा फोकस रामजन्मभूमि की सुरक्षा पर रहा। बैठक के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने बताया कि रामलला के दर्शनार्थियों की संख्या तेजी से बढ़ रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

ऐसे में भक्तों के लिए सुविधाएं विकसित करने का काम भी मंदिर निर्माण के समानांतर ही किए जाने का विचार बना है। मंदिर के साथ-साथ कौन सा प्रकल्प पूरा किया जाना चाहिए, इसको लेकर इंजीनियरिंग टीम के साथ चर्चा की गई है।
बताया कि राममंदिर निर्माण के साथ ही म्यूजियम, अभिलेखागार, पुस्तकालय, यज्ञशाला, गोशाला, रसोई, यात्रियों की रसोई का निर्माण कार्य भी किया जाना जरूरी है।
साथ ही ट्रस्ट का ऑफिस व मंदिर की सुरक्षा में लगे पुलिस कर्मियों के लिए आवास आदि की भी व्यवस्था की आवश्यकता महसूस हुई है। उन्होंने कहा कि रामजन्मभूमि परिसर की नए सिरे से सुरक्षा का खाका तैयार किया जा रहा है।
सुरक्षा संबंधी बारीकियों पर ट्रस्ट के सुरक्षा सलाहकार पूर्व डीजी बीसीएफ केके शर्मा के साथ चर्चा हुई है। सीआरपीएफ, पीएसी, यूपी पुलिस के विचारों का समन्वय बनाकर सुरक्षा का ड्राफ्ट शासन को देने का काम वही करेंगे।
महासचिव चंपत राय ने बताया कि तय लक्ष्य के अनुसार ही मंदिर निर्माण का कार्य आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया है। बैठक में ट्रस्टी डॉ.अनिल मिश्र, बिमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र, राममंदिर के आर्किटेक्ट आशीष सोमपुरा, डीएम नितीश कुमार, डीआईजी कवींद्र प्रताप सिंह सहित ट्रस्ट के इंजीनियर शामिल रहे। कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि, कोमश्वर चापौल सहित अन्य सदस्य ऑनलाइन बैठक से जुड़े रहे।
राममंदिर की प्लिंथ को लेकर भी बैठक में चर्चा हुई है। चंपत राय ने बताया कि प्लिंथ में पत्थरों के करीब 18 हजार ब्लॉक लगेंगे। पत्थरों में बाहर से सब कुछ अच्छा दिखता है पर आंतरिक दोष पता करने के लिए पत्थरों के विशेषज्ञों को बुुलाया गया था।
आईआईटी दिल्ली के प्रो. केएसराव व पुणे से एक विशेषज्ञ आए थे। उन्होंने बताया है कि पत्थरों के अंदर का दोष नापने की आधुनिक तकनीकी क्या है। किस तरह नापा जाएगा, कौन एजेंसी यह काम कर सकती है इसको लेकर चर्चा हुई है।
साथ ही प्लिंथ में राजस्थान व कर्नाटक के ग्रेनाइट पत्थर लगने हैं। विशेषज्ञों ने बताया है कि राजस्थान के मुकाबले कर्नाटक का ग्रेनाइट पत्थर ज्यादा उपयोगी है। यहां का पत्थर मंदिर की भार क्षमता सहन करने में सक्षम है।
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने बताया कि गृहमंत्री अमित शाह राममंदिर निर्माण शुरू होने के बाद पहली बार राम जन्मभूमि पहुंच रहे हैं। उन्हें राममंदिर निर्माण से रू-ब-रू कराने की तैयारी की गई है।
मंदिर निर्माण की प्रगति से लेकर भावी योजनाओं की जानकारी उन्हें प्रदान की जाएगी। सूत्रों के मुताबिक गृहमंत्री अमित शाह राम जन्मभूमि परिसर की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा भी कर सकते हैं।

इसी संभावना के मद्देनजर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सुरक्षा सलाहकर पूर्व डीजी बीएसएफ केके शर्मा भी अयोध्या पहुंच चुके हैं। वे दूसरे दिन हुई ट्रस्ट की बैठक में शामिल हुए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed