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राम मंदिर ट्रस्ट को सौंपी गई सुप्रीम कोर्ट के फैसले की मूल कॉपी

Tue, 31 May 2022 12:00 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 31 May 2022 12:00 AM IST
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Original copy of Supreme Court's decision handed over to Ram Mandir Trust
अयोध्या। मंदिर-मस्जिद के मुकदमे के दौरान जिला कोषागार में जमा की गईं वस्तुएं सोमवार को श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सौंप दी गईं। इसी के साथ ही 9 नवंबर 2019 को रामलला के पक्ष में आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले की मूल प्रति भी ट्रस्ट को सौंप दी गयी है।
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इसके अलावा ट्रस्ट को मंदिर की संपत्ति के तहत सुरक्षित रखी गई चांदी की ईंट व अन्य सामान को भी जिला प्रशासन ने सौंपा है। 9 नवंबर 2019 को राम मंदिर के पक्ष में आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले के 1045 पन्ने की मूल कॉपी को अयोध्या के कोषागार में सुरक्षित रखा गया था।
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जिसे अब ट्रस्ट के निगरानी में रखा जाएगा। जिला अधिकारी नितीश कुमार ने इस प्रति को सोमवार को राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सौंप दिया। इसके साथ कोषागार में राम मंदिर के संपत्ति के रूप में रखी चांदी की किलो की ईंट को भी ट्रस्ट के सुपुर्द कर दिया है।
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ट्रस्ट द्वारा अब इन वस्तुओं को स्टेट बैंक के लॉकर में सुरक्षित किया जाएगा। गर्भगृह के शिलान्यास से दो दिन पहले इतनी बड़ी सौगात मिलने पर साधु-संतों में खुशी की लहर दौड़ पड़ी है।
कोषागार के डबल लॉक में चांदी की ईंट व अन्य धातुएं मामले के विचाराधीन होने के समय रख दी गई थीं। राम मंदिर के हक में फैसला आने के बाद फैसले की मूल कॉपी भी कोषागार में रखी गयी थी।
अयोध्या में मंदिर निर्माण शुरू होने के बाद ट्रस्ट ने सुप्रीम कोर्ट में इसके लिए आवेदन किया था। सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दे दिया कि कोषागार के डबल लॉक में रखी गईं वस्तुएं ट्रस्ट को लौटा दी जाएं।
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय व सदस्य अनिल मिश्र सोमवार को कचहरी स्थित कोषागार पहुंच गए। डीएम नीतीश कुमार व कोषाधिकारी डॉ. अनुराग गुप्ता ने उन्हें चांदी की ईंट व अन्य वस्तुएं सुरक्षित लौटा दीं।
ट्रस्टी डॉ.अनिल मिश्र ने बताया कि मुकदमे के दौरान इन्हें जिला कोषागार में जमा कर लिया गया था। ट्रस्ट ने इन्हें वापस लेने के लिए सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी।

कोर्ट के आदेश के बाद हमें फैसले की मूल प्रति सहित चांदी की ईंटें व अन्य धातुएं प्राप्त हो गई हैं। जिन्हें स्टेट बैंक जिसमें ट्रस्ट का प्रधान खाता भी है, इसके लॉकर में सुरक्षित रखा जाएगा।
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