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आए दिन कटती सड़क, लोग होते परेशान
फैजाबाद/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 18 Jan 2016 11:21 PM IST
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केस-एक
सीवर लाइन से ध्वस्त हुई करोड़ों की सड़क
फैजाबाद-अयोध्या मार्ग का करोड़ों की लागत से चौड़ीकरण किया गया। सड़क बनी और आवागमन में सहूलियत हो गई लेकिन अयोध्या में सीवर लाइन का निर्माण इसी सड़क को खोदकर किया जा रहा है, जिससे कि करोड़ों की लागत की बनी सड़क पानी में बह गई है। यही हाल कमोबेश पूरे अयोध्या की है। जो भी सड़क बनी, वह खोद दी गई। विभागों के बीच तालमेल के अभाव का नतीजा है कि सड़क बनी और फिर उसे सीवर लाइन बिछाने के लिए खोद दी गई।
केस-दो
पहले धन दिया, फिर भी लापरवाह सभी विभाग
आचार्य नरेंद देव सिटी स्टेशन के पास बन रहे सेतु निगम के ओवरब्रिज के कारण इलाके का सड़क कनेक्टिविटी ठप है। बिजली, पानी और नाली का हाल खराब है। किसी तरह लोग काम चला रहे हैं।
सेतु निगम के इंजीनियर कहते हैं कि बनने से पहले ही सर्विस रोड, बिजली, जलनिकाली, फोन्स आदि के लिए सभी विभागों को धन दिया गया, लेकिन किसी ने काम नहीं कराया। हाल यह है कि रास्ता हर दो-चार दिन में बगैर किसी पूर्व सूचना के रोक दिया जाता है। सर्विस रोड तक नहीं बन पाई है जिसके कारण दर्जन भर से ज्यादा मोहल्ले के बाशिंदे परेशान हैं।
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फैजाबाद। हर विभाग विकास की चटक इबारत लिखना चाहता है लेकिन विभागों में पारस्परिक तालमेल की कमी का नतीजा है कि एक विभाग ज्यों ही सड़क बनाकर आगे निकलता है, उस मार्ग को खोदने वाले भी पहुंच जाते है।
कहीं पर सीवर लाइन डालनी रहती है तो कहीं पर संचार की भूमिगत केबिल। सब कुछ सुविधाओं को बढ़ाने के लिए होता है लेकिन जनता को ठीक इसके विपरीत अनुभवों का सामना करना पड़ता है।
चौदहकोसी व पंचकोसी परिक्रमा पथ को श्रद्धालुओं की सुविधा की लिहाज से हर साल मरम्मत की जाती है। इन दोनों मार्ग में कई स्थान ऐसे है जो कि टेलीफोन व सीवर लाइन बिछाने के कारण खराब हो गए।
सआदतगंज फैजाबाद से नयाघाट अयोध्या मार्ग का चौड़ीकरण व उच्चीकरण हुआ लेकिन यहां तो हर वक्त कुछ न कुछ काम चलता रहता है। सड़क खोदकर केबिल डाली गई, सीवर लाइन का काम तेजी से चल रहा है।
अयोध्या रेलवे स्टेशन मोड़ के पहले तकरीबन एक किमी. तक सड़क नहीं दिखाई पड़ रही है, सिर्फ उड़ती हुई धूल दिखाई पड़ती है। यहां पर सीवर लाइन का काम चल रहा है।
गुदड़ीबाजार से अंगारीबाग की ओर, तथा लालबाग के मारवाड़ी भवन के पास भूमिगत बिजली की भूमिगत केबल कुछ माह पहले डाली गई जबकि इसके पहले ही सड़क बनाई गई थी।
फैजाबाद शहर में पेयजल आपूर्ति के लिए भूमिगत पाइप लाइने बिछाई गई लेकिन जैसे ही इसमें पानी छोड़ा जाता है, यह कहीं न कही से फूट जाती है।
जब प्रोेजेक्ट बनता है तो प्रभावित होने वाले विभाग अपना-अपना हिस्सा मांगते हैं। उन्हें उसके अनुरूप स्वीकृति धन दे दिया जाता है, लेकिन काम कराते वक्त समन्वय नहीं रहता। लिहाजा जब सड़क खोद कर केबल डाली जाती है, तो सड़क बनाने वाले नदारद रहते हैं। इसी तरह जब सड़क बनती है, तो पावर कॉर्पोरेशन बिजली पोल व तार नहीं हटाता और संचार विभाग केबिल सुरक्षित करने में लापरवाह होता है।
-एके सिंह, एक्सईएन पीडब्ल्यूडी
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सीवर लाइन से ध्वस्त हुई करोड़ों की सड़क
फैजाबाद-अयोध्या मार्ग का करोड़ों की लागत से चौड़ीकरण किया गया। सड़क बनी और आवागमन में सहूलियत हो गई लेकिन अयोध्या में सीवर लाइन का निर्माण इसी सड़क को खोदकर किया जा रहा है, जिससे कि करोड़ों की लागत की बनी सड़क पानी में बह गई है। यही हाल कमोबेश पूरे अयोध्या की है। जो भी सड़क बनी, वह खोद दी गई। विभागों के बीच तालमेल के अभाव का नतीजा है कि सड़क बनी और फिर उसे सीवर लाइन बिछाने के लिए खोद दी गई।
केस-दो
पहले धन दिया, फिर भी लापरवाह सभी विभाग
आचार्य नरेंद देव सिटी स्टेशन के पास बन रहे सेतु निगम के ओवरब्रिज के कारण इलाके का सड़क कनेक्टिविटी ठप है। बिजली, पानी और नाली का हाल खराब है। किसी तरह लोग काम चला रहे हैं।
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सेतु निगम के इंजीनियर कहते हैं कि बनने से पहले ही सर्विस रोड, बिजली, जलनिकाली, फोन्स आदि के लिए सभी विभागों को धन दिया गया, लेकिन किसी ने काम नहीं कराया। हाल यह है कि रास्ता हर दो-चार दिन में बगैर किसी पूर्व सूचना के रोक दिया जाता है। सर्विस रोड तक नहीं बन पाई है जिसके कारण दर्जन भर से ज्यादा मोहल्ले के बाशिंदे परेशान हैं।
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फैजाबाद। हर विभाग विकास की चटक इबारत लिखना चाहता है लेकिन विभागों में पारस्परिक तालमेल की कमी का नतीजा है कि एक विभाग ज्यों ही सड़क बनाकर आगे निकलता है, उस मार्ग को खोदने वाले भी पहुंच जाते है।
कहीं पर सीवर लाइन डालनी रहती है तो कहीं पर संचार की भूमिगत केबिल। सब कुछ सुविधाओं को बढ़ाने के लिए होता है लेकिन जनता को ठीक इसके विपरीत अनुभवों का सामना करना पड़ता है।
चौदहकोसी व पंचकोसी परिक्रमा पथ को श्रद्धालुओं की सुविधा की लिहाज से हर साल मरम्मत की जाती है। इन दोनों मार्ग में कई स्थान ऐसे है जो कि टेलीफोन व सीवर लाइन बिछाने के कारण खराब हो गए।
सआदतगंज फैजाबाद से नयाघाट अयोध्या मार्ग का चौड़ीकरण व उच्चीकरण हुआ लेकिन यहां तो हर वक्त कुछ न कुछ काम चलता रहता है। सड़क खोदकर केबिल डाली गई, सीवर लाइन का काम तेजी से चल रहा है।
अयोध्या रेलवे स्टेशन मोड़ के पहले तकरीबन एक किमी. तक सड़क नहीं दिखाई पड़ रही है, सिर्फ उड़ती हुई धूल दिखाई पड़ती है। यहां पर सीवर लाइन का काम चल रहा है।
गुदड़ीबाजार से अंगारीबाग की ओर, तथा लालबाग के मारवाड़ी भवन के पास भूमिगत बिजली की भूमिगत केबल कुछ माह पहले डाली गई जबकि इसके पहले ही सड़क बनाई गई थी।
फैजाबाद शहर में पेयजल आपूर्ति के लिए भूमिगत पाइप लाइने बिछाई गई लेकिन जैसे ही इसमें पानी छोड़ा जाता है, यह कहीं न कही से फूट जाती है।
जब प्रोेजेक्ट बनता है तो प्रभावित होने वाले विभाग अपना-अपना हिस्सा मांगते हैं। उन्हें उसके अनुरूप स्वीकृति धन दे दिया जाता है, लेकिन काम कराते वक्त समन्वय नहीं रहता। लिहाजा जब सड़क खोद कर केबल डाली जाती है, तो सड़क बनाने वाले नदारद रहते हैं। इसी तरह जब सड़क बनती है, तो पावर कॉर्पोरेशन बिजली पोल व तार नहीं हटाता और संचार विभाग केबिल सुरक्षित करने में लापरवाह होता है।
-एके सिंह, एक्सईएन पीडब्ल्यूडी