{"_id":"63c998a9f686212d634457b1","slug":"na-faizabad-news-c-13-1-58621-2023-01-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ayodhya News: प्रयोगात्मक परीक्षाओं के लिए जुगाड़ से तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ayodhya News: प्रयोगात्मक परीक्षाओं के लिए जुगाड़ से तैयारी
Fri, 20 Jan 2023 12:53 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Fri, 20 Jan 2023 12:53 AM IST
विज्ञापन
अयोध्या। माध्यमिक शिक्षा विभाग के अधीन संचालित विद्यालयों की प्रयोगशालाएं अभी तक हाइटेक नहीं हो सकी हैं। वित्तविहीन स्कूलों में तो व्यवस्थाएं चमाचम होने का दावा किया जाता है, लेकिन राजकीय व सहायता प्राप्त स्कूल बदहाली से उबर नहीं पा रहे हैं।
अधिकांश स्कूलों में बच्चों के प्रयोग के लिए न तो पर्याप्त उपकरण हैं न ही मानक के अनुरूप शिक्षकों की व्यवस्था है। इस तरह आधी-अधूरी तैयारियों के साथ जुगाड़ से प्रयोग करवा दिए गए, जिनकी अब बच्चों को परीक्षा देना है।
उप्र माध्यमिक शिक्षा परिषद के हाईस्कूल व इंटरमीडिएट के बच्चों की प्रयोगात्मक परीक्षाएं 21 जनवरी से होनी है। बच्चे इसे लेकर कितने तैयार हैं, बृहस्पतिवार को स्कूलों में इसका जायजा लिया गया। इसमें जिले के राजकीय व सहायता प्राप्त स्कूलों में कई खामियां सामने आईं।
विज्ञापन
राजकरण वैदिक पाठशाला इंटर कॉलेज में भौतिक विज्ञान के शिक्षक मिले, लेकिन रसायन विज्ञान के शिक्षक अवकाश पर थे। इस लैब की चाबी भी उन्हीं के पास बताई गई। इसके कारण रसायन विज्ञान की लैब नहीं खुल सकी। भौतिक विज्ञान की लैब में पर्याप्त उपकरण नहीं मिले। बताया गया कि आठ-दस प्रयोग कराए गए हैं।
जीजीआईसी में भी हालत यही रही। वहां भी रसायन विज्ञान के शिक्षक की गैरमौजूदगी में रसायन विज्ञान प्रयोगशाला नहीं खुल सकी। भौतिक विज्ञान की प्रयोगशाला में भी कई कमियां नजर आईं।
बताया गया कि प्रवक्ता के न होने से प्राइवेट शिक्षक भौतिक विज्ञान की थ्योरी पढ़ाते हैं, जबकि प्रयोगात्मक कार्य एलटी ग्रेड की शिक्षिका ने करवाए हैं। जीव विज्ञान की प्रयोगशाला में 17 प्रयोग कराने का दावा किया गया। यहां भी कुछ उपकरण कम बताए गए। दोनों स्कूलों में प्री बोर्ड परीक्षाएं होने के कारण विद्यार्थियों से संपर्क नहीं हो सका।
वर्जन...
-सभी विद्यालयों में प्रयोगात्मक कार्यों से संबंधित समस्त उपकरणों को दुरुस्त रखने का निर्देश दिया गया है। यदि कहीं पर खामियां हैं तो मामले की जानकारी करके आवश्यक निर्णय लिया जाएगा।
-राजेंद्र कुमार पांडेय, डीआईओएस
विज्ञापन
अधिकांश स्कूलों में बच्चों के प्रयोग के लिए न तो पर्याप्त उपकरण हैं न ही मानक के अनुरूप शिक्षकों की व्यवस्था है। इस तरह आधी-अधूरी तैयारियों के साथ जुगाड़ से प्रयोग करवा दिए गए, जिनकी अब बच्चों को परीक्षा देना है।
विज्ञापन
उप्र माध्यमिक शिक्षा परिषद के हाईस्कूल व इंटरमीडिएट के बच्चों की प्रयोगात्मक परीक्षाएं 21 जनवरी से होनी है। बच्चे इसे लेकर कितने तैयार हैं, बृहस्पतिवार को स्कूलों में इसका जायजा लिया गया। इसमें जिले के राजकीय व सहायता प्राप्त स्कूलों में कई खामियां सामने आईं।
विज्ञापन
राजकरण वैदिक पाठशाला इंटर कॉलेज में भौतिक विज्ञान के शिक्षक मिले, लेकिन रसायन विज्ञान के शिक्षक अवकाश पर थे। इस लैब की चाबी भी उन्हीं के पास बताई गई। इसके कारण रसायन विज्ञान की लैब नहीं खुल सकी। भौतिक विज्ञान की लैब में पर्याप्त उपकरण नहीं मिले। बताया गया कि आठ-दस प्रयोग कराए गए हैं।
जीजीआईसी में भी हालत यही रही। वहां भी रसायन विज्ञान के शिक्षक की गैरमौजूदगी में रसायन विज्ञान प्रयोगशाला नहीं खुल सकी। भौतिक विज्ञान की प्रयोगशाला में भी कई कमियां नजर आईं।
बताया गया कि प्रवक्ता के न होने से प्राइवेट शिक्षक भौतिक विज्ञान की थ्योरी पढ़ाते हैं, जबकि प्रयोगात्मक कार्य एलटी ग्रेड की शिक्षिका ने करवाए हैं। जीव विज्ञान की प्रयोगशाला में 17 प्रयोग कराने का दावा किया गया। यहां भी कुछ उपकरण कम बताए गए। दोनों स्कूलों में प्री बोर्ड परीक्षाएं होने के कारण विद्यार्थियों से संपर्क नहीं हो सका।
वर्जन...
-सभी विद्यालयों में प्रयोगात्मक कार्यों से संबंधित समस्त उपकरणों को दुरुस्त रखने का निर्देश दिया गया है। यदि कहीं पर खामियां हैं तो मामले की जानकारी करके आवश्यक निर्णय लिया जाएगा।
-राजेंद्र कुमार पांडेय, डीआईओएस