{"_id":"56f180d94f1c1bec7af14d29","slug":"fire-has-destroyed-six-homes","type":"story","status":"publish","title_hn":"आग ने तबाह किए छह घर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आग ने तबाह किए छह घर
अमर उजाला ब्यूरो/फैजाबाद
Updated Tue, 22 Mar 2016 10:59 PM IST
विज्ञापन
आग में खाक हुई गृहस्थी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोसाईगंज के एक गांव में मंगलवार को लगी आग से छह घर जलकर राख हो गए। हादसे में आने से एक गाय जलकर मर गई जबकि तीन बुरी तरह झुलस गई। ग्रामीणों की सूचना के तकरीबन दो घंटे बाद जब फायर ब्रिगेड का दस्ता पहुंचा तब तक ग्रामीण आग पर काबू पा चुके थे।
अमसिन के मजरे शुरुकसराय में मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे आशाराम के घर में अचानक आग लग गई। हवा तेज होने से पल भर में आग की लपटों ने आसपास के घरों को अपनी आगोश में ले लिया। गांव में गुहार लगने लगी और जब तक ग्रामीण कुछ समझ पाते तब तक आग ने मनोज, राम बक्श, उमाशंकर, रामनयन व कन्नू के घरों को अपने आगोश में ले लिया था।
जुटे ग्रामीणों ने पंपसेट व हैंडपाइप के सहारे आग पर काबू पाने का पूरा प्रयास किया लेकिन आग बुझाते-बुझाते डेढ़ घंटे से भी अधिक समय लग गया। जब ग्रामीणों ने आग पर काबू पाया तब तक छह परिवारों की गृहस्थी जलकर राख हो चुकी थी। ग्रामीणों में सूचना के बावजूद समय पर फायर ब्रिगेड का दस्ता न पहुंचने पर लोगों में आक्रोश दिखा।
विज्ञापन
जब फायर ब्रिगेड पहुंचा तो आग बुझ चुकी थी और सिर्फ धुआं उठ रहा था। पीड़ित परिवार के सदस्य आग बुझने के बाद बचे सामानों को तलाशते नजर आ रहे थे। आग की चपेट में आने से उमाशंकर के घर में बंधी एक गाय की जलकर मौत हो गई और तीन गाय बुरी तरह झुलस गई।
तेज हवा के चलते आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को घरों में रखा सामान बचाने का मौका भी नहीं मिल सका। पीड़ित परिवारों का घर में रखा सभी सामान, कपड़ा, अनाज, जलकर राख हो गया। पशु चिकित्साधिकारी डॉ. अजय कुमार ने गंभीर रूप से झुलसी गायों का उपचार किया। एसडीएम दीपा अग्रवाल ने बताया कि लेखपाल को भेजकर रिपोर्ट मंगवाई जा रही है।
विज्ञापन
अमसिन के मजरे शुरुकसराय में मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे आशाराम के घर में अचानक आग लग गई। हवा तेज होने से पल भर में आग की लपटों ने आसपास के घरों को अपनी आगोश में ले लिया। गांव में गुहार लगने लगी और जब तक ग्रामीण कुछ समझ पाते तब तक आग ने मनोज, राम बक्श, उमाशंकर, रामनयन व कन्नू के घरों को अपने आगोश में ले लिया था।
विज्ञापन
जुटे ग्रामीणों ने पंपसेट व हैंडपाइप के सहारे आग पर काबू पाने का पूरा प्रयास किया लेकिन आग बुझाते-बुझाते डेढ़ घंटे से भी अधिक समय लग गया। जब ग्रामीणों ने आग पर काबू पाया तब तक छह परिवारों की गृहस्थी जलकर राख हो चुकी थी। ग्रामीणों में सूचना के बावजूद समय पर फायर ब्रिगेड का दस्ता न पहुंचने पर लोगों में आक्रोश दिखा।
विज्ञापन
जब फायर ब्रिगेड पहुंचा तो आग बुझ चुकी थी और सिर्फ धुआं उठ रहा था। पीड़ित परिवार के सदस्य आग बुझने के बाद बचे सामानों को तलाशते नजर आ रहे थे। आग की चपेट में आने से उमाशंकर के घर में बंधी एक गाय की जलकर मौत हो गई और तीन गाय बुरी तरह झुलस गई।
तेज हवा के चलते आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को घरों में रखा सामान बचाने का मौका भी नहीं मिल सका। पीड़ित परिवारों का घर में रखा सभी सामान, कपड़ा, अनाज, जलकर राख हो गया। पशु चिकित्साधिकारी डॉ. अजय कुमार ने गंभीर रूप से झुलसी गायों का उपचार किया। एसडीएम दीपा अग्रवाल ने बताया कि लेखपाल को भेजकर रिपोर्ट मंगवाई जा रही है।