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मंडलीय अस्पताल में दवाओं का अकाल
फैजाबाद/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 18 Nov 2015 10:55 PM IST
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मंडलीय चिकित्सालय में मरीज आएं भी तो कैसे। यहां पर जरूरी दवाएं तक नहीं है। और तो और अभी तक शासन से नियमित सीएमएस की तैनाती भी नहीं है।
बुधवार को मंडलीय चिकित्सालय में टीकाकरण के लिए हैरिंग्टनगंज पीएचसी से संबद्ध एएनएम अर्चना यादव की तबियत खराब हो गई तो अस्पताल में पेट दर्द की दवा नहीं मिली। अर्चना दर्द से कराह रही थी।
डा. तृप्ती सिन्हा ने चिकित्सा अधीक्षक डा. अरविंद सिंह से साथी कर्मचारी के तबियत खराब होने की शिकायत की। साथ ही यह भी बताया कि अस्पताल में दवा नहीं है।
इस पर डा. अरविंद सिंह ने बाहर से इंजेक्शन मंगवाकर एएनएम को लगवाया। तब जाकर पीड़ित कर्मचारी को पेट दर्द से आराम मिला।
चिकित्सा अधीक्षक डा. अरविंद ने बताया कि अभी तक सीएमओ द्वारा आपूर्ति की गई दवाओं से अस्पताल का संचालन किया जा रहा था। जब भी दवाओं की कमी थी, अब और कमी हो गई है। अस्पताल में जरूरी दवाएं नहीं है।
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बुधवार को मंडलीय चिकित्सालय में टीकाकरण के लिए हैरिंग्टनगंज पीएचसी से संबद्ध एएनएम अर्चना यादव की तबियत खराब हो गई तो अस्पताल में पेट दर्द की दवा नहीं मिली। अर्चना दर्द से कराह रही थी।
डा. तृप्ती सिन्हा ने चिकित्सा अधीक्षक डा. अरविंद सिंह से साथी कर्मचारी के तबियत खराब होने की शिकायत की। साथ ही यह भी बताया कि अस्पताल में दवा नहीं है।
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इस पर डा. अरविंद सिंह ने बाहर से इंजेक्शन मंगवाकर एएनएम को लगवाया। तब जाकर पीड़ित कर्मचारी को पेट दर्द से आराम मिला।
चिकित्सा अधीक्षक डा. अरविंद ने बताया कि अभी तक सीएमओ द्वारा आपूर्ति की गई दवाओं से अस्पताल का संचालन किया जा रहा था। जब भी दवाओं की कमी थी, अब और कमी हो गई है। अस्पताल में जरूरी दवाएं नहीं है।
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