फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ayodhya News ›   Deepotsav will also give message of harmony

समरसता का भी संदेश देगा दीपोत्सव

Fri, 21 Oct 2022 11:48 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Fri, 21 Oct 2022 11:48 PM IST
विज्ञापन
Deepotsav will also give message of harmony
अयोध्या। रामनगरी के दीपोत्सव में श्रीराम की मर्यादा भी झलकेगी। श्रीराम ने अपने जीवन में जिस तरह शबरी, जटायु, निषादराज केवट आदि को गले लगाकर समरसता का संदेश दिया था, दीपोत्सव के जरिए भी यही संदेश देने की कोशिश है। इस बार उत्साह कई गुना बढ़ गया है क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दीपोत्सव में शामिल हो रहे हैं, वह श्रीराम का राजतिलक करेंगे। सभी धर्मों के लोग उत्सव की तैयारी में जुटे हैं, इनका कहना है कि पीएम मोदी के आने से न सिर्फ भव्यता को नया आयाम मिलेगा, बल्कि वैश्विक पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
विज्ञापन

योगी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला दीपोत्सव ऐतिहासिक होने जा रहा है। 23 अक्तूबर को रामकथा पार्क में जब पीएम नरेंद्र मोदी राज्याभिषेक समारोह में भगवान श्रीराम का तिलक करेंगे तो नया इतिहास लिखा जाएगा। इसके साथ ही अयोध्या की सांझी विरासत भी पुष्ट होगी। दीपोत्सव के दिन पूरी अयोध्या अनुष्ठान मय होगी तो मठ-मंदिर, चौक-चौराहे, घाटों से लेकर घर-घर दीप जलेंगे। भूमि पूजन जाति-मजहब की दीवारें भी तोड़ता नजर आएगा। क्योंकि पीएम मोदी के आने से दीपोत्सव के उल्लास से हर कोई जुड़ने को आतुर है।
विज्ञापन

साधु-संतों समेत हिंदू समाज तो उत्साहित है ही, मुस्लिम, सिख, जैन धर्म के लोग भी इस उत्सव में सहभागिता निभाएंगे। सभी दीप जलाने की तैयारी में जुटे हैं। इनका कहना है कि ये देखकर खुशी हो रही है कि अयोध्या की पहचान अब विवाद नहीं बल्कि सौहार्द व विकास हो गई है। दीपोत्सव जैसे आयोजन ने रामनगरी की महिमा को नया आयाम दिया है तो पीएम मोदी के उत्सव में शामिल होने से इसको ग्लोबल ख्याति मिलेगी और रामनगरी में वैश्विक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। इसका सीधा लाभ अयोध्या की अवाम को मिलेगा, जिससे हर वर्ग के लोग उत्साहित हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

गुरुद्वारा नजरबाग के मुख्यग्रंथी सरदार महेंद्र सिंह कहते हैं कि श्रीराम को किसी जाति-धर्म की सीमा में नहीं बांधा जा सकता। वे जन-जन के राम हैं। दीपोत्सव ने अयोध्या को नई पहचान दी है। इस बार पीएम नरेंद्र मोदी आ रहे हैं तो उनका स्वागत अभिनंदन भी हमारा धर्म है, यही राम की मर्यादा भी है। इसलिए दीपोत्सव में गुरुद्वारा को भी आलोकित किया जाएगा, अखंड पाठ कर अयोध्या की तरक्की व देश में सुख-शांति की कामना करेंगे।
जैन समाज भी अयोध्या की कीर्ति पताका लहराता देख प्रसन्न है। दिगंबर जैन मंदिर के पीठाधीश स्वामी रवींद्र कीर्ति बोले कि- धर्म नीति के साथ राजनीति सदैव जनहितकारी होती है। दीपोत्सव में पीएम का आगमन खुशियों भरा है। अयोध्या जैन धर्म की भी शाश्वत तीर्थ भूमि है। प्रथम तीर्थंकर ऋषभदेव की जन्मभूमि भी है। ऐसे में नवीन आकार ले रही अयोध्या व पीएम के आगमन की खुशी हम सभी व्यक्त करेंगे।

इकबाल अंसारी ने भी पीएम मोदी के अयोध्या आगमन का स्वागत किया है। कहा कि ये वही अयोध्या है, जहां नेता आने से परहेज करते थे, आज पीएम, सीएम, राष्ट्रपति सब आ रहे हैं। अब अयोध्या की स्थिति बदल रही है, रोजगार के अवसर बन रहे हैं, तरक्की का मार्ग खुल रहा है। पीएम के आने से पर्यटन की संभावना को और धार मिलेगी। ये खुशी मनाने का ही समय है, हम भी दीप जलाएंगे, उल्लास प्रकट करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed