{"_id":"590e16264f1c1b3473441365","slug":"five-people-arrest-in-ipl-sattebaji","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईपीएल मैच में सट्टेबाजी, पांच गिरफ्तार","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
आईपीएल मैच में सट्टेबाजी, पांच गिरफ्तार
अमर उजाला ब्यूरो/फैजाबाद
Updated Sat, 06 May 2017 11:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आईपीएल क्रिकेट मैच के नाम पर रोजाना हो रहे लाखों के वारेन्यारे के प्रकरण में पुलिस ने पांच सट्टेबाजों को गिरफ्तार किया है। शनिवार को सीओ सिटी विक्रांत वीर ने बताया कि पुलिस को काफी दिनों से आईपीएल मैच में सट्टा लगाने की सूचना मिल रही थी।
इसके चलते नगर कोतवाल एके राय व स्वाट प्रभारी अजय सिंह की टीम ने चौक समेत अन्य हिस्सों में छापेमारी कर कुल पांच लोगों को पकड़ा है। इनके पास से तीन मोबाइल, 29 हजार 900 रुपये तथा नाम-नंबर लिखे रजिस्टर मिले हैं।
प्रकरण में पकड़े गये चौक निवासी रघुनाथ गुप्ता, हैदरगंज चौराहा निवासी आशीष गुप्ता, चेला छावनी रामनगर निवासी राहत अहमद, हैदरगंज मुगलपुरा निवासी अर्जुन कुमार व ठठरइया निवासी शुभम सोनी के खिलाफ कोतवाली पुलिस ने केस दर्ज कराया है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि इन लोगों ने सट्टा लगाने के लिए ग्रुप बना रखा था। व्हाट्सअप तथा व्हाट्सअप कॉल के जरिये आपस में संपर्क किया जाता था। टीमों के स्कोर के अंतिम अंक, कुल स्कोर, चौका-छक्का, टीम के जीत-हार समेत अन्य पर रकम लगाई व लगवाई जाती थी। 55 पर पांच सौ तथा एक सौ 10 पर हजार का भुगतान किया जाता है।
विज्ञापन
इसके चलते नगर कोतवाल एके राय व स्वाट प्रभारी अजय सिंह की टीम ने चौक समेत अन्य हिस्सों में छापेमारी कर कुल पांच लोगों को पकड़ा है। इनके पास से तीन मोबाइल, 29 हजार 900 रुपये तथा नाम-नंबर लिखे रजिस्टर मिले हैं।
विज्ञापन
प्रकरण में पकड़े गये चौक निवासी रघुनाथ गुप्ता, हैदरगंज चौराहा निवासी आशीष गुप्ता, चेला छावनी रामनगर निवासी राहत अहमद, हैदरगंज मुगलपुरा निवासी अर्जुन कुमार व ठठरइया निवासी शुभम सोनी के खिलाफ कोतवाली पुलिस ने केस दर्ज कराया है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि इन लोगों ने सट्टा लगाने के लिए ग्रुप बना रखा था। व्हाट्सअप तथा व्हाट्सअप कॉल के जरिये आपस में संपर्क किया जाता था। टीमों के स्कोर के अंतिम अंक, कुल स्कोर, चौका-छक्का, टीम के जीत-हार समेत अन्य पर रकम लगाई व लगवाई जाती थी। 55 पर पांच सौ तथा एक सौ 10 पर हजार का भुगतान किया जाता है।