{"_id":"126-87127","slug":"Faizabad-87127-126","type":"story","status":"publish","title_hn":"अंधेरे में 15 लाख से अधिक आबादी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अंधेरे में 15 लाख से अधिक आबादी
Faizabad
Updated Tue, 21 Oct 2014 05:31 AM IST
विज्ञापन
फैजाबाद। आंधी बारिश से हुई तबाही से पावर कॉर्पोरेशन अभी तक उबर नहीं पाया है। 48 घंटे बाद भी जुड़वा शहरों के साथ ही ग्रामीण इलाकों में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था ढर्रे पर नहीं लौट पाई है। शहरी इलाकों में कुछ हद तक बिजली आपूर्ति तो बहाल कर दी गई, लेकिन ग्रामीण इलाकों में आपूर्ति बहाल करने की जद्दोजहद अभी भी जारी है। जिले भर में लगभग 15 लाख की आबादी अभी भी अंधेरे में है। तबाही का आलम यह है कि दो दिनों बाद भी पावर कार्पोरेशन के अफसर व कर्मचारियों की टीमें नुकसान का आंकलन नहीं कर सकी है। जिले भर में पावर कार्पोरेशन को डेढ़ से दो करोड़ रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
सोमवार की रात आए आंधी बारिश से शहर समेत ग्रामीण इलाकों में जगह-जगह पेड़ों के विद्युत पोलों व तारों पर गिरने से बिजली आपूर्ति ध्वस्त हो गई। जुड़वा शहरों अयोध्या-फैजाबाद में सोमवार की मध्य रात्रि से गुल हुई बिजली मंगलवार की देर शाम तक जैसे-तैसे बहाल तो कर दी गई, लेकिन कई इलाकों में आपूर्ति अभी भी प्रभावित है। पावर कॉर्पोरेशन के अफसर व कर्मचारियों की टीमों से आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु करने की कोशिशें दूसरे दिन भी जारी है। यही हाल अयोध्या के कई इलाकों में भी है।
उधर ग्रामीण इलाकों में आंधी-पानी से बिजली व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो गई है। सैकड़ों पोल टूट गए, तो कई ट्रांसफार्मर फुंक गए हैं। हाईटेंशन लाइन के साथ ही सामान्य लाइनें भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं। कॉर्पोरेशन स्तर पर इनकों बहाल करने की कवायद बुधवार की देर शाम तक जारी रही, लेकिन अभी तक ग्रामीण क्षेत्रों में सर्वाधिक इलाके अंधेरे में डूबे हैं। बीकापुर तहसील क्षेत्र में सर्वाधिक तबाही बताई जा रही है। सब स्टेशन बीकापुर, मंगारी, तारुन, गौरा, कोला लाल खां से जुड़े सभी गांवों में करीब सात लाख की आबादी अंधेरे में है।
विज्ञापन
दर्शननगर प्रेषण खंड से ही मसौधा लाइन क्षतिग्रस्त होने से आपूर्ति बंद है। एडीओ पंकज तिवारी ने बताया कि करीब 30 लाख का नुकसान हुआ है, आकलन के लिए अभी कई गांवों में गिरे पोल व तार की जानकारी संकलित कराई जा रही है। तारुन में तीने दिनों से गुल हुई बिजली के दर्शन आज भी नहीं हुए। दर्जनों जगह विद्युत पोल उखड़ गए, बिजली के तार टूटे पड़े हैं। बुधवार को दिन भर कर्मचारी काम करते रहे, लेकिन शाम तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई। अवर अभियंता जेपी गुप्ता ने बताया कि पहले तो 33 केवीए की लाइन ठीक करके उसे दुरुस्त किया जा रहा है। इसके बाद 11 हजार व 440 केवीए की लाइन ठीक की जाएगी।
विज्ञापन
सोमवार की रात आए आंधी बारिश से शहर समेत ग्रामीण इलाकों में जगह-जगह पेड़ों के विद्युत पोलों व तारों पर गिरने से बिजली आपूर्ति ध्वस्त हो गई। जुड़वा शहरों अयोध्या-फैजाबाद में सोमवार की मध्य रात्रि से गुल हुई बिजली मंगलवार की देर शाम तक जैसे-तैसे बहाल तो कर दी गई, लेकिन कई इलाकों में आपूर्ति अभी भी प्रभावित है। पावर कॉर्पोरेशन के अफसर व कर्मचारियों की टीमों से आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु करने की कोशिशें दूसरे दिन भी जारी है। यही हाल अयोध्या के कई इलाकों में भी है।
विज्ञापन
उधर ग्रामीण इलाकों में आंधी-पानी से बिजली व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो गई है। सैकड़ों पोल टूट गए, तो कई ट्रांसफार्मर फुंक गए हैं। हाईटेंशन लाइन के साथ ही सामान्य लाइनें भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं। कॉर्पोरेशन स्तर पर इनकों बहाल करने की कवायद बुधवार की देर शाम तक जारी रही, लेकिन अभी तक ग्रामीण क्षेत्रों में सर्वाधिक इलाके अंधेरे में डूबे हैं। बीकापुर तहसील क्षेत्र में सर्वाधिक तबाही बताई जा रही है। सब स्टेशन बीकापुर, मंगारी, तारुन, गौरा, कोला लाल खां से जुड़े सभी गांवों में करीब सात लाख की आबादी अंधेरे में है।
विज्ञापन
दर्शननगर प्रेषण खंड से ही मसौधा लाइन क्षतिग्रस्त होने से आपूर्ति बंद है। एडीओ पंकज तिवारी ने बताया कि करीब 30 लाख का नुकसान हुआ है, आकलन के लिए अभी कई गांवों में गिरे पोल व तार की जानकारी संकलित कराई जा रही है। तारुन में तीने दिनों से गुल हुई बिजली के दर्शन आज भी नहीं हुए। दर्जनों जगह विद्युत पोल उखड़ गए, बिजली के तार टूटे पड़े हैं। बुधवार को दिन भर कर्मचारी काम करते रहे, लेकिन शाम तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई। अवर अभियंता जेपी गुप्ता ने बताया कि पहले तो 33 केवीए की लाइन ठीक करके उसे दुरुस्त किया जा रहा है। इसके बाद 11 हजार व 440 केवीए की लाइन ठीक की जाएगी।