{"_id":"595699af4f1c1b69048b4c03","slug":"201498847663-faizabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अंतिम व्यक्ति के विकास से देश का विकास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अंतिम व्यक्ति के विकास से देश का विकास
Updated Sat, 01 Jul 2017 12:20 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
‘अंतिम व्यक्ति के विकास से देश का विकास’
पं. दीनदयाल उपाध्याय जन्मशती समारोह का समापन
अमर उजाला ब्यूरो
फैजाबाद। पं. दीनदयाल उपाध्याय जन्मशती पर आयोजित तीन दिवसीय कार्यक्रम के अंतिम दिन उनके जीवन दर्शन पर चर्चा हुई। वक्ताओं ने कहा कि पं. उपाध्याय ने कहा था कि देश के अंतिम व्यक्ति के विकास से ही देश का विकास संभव है। इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुआ।
ब्लॉक मसौधा परिसर में आयोजित प्रदर्शनी, मेला एवं गोष्ठी के समापन अवसर पर बीडीओ पुष्पा वर्मा ने कहा कि पं. दीनदयाल उपाध्याय का कहना था हमारी राष्ट्रीयता का आधार भारत माता है केवल भारत नहीं। माता शब्द से विच्छेद होते ही भारत केवल एक भूखंड रह जाएगा। निवासियों, देशवासियों का ममत्व तो माता वाले संबंध से ही जुड़ता है। उन लोगों का प्रेम ही देश भक्ति कहलाता है जो पुत्र के रूप में अपने देश से संबद्ध है। यही देश भक्ति अमरत्व प्राप्त करती है। कहा कि उनकी सोच हमेशा गरीबों और शोषित व्यक्तियों के प्रति रही है। हमेशा लक्ष्य अंत्योदय, प्रण अंत्योदय एवं पथ अंत्योदय का नारा देकर गरीबों एवं शोषित व्यक्तियों उत्थान के लिए जोर दिया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र का पूर्ण विकास तभी संभव है जब देश के अंतिम व्यक्ति सशक्त होगा। मेला, गोष्ठी एवं प्रदर्शनी के समापन की घोषणा करते हुए विभागों से लगाई गई प्रदर्शनी के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। सांस्कृतिक दल श्रीमंत आसावरी एंड पार्टी द्वारा पं. दीनदयाल की जीवन दर्शन और वर्तमान सरकार के 100 दिन की उपलब्धियों को गीत एवं संगीत से व्यक्त किया। कार्यक्रम में एडीओ कोऑपरेटिव उमेश कुमार यादव, एसटी कृष्ण कुमार, आईएसबी अशोक सिंह, पंचायत विष्णु नारायण दुबे, कर्मचारियों के साथ सूचना विभाग के विनय कुमार वर्मा, लेखाकार अवधेश कुमार मौजूद थे।
विज्ञापन
पं. दीनदयाल उपाध्याय जन्मशती समारोह का समापन
अमर उजाला ब्यूरो
फैजाबाद। पं. दीनदयाल उपाध्याय जन्मशती पर आयोजित तीन दिवसीय कार्यक्रम के अंतिम दिन उनके जीवन दर्शन पर चर्चा हुई। वक्ताओं ने कहा कि पं. उपाध्याय ने कहा था कि देश के अंतिम व्यक्ति के विकास से ही देश का विकास संभव है। इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुआ।
ब्लॉक मसौधा परिसर में आयोजित प्रदर्शनी, मेला एवं गोष्ठी के समापन अवसर पर बीडीओ पुष्पा वर्मा ने कहा कि पं. दीनदयाल उपाध्याय का कहना था हमारी राष्ट्रीयता का आधार भारत माता है केवल भारत नहीं। माता शब्द से विच्छेद होते ही भारत केवल एक भूखंड रह जाएगा। निवासियों, देशवासियों का ममत्व तो माता वाले संबंध से ही जुड़ता है। उन लोगों का प्रेम ही देश भक्ति कहलाता है जो पुत्र के रूप में अपने देश से संबद्ध है। यही देश भक्ति अमरत्व प्राप्त करती है। कहा कि उनकी सोच हमेशा गरीबों और शोषित व्यक्तियों के प्रति रही है। हमेशा लक्ष्य अंत्योदय, प्रण अंत्योदय एवं पथ अंत्योदय का नारा देकर गरीबों एवं शोषित व्यक्तियों उत्थान के लिए जोर दिया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र का पूर्ण विकास तभी संभव है जब देश के अंतिम व्यक्ति सशक्त होगा। मेला, गोष्ठी एवं प्रदर्शनी के समापन की घोषणा करते हुए विभागों से लगाई गई प्रदर्शनी के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। सांस्कृतिक दल श्रीमंत आसावरी एंड पार्टी द्वारा पं. दीनदयाल की जीवन दर्शन और वर्तमान सरकार के 100 दिन की उपलब्धियों को गीत एवं संगीत से व्यक्त किया। कार्यक्रम में एडीओ कोऑपरेटिव उमेश कुमार यादव, एसटी कृष्ण कुमार, आईएसबी अशोक सिंह, पंचायत विष्णु नारायण दुबे, कर्मचारियों के साथ सूचना विभाग के विनय कुमार वर्मा, लेखाकार अवधेश कुमार मौजूद थे।
विज्ञापन