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करें यातायात नियम का पालन, नहीं तो कटेगा ई चालान
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करें यातायात नियम का पालन, नहीं तो कटेगा ई-चालान
अयोध्या। अब आपने अगर यातायात नियमों का पालन नहीं किया तो अब आपको रोका नहीं जाएगा, लेकिन आपका चालान भी हो जाएगा। शहर की सड़कों पर लोगों द्वारा यातायात नियम तोड़ना कोई नई बात नहीं है।
कानून तोड़ने पर ट्रैफिक पुलिस लोगों का चालान भी करती है। पहले ये चालान पुलिस व परिवहन कर्मियों द्वारा चालान बुक से किया जाता था, अब इसके साथ ई-चालान की भी सुविधा भी शुरू कर दी गई है।
यह व्यवस्था प्रदेश के 10 जिलों में शुरू की गई है, इनमें अयोध्या जनपद भी शामिल है। इसके तहत नियमों को तोड़ने वालों की एक फोटो क्लिक होगी और बाद में उन्हें मोबाइल पर चालान होने का मैसेज मिल जाएगा।
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इस चालान को आप ऑनलाइन व ट्रैफिक कार्यालय में जाकर भर सकते हैं। चालान नहीं भरने पर आपको कोर्ट से सम्मन भी मिलेगा। उत्तर प्रदेश ट्रैफिक पुलिस भी बदलते वक्त के साथ बदल रही है।
चालान के लिए अब पुलिसकर्मियों को विशेष ऐप दिया गया है। इससे ई-चालान करने में उन्हें आसानी होगी। इलेट्रॉनिक चालान यानी एक बार ई-चालान के शिकार हुए तो ऐप में सारा डेटा मौजूद होगा।
ऐसे में सीरियल ऑफेंडर पर सख्त कानूनी कार्रवाई करने में आसानी होगी। ऐप में हर वाहन मालिक की सूचना दर्ज है। गाड़ी नंबर डालते ही सारी जानकारी आ जाएगी। यही नहीं ऐप में हर नियम तोड़ने के जुर्माने की रकम पहले से ही तय है।
एसपी सिटी अनिल सिंह सिसौदिया ने बताया कि प्रदेश के 10 जिलों में ई चालान की सुविधा शुरू की गई है। इसमें अयोध्या जनपद भी शामिल है। इसके लिए सभी थाना व चौकी प्रभारियों को जल्द ही ट्रेनिंग दी जाएगी।
बताया कि जिले में ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को ये ऐप उपलब्ध करा दिया गया है। चार दिनों में करीब 300 लोगों के ई चालान किए भी जा चुके हैं। वहीं अयोध्या-फैजाबाद जुड़वा शहर की यातायात व्यवस्था की हालत खस्ताहाल है।
इसके चलते शहर के सभी चौक चौराहों पर जाम लगा रहता है। वहीं शहर के एकमात्र चौराहे रिकाबगंज को छोड़कर कही भी ट्रैफिक सिग्नल लाइट नहीं लगी हुई है। इसके अलावा ट्रैफिक कर्मियों की संख्या भी कम है।
वहीं शहर में एक भी पार्किंग नहीं होने के कारण वाहन सड़क किनारे ही खड़े किए जाते हैं। सुविधाएं नहीं होने के बाद भी लोगों को पहले भी चालान होने का खतरा मंडराता था, जो अब ई-चालान से और बढ़ जाएगा।
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अयोध्या। अब आपने अगर यातायात नियमों का पालन नहीं किया तो अब आपको रोका नहीं जाएगा, लेकिन आपका चालान भी हो जाएगा। शहर की सड़कों पर लोगों द्वारा यातायात नियम तोड़ना कोई नई बात नहीं है।
कानून तोड़ने पर ट्रैफिक पुलिस लोगों का चालान भी करती है। पहले ये चालान पुलिस व परिवहन कर्मियों द्वारा चालान बुक से किया जाता था, अब इसके साथ ई-चालान की भी सुविधा भी शुरू कर दी गई है।
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यह व्यवस्था प्रदेश के 10 जिलों में शुरू की गई है, इनमें अयोध्या जनपद भी शामिल है। इसके तहत नियमों को तोड़ने वालों की एक फोटो क्लिक होगी और बाद में उन्हें मोबाइल पर चालान होने का मैसेज मिल जाएगा।
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इस चालान को आप ऑनलाइन व ट्रैफिक कार्यालय में जाकर भर सकते हैं। चालान नहीं भरने पर आपको कोर्ट से सम्मन भी मिलेगा। उत्तर प्रदेश ट्रैफिक पुलिस भी बदलते वक्त के साथ बदल रही है।
चालान के लिए अब पुलिसकर्मियों को विशेष ऐप दिया गया है। इससे ई-चालान करने में उन्हें आसानी होगी। इलेट्रॉनिक चालान यानी एक बार ई-चालान के शिकार हुए तो ऐप में सारा डेटा मौजूद होगा।
ऐसे में सीरियल ऑफेंडर पर सख्त कानूनी कार्रवाई करने में आसानी होगी। ऐप में हर वाहन मालिक की सूचना दर्ज है। गाड़ी नंबर डालते ही सारी जानकारी आ जाएगी। यही नहीं ऐप में हर नियम तोड़ने के जुर्माने की रकम पहले से ही तय है।
एसपी सिटी अनिल सिंह सिसौदिया ने बताया कि प्रदेश के 10 जिलों में ई चालान की सुविधा शुरू की गई है। इसमें अयोध्या जनपद भी शामिल है। इसके लिए सभी थाना व चौकी प्रभारियों को जल्द ही ट्रेनिंग दी जाएगी।
बताया कि जिले में ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को ये ऐप उपलब्ध करा दिया गया है। चार दिनों में करीब 300 लोगों के ई चालान किए भी जा चुके हैं। वहीं अयोध्या-फैजाबाद जुड़वा शहर की यातायात व्यवस्था की हालत खस्ताहाल है।
इसके चलते शहर के सभी चौक चौराहों पर जाम लगा रहता है। वहीं शहर के एकमात्र चौराहे रिकाबगंज को छोड़कर कही भी ट्रैफिक सिग्नल लाइट नहीं लगी हुई है। इसके अलावा ट्रैफिक कर्मियों की संख्या भी कम है।
वहीं शहर में एक भी पार्किंग नहीं होने के कारण वाहन सड़क किनारे ही खड़े किए जाते हैं। सुविधाएं नहीं होने के बाद भी लोगों को पहले भी चालान होने का खतरा मंडराता था, जो अब ई-चालान से और बढ़ जाएगा।