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लोको रनिंग स्टॉफ ने शुरू किया उपवास
Updated Tue, 17 Jul 2018 11:32 PM IST
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लोको रनिंग स्टाफ ने शुरू किया उपवास
फैजाबाद। लोक रंनिग स्टाफ एसोसिएशन ने फैजाबाद रेलवे स्टेशन पर 19 जुलाई तक चलने वाले उपवास आंदोलन को शुरू किया।
आंदोलनकारी रेल विभाग से रनिंग भत्ते को आरएसी 1980 के फार्मूले से शीघ्र निर्धारण करने और आरबीई 2018 के विसंगति आदेश में व्याप्त लोको रनिंग स्टाफ पेंशनर्स के लिए पेंशन में असमानता को सही करने की मांग कर रहे हैं। उपवास का नेतृत्व शाखा सचिव सभाजीत यादव ने किया। वक्ताओं ने कहा कि दूसरे रेल कर्मियों की भांति रेलवे के लोको पायलट और गार्ड को भी भत्ता दिया जाता है जिसे रनिंग भत्ता कहा जाता है इस भत्ते को इनके वेतन के 30 फीसदी तक के हिस्से और देय टीम के हिस्से को मिलाकर बनाया जाता है। यह भत्ता ट्रेन संचालन में दूरी में तय किमी के हिसाब से आरएसी 1980 फार्मूला के अनुसार तय दर से दिया जाता है। जब भी टीए की दर संशोधित या बढ़ाई जाती है रनिंग भत्ते की दर भी बढ़ाई जाती है। यह विधि पिछले 38 सालों तक अपनाई गयी लेकिन अब रेलवे प्रशासन भेदभाव कर रहा है।
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फैजाबाद। लोक रंनिग स्टाफ एसोसिएशन ने फैजाबाद रेलवे स्टेशन पर 19 जुलाई तक चलने वाले उपवास आंदोलन को शुरू किया।
आंदोलनकारी रेल विभाग से रनिंग भत्ते को आरएसी 1980 के फार्मूले से शीघ्र निर्धारण करने और आरबीई 2018 के विसंगति आदेश में व्याप्त लोको रनिंग स्टाफ पेंशनर्स के लिए पेंशन में असमानता को सही करने की मांग कर रहे हैं। उपवास का नेतृत्व शाखा सचिव सभाजीत यादव ने किया। वक्ताओं ने कहा कि दूसरे रेल कर्मियों की भांति रेलवे के लोको पायलट और गार्ड को भी भत्ता दिया जाता है जिसे रनिंग भत्ता कहा जाता है इस भत्ते को इनके वेतन के 30 फीसदी तक के हिस्से और देय टीम के हिस्से को मिलाकर बनाया जाता है। यह भत्ता ट्रेन संचालन में दूरी में तय किमी के हिसाब से आरएसी 1980 फार्मूला के अनुसार तय दर से दिया जाता है। जब भी टीए की दर संशोधित या बढ़ाई जाती है रनिंग भत्ते की दर भी बढ़ाई जाती है। यह विधि पिछले 38 सालों तक अपनाई गयी लेकिन अब रेलवे प्रशासन भेदभाव कर रहा है।