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Etawah News: 13 बीघा जमीन के विवाद में कर दी थी सौतेले चाचा और दादी की हत्या
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- आरोपी आशू, प्रांशु की दादी रामपूति ने की थी दो शादियां
- एक पति के बेटे थे आशू, प्रांशु के पति, दूसरे पति के बेटा था मृतक चाचा
संवाद न्यूज एजेंसी
इटावा। 13 बीघा जमीन के विवाद में दादी और सौतेले चाचा की 21 अक्तूबर 2023 को ग्राम ढुलबजा में दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। खेत की मिट्टी 50 हजार रुपये बीघा उठवाने के बाद दोनों पक्षों के बीच में विवाद बढ़ गया था।
मृतका रामपूति की दो शादियां हुई थीं। पहली पति से बेटा अरविंद था। वहीं दूसरे शादी के बाद बेटे अमित और शिवकुमार को जन्म दिया था। अरविंद की मौत हो गई थी। अरविंद के बेटे सत्यवीर और आशु थे। मृतका बेटे अमित के पास ही रहती थी। पैतृक 13 बीघा जमीन के लिए रामपूति के बेटों और उसके सौतेले भतीजों में तनातनी रहती थी। सत्यवीर और आशु अपना हिस्सा मांग रहे थे। इस बीच अमित ने खेत से मिट्टी उठवानी शुरू कर दी थी। इसके एवज में एक भट्ठा संचालक से प्रति बीघा 50 हजार रुपये लेना तय हुआ था। 2.65 लाख रुपये ले भी लिए गए थे। इसके विरोध में ही 23 अक्तूबर को खेत पर ही विवाद हो गया था और आक्रोशित भतीजों ने हत्या कर दी थी। बचाने आई दादी को भी मार डाला था।
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- एक पति के बेटे थे आशू, प्रांशु के पति, दूसरे पति के बेटा था मृतक चाचा
संवाद न्यूज एजेंसी
इटावा। 13 बीघा जमीन के विवाद में दादी और सौतेले चाचा की 21 अक्तूबर 2023 को ग्राम ढुलबजा में दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। खेत की मिट्टी 50 हजार रुपये बीघा उठवाने के बाद दोनों पक्षों के बीच में विवाद बढ़ गया था।
मृतका रामपूति की दो शादियां हुई थीं। पहली पति से बेटा अरविंद था। वहीं दूसरे शादी के बाद बेटे अमित और शिवकुमार को जन्म दिया था। अरविंद की मौत हो गई थी। अरविंद के बेटे सत्यवीर और आशु थे। मृतका बेटे अमित के पास ही रहती थी। पैतृक 13 बीघा जमीन के लिए रामपूति के बेटों और उसके सौतेले भतीजों में तनातनी रहती थी। सत्यवीर और आशु अपना हिस्सा मांग रहे थे। इस बीच अमित ने खेत से मिट्टी उठवानी शुरू कर दी थी। इसके एवज में एक भट्ठा संचालक से प्रति बीघा 50 हजार रुपये लेना तय हुआ था। 2.65 लाख रुपये ले भी लिए गए थे। इसके विरोध में ही 23 अक्तूबर को खेत पर ही विवाद हो गया था और आक्रोशित भतीजों ने हत्या कर दी थी। बचाने आई दादी को भी मार डाला था।
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