{"_id":"6ad117fb37e14c59f1006ad4","slug":"refusing-to-admit-defeat-ajay-passed-two-examinations-simultaneously-etawah-news-c-216-1-etw1012-151538-2026-10-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etawah News: नहीं मानी हार, अजय ने एक साथ पास कीं दो परीक्षाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etawah News: नहीं मानी हार, अजय ने एक साथ पास कीं दो परीक्षाएं
Thu, 15 Oct 2026 11:44 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
Updated Thu, 15 Oct 2026 11:44 PM IST
विज्ञापन
फोटो: 34 एक साथ दो परीक्षा पास करने वाले अजय कुमार। स्रोत स्वयं
ताखा। क्षेत्र के अमथरी गांव निवासी अजय कुमार ने मेहनत और लगन के दम पर उत्तर प्रदेश जेल पुलिस और एसएससी जीडी असम राइफल्स की परीक्षाएं एक साथ पास की है। लगातार दो बार पुलिस परीक्षाओं में निराशा हाथ लगने के बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और अपने लक्ष्य की ओर बढ़ते रहे। दोनों परीक्षाओं में चयन होने से परिवार में खुशी का माहौल है।
अजय कुमार ने बताया कि सफलता हासिल करने के लिए उन्होंने कड़ी मेहनत के साथ पढ़ाई की। तैयारी के दौरान घर के कामों की जिम्मेदारी भी निभाई। दोनों परीक्षाओं की तैयारी एक साथ करना चुनौतीपूर्ण था, लेकिन उन्होंने मुश्किलों को अपनी राह में बाधा नहीं बनने दिया। नियमित पढ़ाई और लगातार प्रयास के बल पर आखिरकार उन्हें सफलता मिल गई।
अजय ने बताया कि वह उत्तर प्रदेश जेल पुलिस की नौकरी करना चाहते हैं। इसी कारण उन्होंने असम राइफल्स में चयन के बावजूद वहां नियुक्ति नहीं लेने का निर्णय लिया है। अजय की सफलता से परिवार के लोगों में उत्साह है। बेटे की उपलब्धि पर पिता सुमनेश शाक्य, मां सुनीता देवी, दादा रामप्रकाश, ताऊ चंद्रशेखर और चाचा दुर्गेश कुमार ने खुशी जताई।
विज्ञापन
विज्ञापन
अजय कुमार ने बताया कि सफलता हासिल करने के लिए उन्होंने कड़ी मेहनत के साथ पढ़ाई की। तैयारी के दौरान घर के कामों की जिम्मेदारी भी निभाई। दोनों परीक्षाओं की तैयारी एक साथ करना चुनौतीपूर्ण था, लेकिन उन्होंने मुश्किलों को अपनी राह में बाधा नहीं बनने दिया। नियमित पढ़ाई और लगातार प्रयास के बल पर आखिरकार उन्हें सफलता मिल गई।
विज्ञापन
अजय ने बताया कि वह उत्तर प्रदेश जेल पुलिस की नौकरी करना चाहते हैं। इसी कारण उन्होंने असम राइफल्स में चयन के बावजूद वहां नियुक्ति नहीं लेने का निर्णय लिया है। अजय की सफलता से परिवार के लोगों में उत्साह है। बेटे की उपलब्धि पर पिता सुमनेश शाक्य, मां सुनीता देवी, दादा रामप्रकाश, ताऊ चंद्रशेखर और चाचा दुर्गेश कुमार ने खुशी जताई।
विज्ञापन