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पोर्टल कानून से लटक जाएंगे दवा दुकानों पर ताले
अमर उजाला ब्यूरो इटावा
Updated Sat, 01 Apr 2017 11:46 PM IST
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प्रेसवार्ता करते केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष उमाकांत जैन।
- फोटो : अमर उजाला
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इटावा केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन ने दवा व्यवसाय के लिए बनाए जा रहे पोर्टल कानून को छोटे व्यापारियों का विरोधी बताया। कहा कि इससे बड़ी संख्या में दवा की दुकानों पर ताले लटक जाएंगे। एसोसिएशन ने शासन से इस कानून को लागू न करने की मांग कर पहले व्यवस्था सुधारने को कहा है।
शनिवार को प्रेसवार्ता में केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष उमाकांत जैन और जिला महामंत्री मनु गुप्ता ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा दवा व्यवसाइयों के लिए नया पोर्टल कानून लाया जा रहा है। इसके तहत सभी पंजीकृत दवा कारोबारियों को पोर्टल पर पंजीकरण कराना होगा। प्रतिदिन के क्रय विक्रय को इस पर अपलोड करना होगा। प्रति बिल पर निश्चित शुल्क भी अदा करना होगा। ये कानून पूरी तरह से अव्यवहारिक है। इसके लागू होने पर देश की सवा सौ करोड़ जनता प्रभावित होगी। एसोसिएशन ने मांग की कि आई पोर्टल, ऑनलाइन दवा बिक्री, फार्मासिस्ट की अनिवार्यता जैसे नए कानूनों पर विचार किया जाए। प्रेसवार्ता में एसोसिएशन के अरुण वर्मा, कोषाध्यक्ष नवीन मेहरोत्रा, राजेश तिवारी, रामजी गुप्ता, ऋषभ अग्रवाल, अंकित सिंघल, यश मित्तल आदि मौजूद रहे।
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शनिवार को प्रेसवार्ता में केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष उमाकांत जैन और जिला महामंत्री मनु गुप्ता ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा दवा व्यवसाइयों के लिए नया पोर्टल कानून लाया जा रहा है। इसके तहत सभी पंजीकृत दवा कारोबारियों को पोर्टल पर पंजीकरण कराना होगा। प्रतिदिन के क्रय विक्रय को इस पर अपलोड करना होगा। प्रति बिल पर निश्चित शुल्क भी अदा करना होगा। ये कानून पूरी तरह से अव्यवहारिक है। इसके लागू होने पर देश की सवा सौ करोड़ जनता प्रभावित होगी। एसोसिएशन ने मांग की कि आई पोर्टल, ऑनलाइन दवा बिक्री, फार्मासिस्ट की अनिवार्यता जैसे नए कानूनों पर विचार किया जाए। प्रेसवार्ता में एसोसिएशन के अरुण वर्मा, कोषाध्यक्ष नवीन मेहरोत्रा, राजेश तिवारी, रामजी गुप्ता, ऋषभ अग्रवाल, अंकित सिंघल, यश मित्तल आदि मौजूद रहे।
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