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Etawah News: एक्सरे के लिए परेशान होते हैं चोटिल मरीज, अल्ट्रासाउंड की भी सुविधा नहीं
Thu, 15 Oct 2026 11:28 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
Updated Thu, 15 Oct 2026 11:28 PM IST
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फोटो: 12 सीएचसी राजपुर में जांच लैब पर अल्ट्रासॉउन्ड पर्ची लेने के लिए बैठी गर्भवती महिलाएं और
चकरनगर। तहसील क्षेत्र के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र राजपुर में एक्सरे और अल्ट्रासाउंड की सुविधा न होने से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गर्भवती महिलाओं को अल्ट्रासाउंड कराने के लिए 50 से 70 किमी तक की दौड़ लगानी पड़ती है। वहीं दुर्घटना में चोटिल होने या हड्डी संबंधी समस्या होने पर मरीजों को एक्सरे कराने के लिए जिला अस्पताल या भिंड तक जाना पड़ता है। इससे मरीजों का समय और रुपये दोनों खर्च हो रहे हैं। खासकर गर्भवती महिलाओं और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को अधिक परेशानी उठानी पड़ रही है।
सीएचसी में एक्सरे मशीन करीब 10 साल से बंद पड़ी है। ऐसे में किसी दुर्घटना में चोट लगने या हड्डी में फ्रैक्चर की आशंका होने पर मरीजों को बाहर से एक्सरे कराना पड़ता है। इसके लिए जिला अस्पताल या भिंड जाना मजबूरी बन गया है। ऐसे में मजबूरी में निजी लैब पर एक्सरे के लिए लोग चले जाते हैं और इसमें उनके दो हजार रुपये तक खर्च हो जाते हैं। गर्भवती महिलाओं की सीएचसी में अन्य जरूरी जांचें तो हो रही हैं, लेकिन अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं है।
निशुल्क अल्ट्रासाउंड कराने के लिए पहले सीएचसी से वाउचर लेना पड़ता है। इसके बाद करीब 20 किमी दूर बकेवर जाकर निजी अल्ट्रासाउंड केंद्र पर जांच करानी पड़ती है। इस प्रक्रिया में महिलाओं को पूरा दिन परेशान होना पड़ता है। दूरी और भागदौड़ से बचने के लिए कई महिलाएं निजी अस्पतालों में अपने खर्च पर अल्ट्रासाउंड कराने को मजबूर हैं। इससे सरकार की निशुल्क अल्ट्रासाउंड सुविधा का लाभ मरीजों को नहीं मिल पाता है।
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सीएचसी में सुविधा हो तो मिले राहत
चकरनगर निवासी सुषमा देवी का कहना है कि सीएचसी राजपुर में सभी जरूरी जांचें हो जाती हैं, लेकिन अल्ट्रासाउंड के लिए पहले वाउचर लेने और फिर बकेवर जाने में परेशानी होती है। यदि सीएचसी में ही अल्ट्रासाउंड की सुविधा शुरू हो जाए तो महिलाओं को राहत मिलेगी।
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सिरसा निवासी मेवाराम ने बताया कि सीएचसी में इलाज की सुविधा है, लेकिन एक्सरे नहीं होता। बृहस्पतिवार को भाई तिलक सिंह को बाइक से टक्कर लग गई तो एक्सरे के बकेवर जाना पड़ा। इसमें काफी खर्च हो जाता है।
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सीएचसी पर खून की जांच की सुविधा उपलब्ध है लेकिन अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं है। पुरानी एक्सरे मशीन का सामान नहीं मिल रहा है जिससे मरीजों को एक्सरे की सुविधा नहीं मिल पा रही थी। अभी नई डिजिटल एक्सरे मशीन आ गई है। जिससे जल्द एक्सरे शुरू हो जाएंगे।
-डॉ. महेश पाल सिंह, सीएचसी अधीक्षक चकरनगर
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सीएचसी में एक्सरे मशीन करीब 10 साल से बंद पड़ी है। ऐसे में किसी दुर्घटना में चोट लगने या हड्डी में फ्रैक्चर की आशंका होने पर मरीजों को बाहर से एक्सरे कराना पड़ता है। इसके लिए जिला अस्पताल या भिंड जाना मजबूरी बन गया है। ऐसे में मजबूरी में निजी लैब पर एक्सरे के लिए लोग चले जाते हैं और इसमें उनके दो हजार रुपये तक खर्च हो जाते हैं। गर्भवती महिलाओं की सीएचसी में अन्य जरूरी जांचें तो हो रही हैं, लेकिन अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं है।
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निशुल्क अल्ट्रासाउंड कराने के लिए पहले सीएचसी से वाउचर लेना पड़ता है। इसके बाद करीब 20 किमी दूर बकेवर जाकर निजी अल्ट्रासाउंड केंद्र पर जांच करानी पड़ती है। इस प्रक्रिया में महिलाओं को पूरा दिन परेशान होना पड़ता है। दूरी और भागदौड़ से बचने के लिए कई महिलाएं निजी अस्पतालों में अपने खर्च पर अल्ट्रासाउंड कराने को मजबूर हैं। इससे सरकार की निशुल्क अल्ट्रासाउंड सुविधा का लाभ मरीजों को नहीं मिल पाता है।
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सीएचसी में सुविधा हो तो मिले राहत
चकरनगर निवासी सुषमा देवी का कहना है कि सीएचसी राजपुर में सभी जरूरी जांचें हो जाती हैं, लेकिन अल्ट्रासाउंड के लिए पहले वाउचर लेने और फिर बकेवर जाने में परेशानी होती है। यदि सीएचसी में ही अल्ट्रासाउंड की सुविधा शुरू हो जाए तो महिलाओं को राहत मिलेगी।
सिरसा निवासी मेवाराम ने बताया कि सीएचसी में इलाज की सुविधा है, लेकिन एक्सरे नहीं होता। बृहस्पतिवार को भाई तिलक सिंह को बाइक से टक्कर लग गई तो एक्सरे के बकेवर जाना पड़ा। इसमें काफी खर्च हो जाता है।
सीएचसी पर खून की जांच की सुविधा उपलब्ध है लेकिन अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं है। पुरानी एक्सरे मशीन का सामान नहीं मिल रहा है जिससे मरीजों को एक्सरे की सुविधा नहीं मिल पा रही थी। अभी नई डिजिटल एक्सरे मशीन आ गई है। जिससे जल्द एक्सरे शुरू हो जाएंगे।
-डॉ. महेश पाल सिंह, सीएचसी अधीक्षक चकरनगर

फोटो: 12 सीएचसी राजपुर में जांच लैब पर अल्ट्रासॉउन्ड पर्ची लेने के लिए बैठी गर्भवती महिलाएं और

फोटो: 12 सीएचसी राजपुर में जांच लैब पर अल्ट्रासॉउन्ड पर्ची लेने के लिए बैठी गर्भवती महिलाएं और