{"_id":"57ab6f5d4f1c1b2c45ee46a5","slug":"gst-does-not-reject-the-need-to-implement","type":"story","status":"publish","title_hn":"जीएसटी का विरोध नहीं, ढंग से लागू करने की जरूरत ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जीएसटी का विरोध नहीं, ढंग से लागू करने की जरूरत
अमर उजाला ब्यूरो इटावा
Updated Wed, 10 Aug 2016 11:45 PM IST
विज्ञापन
सराफा एसोसिएशन की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में भाग लेते प्रदेश अध्यक्ष महेश चंद्र जैन एवं अन्य पदाधिकारी।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इटावा। सराफा एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष महेश चंद्र जैन ने कहा एसोसिएशन जीएसटी की विरोधी नहीं है। बशर्ते सही ढंग से टैक्स लगाए जाएं। यदि जीएसटी से सराफा व्यापारियों का शोषण हुआ तो व्यापारी विरोध करने के लिए बाध्य होंगे। प्रदेश अध्यक्ष ने बुधवार को एसोसिएशन की प्रदेशीय कार्यकारिणी की बैठक में लिए गए निर्णय की जानकारी दी।
विज्ञापन
प्रदेश अध्यक्ष महेश चंद्र जैन एक मैरिज होम में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा जीएसटी में कोई बुराई नहीं है। हम इसका समर्थन करते हैं, लेकिन सही तरीके से इसे लागू किया जाए। जो एक प्रतिशत टैक्स लग रहा है।
विज्ञापन
जीएसटी का टैक्स उससे मिलता जुलता होना चाहिए। ज्यादा टैक्स थोपा जाएगा तो कर चोरी बढ़ेगी। यदि सराफा व्यापारियों पर अधिक टैक्स लगाया गया तो इसका कड़ा विरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा व्यापारियों का उत्पीड़न किसी भी दशा में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
विज्ञापन
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा टैक्स ऐसा हो जिसे व्यापारी ईमानदारी से जमा करें। सिंगल विंडो सिस्टम लागू किया जाए। उन्होंने कहा सराफा व्यापारियों के साथ आए दिन लूट की घटनाएं हो रही हैं। व्यापारियों की सुरक्षा के लिए एसोसिएशन का प्रतिनिधि मंडल एडीजी से मिला था।
सुरक्षा की मांग की थी। जिस पर उन्होंने आश्वासन दिया था कि प्रदेश में ज्वैलर्स फोर्र्स/सेल गठित कर सराफा व्यापारियों की सुरक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा सराफा एसोसिएशन की मांग है कि जीएसटी में सराफा व्यापारियों के हितों का ध्यान रखा जाए।
उन्हें सुरक्षा मुहैया कराई जाए। प्रेसवार्ता में प्रदेश महामंत्री रवींद्र रस्तोगी, उपाध्यक्ष राजेंद्र मिश्रा, मंत्री मुन्ना मिश्रा, कोषाध्यक्ष रामनाथ सिंह, संरक्षक सूर्य प्रकाश गुप्ता, इटावा के संरक्षक जसवंत सिंह वर्मा, जिलाध्यक्ष श्याम सिंह वर्मा आदि रहे।