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Etawah News: घूमंतू प्रजाति के नेटवर्क से फल-फूल रहा गो-तस्करी का धंधा

Wed, 07 Feb 2024 12:32 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा Updated Wed, 07 Feb 2024 12:32 AM IST
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Cow smuggling business is flourishing due to the network of nomadic species
इटावा। कन्नौज, मैनपुरी समेत आसपास के जिलों के जंगलों से गो तस्कर राजस्थान और मध्यप्रदेश से गाेवंशों को मंगवाने का काम कर रहे हैं। मैनपुरी, कन्नौज और जिले की सीमा तक घुमंतू प्रजाति के लोग अन्य प्रदेशों से कई-कई दिनों में गोवंश हांककर ठिकानों तक पहुंचा रहे हैं। यहां से उन गोवंशों को तस्कर कंटेनरों से भरकर एक्सप्रेसवे के रास्ते बिहार और पश्चिम बंगाल पहुंचाने का काम कर रहे हैं। पकड़े गए गो-तस्करों से क्लू मिलने के बाद अब पुलिस पूरे नेटवर्क को पकड़ने में जुट गई है।
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तीन फरवरी की रात ऊसराहार पुलिस ने कार सवार दो गो तस्करी के आरोपी सगे भाइयों को गिरफ्तार किया। आरोपी भाई गोस मोहम्मद उर्फ गुड्डू व सलमान संभल जिले के थाना कोतवाली मोहल्ला कोट के रहने वाले हैं। पुलिस पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों से पता चला कि उनके फरार साथी अहमद, रवी व रजी घुमंतू प्रजाति के लोगों के संपर्क में रहते हैं। उक्त प्रजाति के लोग अन्य प्रदेशों से गोवंशों के झुंड को हांककर मैनपुरी व उसके आस-पास के जिलो में जंगलों में लाकर इकट्ठा करते हैं। मौका देखकर रवि, रजी और अहमद गोवंशों को कंटेनरों में लदवा देते हैं। कंटेनर में गोवंशो को लादकर बिहार राज्य के गया व सिवान आदि जनपदों में उतार देते हैं।
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एक चक्कर पर मिलते हैं दस हजार रुपये

दोनों भाइयों ने बताया कंटेनर से एक चक्कर पर दस-दस हजार रुपये मिलते हैं। घुमंतू प्रजाति के लोगों को 10 से 15 हजार रुपये देकर कंटेनर में 20 से 30 गोवंशों को लादा जाता है। इन गोवंशों की कीमत ठेकेदारों से दो लाख से तीन लाख नकद रुपये रवि, रजि व अहमद बाद में लेकर आते हैं।
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दो एक्सप्रेसवे होने की वजह से गोतस्करों ने बनाया ठिकाना
आगरा-लखनऊ व बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे की वजह से इटावा, मैनपुरी और कन्नौज के पास जगलों में गोतस्करों ने ठिकाना बना लिया है। घुमंतू प्रजाति के लोग चरवाहा बनकर गोवंशों को हांककर बताई जगह लेकर पहुंचते हैं। इन लोगों की पहचान पुलिस भी नहीं कर पाती है। छह मई 2023 को ऊसराहार क्षेत्र के कोठी गांव के पास डीसीएम में लदे नौ गोवंश व एक तस्कर को गिरफ्तार किया था। आठ अगस्त 2023 की रात कन्नौज जिले के विशुनगढ़ इलाके से 34 गोवंशों को कंटेनर में लादा गया था। एक्सप्रेसवे के टोल का बैरियर तोड़कर भागने के दौरान ऊसराहार पुलिस ने कंटेनर समेत दो तस्कर भी पकड़े थे। हाल ही में 28 जनवरी को मैनपुरी जिले के दन्नाहार गांव के जंगलों से दोनों सगे भाइयों ने कंटेनर में 30 गोवंशों को लादा था। 30 जनवरी को मैनपुरी पुलिस ने क्षेत्र के जैथरा मार्ग पर पुलिस ने कंटेनर के पहिए में गोली मारकर पकड़ा था। जबकि आरोपी मौका देखकर फरार हो गए। पुलिस ने कंटेनर में 28 गोवंश बरामद किए थे। इन जिलों के पास दोनों एक्सप्रेसवे होने की वजह से गोतस्कर झारखंड, बिहार व पश्चिम बंगाल जा रहे हैं।



वर्जन
आरोपी गो-तस्करों की बताई जगह पर पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। आसपास के जिलों की पुलिस भी सक्रिय हो गई है। गो तस्करों के खिलाफ अभियान चलाकर जल्द ही इनका बड़ा नेटवर्क चलाने वाले भी पकड़े जाएंगे। -संजय कुमार वर्मा, एसएसपी इटावा
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