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10 फीसदी आबादी को नहीं लगा टीका
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इटावा। ओमिक्रॉन की आहट के चलते जिले में स्वास्थ्य विभाग ने सुरक्षा तैयारियां तेज कर दीं हैं लेकिन टीकाकरण व सैंपलिंग में अभी भी जिले की स्थिति अच्छी नहीं है। जो संभावित तीसरी लहर से निपटने में बड़ी अड़चन साबित हो सकते हैं।
जिले में अभी दस फीसदी लोग टीके से वंचित हैं। जबकि दूसरा टीका करीब 50 फीसदी आबादी को नहीं लगा है। जिले में अभी लगभग 18 साल से ऊपर करीब एक लाख लोग टीका लगने से वंचित हैं। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. श्रीनिवास ने बताया कि टीकाकरण के मामले में कानपुर मंडल में छह जनपदों में हम पहले स्थान पर हैं और प्रदेश में पांचवां स्थान है। इटावा जिला ग्रीन जोन में आ गया है। उन्होंने कहा कि हम प्रयास कर रहे हैं कि जल्द से जल्द पहली डोज का टीकाकरण कराया जा सके।
उधर सैंपलिंग के मामले में चुस्ती लाने की जरूरत है। रेलवे स्टेशन पर अभी दो टीमें सैंपलिंग कर रहीं हैं लेकिन रात में टीम यहां पर मौजूद नहीं रहती। सीएमओ डॉ. भगवान दास ने बताया कि स्टेशन पर जल्द हम सैंपलिंग की व्यवस्था कराएंगे। उधर बस अड्डे पर सैंपलिंग के लिए अच्छी व्यवस्था नहीं है। सिर्फ एक टीम सैंपल लेती है।
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इटावा। कोरोना की दूसरी लहर के बाद इटावा आठ ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए थे। इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि उसके सभी प्लांट पूरी तरह से तैयार हैं। इसके लिए वे मॉकड्रिल भी कर चुके हैं। शनिवार को ऑक्सीजन प्लांट चलाने वाले कर्मचारियों का ऑनलाइन प्रशिक्षण भी कराया गया। दो संयुक्त जिला अस्पताल में, तीन सैफई चिकित्सा विश्वविद्यालय के अलावा उदी, बकेवर और भरथना में एक-एक ऑक्सीजन प्लांट तैयार हैं।
डॉ. बीएल संजय ने बताया अस्पताल के लिए 100 बेड अस्पताल में ऑक्सीजन पहुंचाने की व्यवस्था पूरी है।
30 डॉक्टर व 62 कर्मियों का स्टाफ तैनात किया गया है। एल-वन में 12 डॉक्टर व एल-टू में 18 डॉक्टर तैनात किए गए हैं। एल-टू की तैयारियों को परखने के लिए दो बार मॉकड्रिल भी हो चुकी है। तीसरी मॉकड्रिल 17 दिसंबर को सुबह 10 से दोपहर 2 बजे तक आला स्वास्थ्य अधिकारियों की देखरेख में होगी।
भरथना संवाद के अनुसार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. अमित दीक्षित ने बताया केंद्र पर स्थापित ऑक्सीजन प्लांट चालू अवस्था में है। ऑक्सीजन प्लांट की 333 लीटर प्रति मिनट की क्षमता है, इसके लिए 30 बेड की व्यवस्था की गई। आवश्यकता पडने पर 50 बेड की व्यवस्था की गई है।
इटावा। जनपद के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर प्रत्येक रविवार को आयोजित होने वाले मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला में 3236 मरीज आए। मेले में 410लोगों की कोविड और 403 लोगों की मलेरिया जांच हुई। जबकि 161 लोगों के गोल्डन कार्ड बनाए गए।
मेले के नोडल अधिकारी डॉ .शिवचरन ने बताया आरोग्य मेला में 102 डाक्टरों ने व 84 पैरामेडिकल स्टाफ ने सेवाएं प्रदान कीं। मेले में 1326 पुरुषों, 1114 महिलाओं व 796 बच्चे आए। इस दौरान 343 आंख, 417 त्वचा, 177बुखार व 377 अन्य मरीज आए। 142 गर्भवती महिलाओं ने जांच कराई। बताया उन्होंने पूठन सकरौली व जसवंतनगर में नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर आयोजित आरोग्य मेला का निरीक्षण किया। पूठन सकरौली में स्वीपर की नियुक्ति न होने से परेशानी है। संवाद
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जिले में अभी दस फीसदी लोग टीके से वंचित हैं। जबकि दूसरा टीका करीब 50 फीसदी आबादी को नहीं लगा है। जिले में अभी लगभग 18 साल से ऊपर करीब एक लाख लोग टीका लगने से वंचित हैं। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. श्रीनिवास ने बताया कि टीकाकरण के मामले में कानपुर मंडल में छह जनपदों में हम पहले स्थान पर हैं और प्रदेश में पांचवां स्थान है। इटावा जिला ग्रीन जोन में आ गया है। उन्होंने कहा कि हम प्रयास कर रहे हैं कि जल्द से जल्द पहली डोज का टीकाकरण कराया जा सके।
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उधर सैंपलिंग के मामले में चुस्ती लाने की जरूरत है। रेलवे स्टेशन पर अभी दो टीमें सैंपलिंग कर रहीं हैं लेकिन रात में टीम यहां पर मौजूद नहीं रहती। सीएमओ डॉ. भगवान दास ने बताया कि स्टेशन पर जल्द हम सैंपलिंग की व्यवस्था कराएंगे। उधर बस अड्डे पर सैंपलिंग के लिए अच्छी व्यवस्था नहीं है। सिर्फ एक टीम सैंपल लेती है।
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इटावा। कोरोना की दूसरी लहर के बाद इटावा आठ ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए थे। इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि उसके सभी प्लांट पूरी तरह से तैयार हैं। इसके लिए वे मॉकड्रिल भी कर चुके हैं। शनिवार को ऑक्सीजन प्लांट चलाने वाले कर्मचारियों का ऑनलाइन प्रशिक्षण भी कराया गया। दो संयुक्त जिला अस्पताल में, तीन सैफई चिकित्सा विश्वविद्यालय के अलावा उदी, बकेवर और भरथना में एक-एक ऑक्सीजन प्लांट तैयार हैं।
डॉ. बीएल संजय ने बताया अस्पताल के लिए 100 बेड अस्पताल में ऑक्सीजन पहुंचाने की व्यवस्था पूरी है।
30 डॉक्टर व 62 कर्मियों का स्टाफ तैनात किया गया है। एल-वन में 12 डॉक्टर व एल-टू में 18 डॉक्टर तैनात किए गए हैं। एल-टू की तैयारियों को परखने के लिए दो बार मॉकड्रिल भी हो चुकी है। तीसरी मॉकड्रिल 17 दिसंबर को सुबह 10 से दोपहर 2 बजे तक आला स्वास्थ्य अधिकारियों की देखरेख में होगी।
भरथना संवाद के अनुसार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. अमित दीक्षित ने बताया केंद्र पर स्थापित ऑक्सीजन प्लांट चालू अवस्था में है। ऑक्सीजन प्लांट की 333 लीटर प्रति मिनट की क्षमता है, इसके लिए 30 बेड की व्यवस्था की गई। आवश्यकता पडने पर 50 बेड की व्यवस्था की गई है।
इटावा। जनपद के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर प्रत्येक रविवार को आयोजित होने वाले मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला में 3236 मरीज आए। मेले में 410लोगों की कोविड और 403 लोगों की मलेरिया जांच हुई। जबकि 161 लोगों के गोल्डन कार्ड बनाए गए।
मेले के नोडल अधिकारी डॉ .शिवचरन ने बताया आरोग्य मेला में 102 डाक्टरों ने व 84 पैरामेडिकल स्टाफ ने सेवाएं प्रदान कीं। मेले में 1326 पुरुषों, 1114 महिलाओं व 796 बच्चे आए। इस दौरान 343 आंख, 417 त्वचा, 177बुखार व 377 अन्य मरीज आए। 142 गर्भवती महिलाओं ने जांच कराई। बताया उन्होंने पूठन सकरौली व जसवंतनगर में नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर आयोजित आरोग्य मेला का निरीक्षण किया। पूठन सकरौली में स्वीपर की नियुक्ति न होने से परेशानी है। संवाद