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वकीलों की हड़ताल से भटके फरियादी
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 26 Sep 2016 10:29 PM IST
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वकीलों की हड़ताल
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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जलेसर मुंसिफी कोर्ट के स्थानांतरण का विरोध कर रहे अधिवक्ताओं की हड़ताल का असर सोमवार को नजर आया। अधिवक्ताओं ने जहां न्यायिक कार्य से विरत रहकर बार कार्यालय मेें प्रदर्शन किया। वहीं फरियादियों और तारीख करने पहुंचे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। हड़ताल के चलते कचहरी में बने वकीलों के चैंबरों में सन्नाटा रहा।
अब तक एटा जिले में संचालित होने वाली जलेसर मुंसिफी कोर्ट को जलेसर स्थानांतरित किए जाने के विरोध में अधिवक्ताओं ने अनिश्चितकालीन हड़ताल का एलान किया है। सोमवार को बार एसोसिएशन सभागार में वकीलों ने हड़ताल की। इस दौरान वकीलों ने न्यायिक कार्य नहीं किया। इसके चलते फरियादियों को दिक्कत झेलनी पड़ी। जिन केसों में सोमवार को अंतिम सुनवाई होनी थी, वकीलों की हड़ताल के चलते तारीखें आगे बढ़ गईं। इसके साथ ही जिन आरोपियों की जमानतें होनी थी, वे भी हड़ताल के चलते मायूस नजर आए। इसके अलावा हड़ताल के बारे में जानकारी न होने के चलते कई फरियादियों को वापस लौटना पड़ा। उधर, कोर्ट स्थानांतरण के विरोध में वकीलों ने कलक्ट्रेट बार एसोसिएशन कार्यालय में प्रदर्शन किया। वकीलों ने स्थानांतरण को गलत ठहराते हुए कोर्ट को स्थानांतरित किए जाने का विरोध किया। वकीलों की मांग है कि अगर कोर्ट का स्थानांतरण हुआ तो सारे केस स्थानांतरित होंगे। इससे फरियादियों की दिक्कत बढ़ेगी। वहीं वकीलों का कहना है कि जलेसर मुंसिफी कोर्ट का स्थानांतरण होने के साथ निधौलीकलां थाने के मामलों की जलेसर में सुनवाई होगी। जबकि निधौलीकलां थाना क्षेत्र के कई गांव शहर की सीमा से सटे हुए हैं। ऐसे में फरियादियों को जलेसर तक लंबी दौड़ लगानी होगी। वकीलों का कहना है कि जलेसर आने-जाने के लिए आवागमन सुविधा भी अच्छी नहीं है। हड़ताल के दौरान तय किया गया कि वकीलों का प्रतिनिधिमंडल मुख्य न्यायाधीश और प्रशासनिक न्यायाधीश इलाहाबाद हाईकोर्ट के सामने अपनी मांग रखेगा। इसके साथ शाम को वकीलों ने विधान परिषद सभापति रमेश बाबू यादव को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर बार अध्यक्ष रामेश्वर प्रसाद पचैारी, महासचिव राकेश यादव, राजेश बाबू सक्सेना, राजवर्धन बिसारिया, आदेश कुमार, सतेन्द्र सिंह, पंकज गुप्ता, रमेश यादव, राजेन्द्र सिंह पुंडीर, सुबोध मिश्रा, कपूर सिंह यादव, सुनील यादव, अजब सिंह यादव, निर्मल कुमार जैन अधिवक्ता मौजूद रहे।
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अब तक एटा जिले में संचालित होने वाली जलेसर मुंसिफी कोर्ट को जलेसर स्थानांतरित किए जाने के विरोध में अधिवक्ताओं ने अनिश्चितकालीन हड़ताल का एलान किया है। सोमवार को बार एसोसिएशन सभागार में वकीलों ने हड़ताल की। इस दौरान वकीलों ने न्यायिक कार्य नहीं किया। इसके चलते फरियादियों को दिक्कत झेलनी पड़ी। जिन केसों में सोमवार को अंतिम सुनवाई होनी थी, वकीलों की हड़ताल के चलते तारीखें आगे बढ़ गईं। इसके साथ ही जिन आरोपियों की जमानतें होनी थी, वे भी हड़ताल के चलते मायूस नजर आए। इसके अलावा हड़ताल के बारे में जानकारी न होने के चलते कई फरियादियों को वापस लौटना पड़ा। उधर, कोर्ट स्थानांतरण के विरोध में वकीलों ने कलक्ट्रेट बार एसोसिएशन कार्यालय में प्रदर्शन किया। वकीलों ने स्थानांतरण को गलत ठहराते हुए कोर्ट को स्थानांतरित किए जाने का विरोध किया। वकीलों की मांग है कि अगर कोर्ट का स्थानांतरण हुआ तो सारे केस स्थानांतरित होंगे। इससे फरियादियों की दिक्कत बढ़ेगी। वहीं वकीलों का कहना है कि जलेसर मुंसिफी कोर्ट का स्थानांतरण होने के साथ निधौलीकलां थाने के मामलों की जलेसर में सुनवाई होगी। जबकि निधौलीकलां थाना क्षेत्र के कई गांव शहर की सीमा से सटे हुए हैं। ऐसे में फरियादियों को जलेसर तक लंबी दौड़ लगानी होगी। वकीलों का कहना है कि जलेसर आने-जाने के लिए आवागमन सुविधा भी अच्छी नहीं है। हड़ताल के दौरान तय किया गया कि वकीलों का प्रतिनिधिमंडल मुख्य न्यायाधीश और प्रशासनिक न्यायाधीश इलाहाबाद हाईकोर्ट के सामने अपनी मांग रखेगा। इसके साथ शाम को वकीलों ने विधान परिषद सभापति रमेश बाबू यादव को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर बार अध्यक्ष रामेश्वर प्रसाद पचैारी, महासचिव राकेश यादव, राजेश बाबू सक्सेना, राजवर्धन बिसारिया, आदेश कुमार, सतेन्द्र सिंह, पंकज गुप्ता, रमेश यादव, राजेन्द्र सिंह पुंडीर, सुबोध मिश्रा, कपूर सिंह यादव, सुनील यादव, अजब सिंह यादव, निर्मल कुमार जैन अधिवक्ता मौजूद रहे।
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