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Etah News: जर्जर विद्यालयों का किया जाएगा चिह्नांकन
Mon, 27 Jul 2026 11:49 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Mon, 27 Jul 2026 11:49 PM IST
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25 जुलाई के अंक में प्रकाशित खबर। संवाद
- फोटो : 1
एटा। जिले के परिषदीय विद्यालय के जर्जर होने की खबर अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित किया। इसके बाद बेसिक शिक्षा विभाग के आला अधिकारी हरकत में आए और उन्होंने जर्जर विद्यालयों के चिह्नांकन के निर्देश दिए गए। वहीं जर्जर विद्यालयों पर लाल रंग का चिह्न लगाने के भी निर्देश दिए गए।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनुपम अवस्थी ने सोमवार को जर्जर विद्यालयों के संबंध में समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को एक सप्ताह के अंदर जिले में 10 हजार बच्चों के नामांकन का लक्ष्य रखा। इसके लिए सभी की जिम्मेदारी तय की। इसके बाद किसी भी जर्जर भवन में बच्चों को न बिठाने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा जर्जर विद्यालय के बाहर लाल रंग से क्रॉस का निशान लगाते हुए निष्प्रयोज्य लिखा जाए। आंगनबाड़ी के बच्चों को खाना खिलाने के लिए उन्होंने स्वयं भी डीपीओ व खंड शिक्षा अधिकारियों से सीडीपीओ से बात करने के लिए कहा ताकि प्रधान अध्यापकों को एमडीएम का चेक मिल सके। सभी विद्यालयों में स्मार्ट बोर्ड, आईसीटी लैब, प्रभावी शिक्षण रणनीतियों, इको क्लब, दीक्षा तालिका तथा अन्य संसाधनों का उपयोग करते हुए जनपद की रैंक को बढ़ाने के लिए प्रयास के निर्देश दिए।
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जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनुपम अवस्थी ने सोमवार को जर्जर विद्यालयों के संबंध में समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को एक सप्ताह के अंदर जिले में 10 हजार बच्चों के नामांकन का लक्ष्य रखा। इसके लिए सभी की जिम्मेदारी तय की। इसके बाद किसी भी जर्जर भवन में बच्चों को न बिठाने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा जर्जर विद्यालय के बाहर लाल रंग से क्रॉस का निशान लगाते हुए निष्प्रयोज्य लिखा जाए। आंगनबाड़ी के बच्चों को खाना खिलाने के लिए उन्होंने स्वयं भी डीपीओ व खंड शिक्षा अधिकारियों से सीडीपीओ से बात करने के लिए कहा ताकि प्रधान अध्यापकों को एमडीएम का चेक मिल सके। सभी विद्यालयों में स्मार्ट बोर्ड, आईसीटी लैब, प्रभावी शिक्षण रणनीतियों, इको क्लब, दीक्षा तालिका तथा अन्य संसाधनों का उपयोग करते हुए जनपद की रैंक को बढ़ाने के लिए प्रयास के निर्देश दिए।
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