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दो दिन प्रदर्शन नहीं करेंगे अधिवक्ता
देवरिया
Updated Thu, 27 Oct 2016 10:56 PM IST
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लार कांड को लेकर दीवानी कचहरी परिसर में वकीलों ने प्रदर्शन किया।
- फोटो : अनूप तिवारी
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देवरिया। लार कांड के विरोध में पिछले कई दिनों से आंदोलन कर रहे अधिवक्ताओं को जिला जज की पहल पर गुरुवार को डीएम और एसपी ने वार्ता के लिए बुलाया। वकीलों ने अपनी मांगें दोहराईं। एसपी ने लार थानेदार के तबादले के लिए दो दिन की मोहलत मांगी। वकील धर्मेंद्र मिश्र के खिलाफ दर्ज मुकदमे पर बात नहीं बन पाई। हां इतना जरूर कहा गया कि गंभीर धाराओं को विवेचना के बाद हटा लिया जाएगा।
इस पर अधिवक्ताओं ने दो दिन तक धरना प्रदर्शन न करने का निर्णय लिया है। वार्ता से पहले वकीलों ने प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। इसी बीच सूचना मिली कि डीएम अपने कैंप कार्यालय पर वकीलों के प्रतिनिधिमंडल से वार्ता करेंगी। प्रतिनिधिमंडल में जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष सिंहासन गिरी, सचिव मनोज, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुरेंद्र तिवारी, जिला बार कलेक्ट्रेट एसोसिएशन के अध्यक्ष बृजबांके तिवारी, मंत्री ललित नारायण पांडेय, सेंट्रल बार के अध्यक्ष राणा प्रताप एवं अन्य अधिवक्ता शामिल थे।
इस वार्ता में पत्रकारों का प्रवेश प्रतिबंधित कर दिया गया था। सिंहासन गिरी ने बताया कि वार्ता के दौरान एसपी मोहम्मद इमरान ने कहा कि दो दिन की मोहलत दीजिए। लार के थानेदार को बदल दूंगा। अधिवक्ताओं ने लार कांड में गंभीर धाराओं में दर्ज मुकदमे का मुद्दा उठाया। अधिकारियों ने कहा कि विवेचना के दौरान यह देखा जाएगा कि कौन सी धारा किस पर बनती है।
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अधिवक्ता धर्मेंद्र मिश्र के मुद्दे पर अधिकारियों ने कहा कि विवेचना चल रही है, घबराने की जरूरत ही नहीं है। प्रशासनिक अधिकारियों से वार्ता के बाद अधिवक्ताओं ने दो दिन तक प्रदर्शन नहीं करने का निर्णय लिया।
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इस पर अधिवक्ताओं ने दो दिन तक धरना प्रदर्शन न करने का निर्णय लिया है। वार्ता से पहले वकीलों ने प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। इसी बीच सूचना मिली कि डीएम अपने कैंप कार्यालय पर वकीलों के प्रतिनिधिमंडल से वार्ता करेंगी। प्रतिनिधिमंडल में जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष सिंहासन गिरी, सचिव मनोज, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुरेंद्र तिवारी, जिला बार कलेक्ट्रेट एसोसिएशन के अध्यक्ष बृजबांके तिवारी, मंत्री ललित नारायण पांडेय, सेंट्रल बार के अध्यक्ष राणा प्रताप एवं अन्य अधिवक्ता शामिल थे।
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इस वार्ता में पत्रकारों का प्रवेश प्रतिबंधित कर दिया गया था। सिंहासन गिरी ने बताया कि वार्ता के दौरान एसपी मोहम्मद इमरान ने कहा कि दो दिन की मोहलत दीजिए। लार के थानेदार को बदल दूंगा। अधिवक्ताओं ने लार कांड में गंभीर धाराओं में दर्ज मुकदमे का मुद्दा उठाया। अधिकारियों ने कहा कि विवेचना के दौरान यह देखा जाएगा कि कौन सी धारा किस पर बनती है।
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अधिवक्ता धर्मेंद्र मिश्र के मुद्दे पर अधिकारियों ने कहा कि विवेचना चल रही है, घबराने की जरूरत ही नहीं है। प्रशासनिक अधिकारियों से वार्ता के बाद अधिवक्ताओं ने दो दिन तक प्रदर्शन नहीं करने का निर्णय लिया।