{"_id":"5810e3704f1c1bcf75bc400d","slug":"tehsil-lock-imposed-by-lawyers","type":"story","status":"publish","title_hn":"तहसील में वकीलों ने लगाया ताला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तहसील में वकीलों ने लगाया ताला
देवरिया
Updated Wed, 26 Oct 2016 10:40 PM IST
विज्ञापन
रुद्रपुर तहसील में तालाबंदी कर नारेबाजी करते अधिवक्ता।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रुद्रपुर। लार, मेहरौना में हुए बवाल को लेकर वकीलों का आंदोलन बुधवार को भी जारी रहा। बार संघ रुद्रपुर के अधिवक्ताओं ने तहसील के मुख्य गेट में ताला जड़ दिया। एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, आपूर्ति निरीक्षक अपने दफ्तर में नहीं बैठ पाए। वकीलों ने पुलिस अधीक्षक के खिलाफ नारेबाजी की। तहसील में करीब चार घंटे तक ताला बंद रहा। बार संघ के अध्यक्ष ब्रज बिहारी पांडेय के नेतृत्व में वकीलों ने तहसील गेट में सुबह 10.30 बजे ताला लगा दिया। पुलिस क्षेत्राधिकारी शितांशु यादव अपने दफ्तर में ही बैठे रह गए।
वकीलों ने तहसील के अंदर से लेखपालों को बाहर किया। एसडीएम घनश्याम ने अधिवक्ताओं को समझाने का प्रयास किया, पर मामला शांत नहीं हुआ। तहसील में तालाबंदी पर पुलिस फोर्स मौजूद रही। वकीलों ने कहा कि एसपी के तबादले और लार थानाध्यक्ष के खिलाफ कार्रवाई नहीं होने तक पूरे जिले में आंदोलन जारी रहेगा। दशहरा पर हुए बवाल के दौरान पुलिस ने एक पक्षीय कार्रवाई की। वकील को भी फर्जी मुकदमे में फंसाया गया है। पुलिस प्रशासन की वजह से सांप्रदायिक दंगा की आशंका बनी है।
एसपी का तबादला जरूरी है। तालाबंदी करने वालों में सत्यप्रकाश सिंह, बलवंत सिंह, रामाश्रय पांडेय, परशुराम मिश्र, राजेश त्रिपाठी, फणिंद्र पांडेय, आनंद शंकर मणि, बालेंदु पांडेय, अशफाक अहमद, धन्नजंय सिंह, आनंद सिंह, सुरेश यादव, अनिल पांडेय, कृष्णमूर्ति, विकास मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
वकीलों ने तहसील के अंदर से लेखपालों को बाहर किया। एसडीएम घनश्याम ने अधिवक्ताओं को समझाने का प्रयास किया, पर मामला शांत नहीं हुआ। तहसील में तालाबंदी पर पुलिस फोर्स मौजूद रही। वकीलों ने कहा कि एसपी के तबादले और लार थानाध्यक्ष के खिलाफ कार्रवाई नहीं होने तक पूरे जिले में आंदोलन जारी रहेगा। दशहरा पर हुए बवाल के दौरान पुलिस ने एक पक्षीय कार्रवाई की। वकील को भी फर्जी मुकदमे में फंसाया गया है। पुलिस प्रशासन की वजह से सांप्रदायिक दंगा की आशंका बनी है।
विज्ञापन
एसपी का तबादला जरूरी है। तालाबंदी करने वालों में सत्यप्रकाश सिंह, बलवंत सिंह, रामाश्रय पांडेय, परशुराम मिश्र, राजेश त्रिपाठी, फणिंद्र पांडेय, आनंद शंकर मणि, बालेंदु पांडेय, अशफाक अहमद, धन्नजंय सिंह, आनंद सिंह, सुरेश यादव, अनिल पांडेय, कृष्णमूर्ति, विकास मौजूद रहे।
विज्ञापन