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Deoria News: एक किमी में 156 गड्ढे, बरसात में लगेगा घुटने भर पानी
Sun, 28 May 2023 11:43 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Sun, 28 May 2023 11:43 PM IST
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बरहज में कपरवार-रुद्रपुर मार्ग पर बने गड्ढे संवाद
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देवरिया। शहर को जोड़ने वाली कई सड़कें जर्जर हो चुकी है। पर प्रस्ताव और टेंडर के बीच मामला फंसा होन के कारण अभी तक सड़कें नहीं बन पाई है। जिले की करीब तीन सौ सड़कों की हालत दयनीय है। शहर को जोड़ने वाले देवरिया-पकड़ी मार्ग पर एक किलोमीटर में ही 156 गड्ढे हैं। इस साल के बरसात में भी घुटने भर पानी लगेगा। यह सड़क टेंडर के पेंच में फंसी हुई है।
देवरिया-पकड़ी मार्ग करीब 24 किलोमीटर है, जो शहर के रामनाथ देवरिया मोड़ से शुरू होती है। इस सड़का का हाल यह है कि कतरारी चौराहे तक गड्ढे में तब्दील हो चुकी है। कदम-कदम पर गड्ढे हैं, जिनमें हल्की बारिशके दौरान ही पानी जमा हो जाता है। अगर बारिश के दिन में कोई रात के समय इस सड़क पर बच कर न चले तो हादसे का शिकार हो जाएगा। गंभीर बात तो यह है कि महज एक किलोमीटर में ही 156 गड्ढे हैं तो पूरी सड़क का क्या हाल होगा। लोक निर्माण विभाग के आंकड़ों पर गौर किया जाए तो करीब एक साल से अधिक समय से जिले की 305 सड़कें खराब हैं, जिनके मरम्मत की जरूरत है।
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पैकेज
फोटो समाचार 25 डीईओ 154,155,156,157
भागलुपर-पिंडी मार्ग पर 10 किमी का सफल कांटों भरा
भागलपुर। भागलपुर-पिंडी मार्ग गड्ढे में तब्दील हो गया है। इस सड़क पर चलना कितना मुश्किल है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बाइक सवार आधे घंटे का रास्ता एक घंटे में पूरा करते हैं। दस साल पहले इस सड़क का मरम्मत कराया गया था, लेकिन उसके बाद अब तक किसी जिम्मेदार ने सड़क पर ध्यान नहीं दिया। करीब दस किलोमीटर सड़क पर एक किलोमीटर में ही 150 गड्ढे हैं।
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भागलपुर-पिंडी मार्ग से करीब 50 गांवों के लोगों का आना जाना रहता है। इस रास्ते भागलपुर पुल से होकर लंबी दूरी की यात्रा लोग करते हैं। यह दस किमी सड़क लोक निर्माण विभाग के जिम्मे है। पिछ्ले दस साल में इस सड़क की एक बार भी मरम्मत नहीं कराई गई। सड़क के खस्ताहाल होने से तकिया धरहरा,नेमा,सहिया, रेवली,जिरासो, धंधवार बनपाली, तिवारी पुर, अजना गांव के लोगों को दुश्वारियां झेलनी पड़ रही हैं।
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यह सड़क संभवत: जनपद की सबसे खराब सड़क है। इसे क्यों ठीक नहीं किया जा रहा यह समझ से परे है। क्षेत्रीय लोगों को परेशानियां झेलनी पड़ रही है।
-डॉ. नवनाथ यादव, पूर्व प्रधान
पिछले दस साल में इस मार्ग की विभाग की ओर से मरम्मत नहीं कराई गई है। आये दिन दुर्घटना हो रही है। बाइक सवार गिरकर घायल हो रहें हैं और जिम्मेदार चुप्पी साधे बैठे हैं।
-आनंद मिश्र, समाज सेवी
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गिट्टी बिखरने व धूल उड़ने से हो रही है दुर्घटना
मईल। भागलपुर- मईल मार्ग का निर्माण कार्य दो साल बाद भी अधूरा पड़ा है।, जिससे राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गिट्टी बिखरने व धूल उड़ने से दुर्घटनाएं हो रही हैं। धूल उड़ने से सांस लेना मुश्किल हो गया है। क्षेत्रीय लोग कार्य शुरू कराने के लिए कई बार धरना प्रदर्शन कर चुके हैं। तब किसी तरह विभाग ने 1200 मीटर सीसी कार्य मईल चौराहा, नरियावं, देवसिया में कराया है। एक माह पहले बकुची से नरियावं गांव तक पिच मार्ग का निर्माण कार्य बंद कर दिया गया है। इससे नरियावं गांव से भागलपुर तक पिच मार्ग का निर्माण कार्य अधूरा पड़ा है।
मईल-भागलपुर सड़क निर्माण व सुंदरीकरण के लिए शासन से ढाई साल पहले 10.5 करोड़ रुपये स्वीकृत किया है। इसकी लंबाई पांच किमी और चौड़ाई 5.5 मीटर होनी है। इससे मईल चौराहा, नरियांव व देवसिया में 1200 मीटर सीसी सड़क व पानी निकासी के लिए नाली निर्माण होना है। यह सड़क बलिया जनपद को जोड़ती है। सड़क का निर्माण कार्य पूरा न होने से पांच किलोमीटर की दूरी के लिए 12 किलोमीटर घूम कर जाना पड़ रहा है। विभागीय उदासीनता के कारण सड़क का निर्माण नहीं हो पा रहा है। इससे आने वाले राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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खराब सड़कों को बनाने के लिए प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा गया है। बहुत जल्द देवरिया-पकड़ी मार्ग सहित कुछ अन्य मार्गों पर कार्य शुरू हो जाएगा। टेंडर की प्रक्रिया भी हो चुकी है।
-जीएस वर्मा, अधीक्षण अभियंता, लोक निर्माण विभाग
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देवरिया-पकड़ी मार्ग करीब 24 किलोमीटर है, जो शहर के रामनाथ देवरिया मोड़ से शुरू होती है। इस सड़का का हाल यह है कि कतरारी चौराहे तक गड्ढे में तब्दील हो चुकी है। कदम-कदम पर गड्ढे हैं, जिनमें हल्की बारिशके दौरान ही पानी जमा हो जाता है। अगर बारिश के दिन में कोई रात के समय इस सड़क पर बच कर न चले तो हादसे का शिकार हो जाएगा। गंभीर बात तो यह है कि महज एक किलोमीटर में ही 156 गड्ढे हैं तो पूरी सड़क का क्या हाल होगा। लोक निर्माण विभाग के आंकड़ों पर गौर किया जाए तो करीब एक साल से अधिक समय से जिले की 305 सड़कें खराब हैं, जिनके मरम्मत की जरूरत है।
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फोटो समाचार 25 डीईओ 154,155,156,157
भागलुपर-पिंडी मार्ग पर 10 किमी का सफल कांटों भरा
भागलपुर। भागलपुर-पिंडी मार्ग गड्ढे में तब्दील हो गया है। इस सड़क पर चलना कितना मुश्किल है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बाइक सवार आधे घंटे का रास्ता एक घंटे में पूरा करते हैं। दस साल पहले इस सड़क का मरम्मत कराया गया था, लेकिन उसके बाद अब तक किसी जिम्मेदार ने सड़क पर ध्यान नहीं दिया। करीब दस किलोमीटर सड़क पर एक किलोमीटर में ही 150 गड्ढे हैं।
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भागलपुर-पिंडी मार्ग से करीब 50 गांवों के लोगों का आना जाना रहता है। इस रास्ते भागलपुर पुल से होकर लंबी दूरी की यात्रा लोग करते हैं। यह दस किमी सड़क लोक निर्माण विभाग के जिम्मे है। पिछ्ले दस साल में इस सड़क की एक बार भी मरम्मत नहीं कराई गई। सड़क के खस्ताहाल होने से तकिया धरहरा,नेमा,सहिया, रेवली,जिरासो, धंधवार बनपाली, तिवारी पुर, अजना गांव के लोगों को दुश्वारियां झेलनी पड़ रही हैं।
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यह सड़क संभवत: जनपद की सबसे खराब सड़क है। इसे क्यों ठीक नहीं किया जा रहा यह समझ से परे है। क्षेत्रीय लोगों को परेशानियां झेलनी पड़ रही है।
-डॉ. नवनाथ यादव, पूर्व प्रधान
पिछले दस साल में इस मार्ग की विभाग की ओर से मरम्मत नहीं कराई गई है। आये दिन दुर्घटना हो रही है। बाइक सवार गिरकर घायल हो रहें हैं और जिम्मेदार चुप्पी साधे बैठे हैं।
-आनंद मिश्र, समाज सेवी
गिट्टी बिखरने व धूल उड़ने से हो रही है दुर्घटना
मईल। भागलपुर- मईल मार्ग का निर्माण कार्य दो साल बाद भी अधूरा पड़ा है।, जिससे राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गिट्टी बिखरने व धूल उड़ने से दुर्घटनाएं हो रही हैं। धूल उड़ने से सांस लेना मुश्किल हो गया है। क्षेत्रीय लोग कार्य शुरू कराने के लिए कई बार धरना प्रदर्शन कर चुके हैं। तब किसी तरह विभाग ने 1200 मीटर सीसी कार्य मईल चौराहा, नरियावं, देवसिया में कराया है। एक माह पहले बकुची से नरियावं गांव तक पिच मार्ग का निर्माण कार्य बंद कर दिया गया है। इससे नरियावं गांव से भागलपुर तक पिच मार्ग का निर्माण कार्य अधूरा पड़ा है।
मईल-भागलपुर सड़क निर्माण व सुंदरीकरण के लिए शासन से ढाई साल पहले 10.5 करोड़ रुपये स्वीकृत किया है। इसकी लंबाई पांच किमी और चौड़ाई 5.5 मीटर होनी है। इससे मईल चौराहा, नरियांव व देवसिया में 1200 मीटर सीसी सड़क व पानी निकासी के लिए नाली निर्माण होना है। यह सड़क बलिया जनपद को जोड़ती है। सड़क का निर्माण कार्य पूरा न होने से पांच किलोमीटर की दूरी के लिए 12 किलोमीटर घूम कर जाना पड़ रहा है। विभागीय उदासीनता के कारण सड़क का निर्माण नहीं हो पा रहा है। इससे आने वाले राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
खराब सड़कों को बनाने के लिए प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा गया है। बहुत जल्द देवरिया-पकड़ी मार्ग सहित कुछ अन्य मार्गों पर कार्य शुरू हो जाएगा। टेंडर की प्रक्रिया भी हो चुकी है।
-जीएस वर्मा, अधीक्षण अभियंता, लोक निर्माण विभाग