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Deoria News: कहीं कम संख्या में पहुंचे प्रश्नपत्र तो कहीं फोटो कापी से चलाना पड़ा काम
Wed, 20 Mar 2024 11:51 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Wed, 20 Mar 2024 11:51 PM IST
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अव्यवस्था के बीच पहले दिन हुई परिषदीय विद्यालयों में वार्षिक परीक्षा
कुछ जगहों पर प्रश्नपत्रों के विकल्प ही आए थे गलत
....फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। जिले के परिषदीय विद्यालयों में बुधवार से वार्षिक परीक्षा शुरू हुई। पहले ही दिन स्कूलों में नामांकित छात्र संख्या के अनुपात में प्रश्न पत्रों की कमी रही। ऐसे में प्रधानाध्यापकों को फोटो काॅपी कराकर या ब्लैक बोर्ड पर प्रश्नों को लिखकर परीक्षा करानी पड़ी। भाटपाररानी व बनकटा क्षेत्र में परीक्षा कराने में सबसे ज्यादा परेशानी का सामना शिक्षकों ने किया।
जिले के 2120 परिषदीय विद्यालयों में कुल 2,29,391 विद्यार्थी पंजीकृत हैं। विभागीय दावे के बावजूद बुधवार से शुरू हुई वार्षिक परीक्षा में विभिन्न विकास खंडों में अव्यवस्था देखने को मिली। पहले दिन प्रथम पाली में कक्षा दो की हिंदी विषय, कक्षा तीन में सामाजिक विज्ञान व कक्षा चार व पांच में गणित विषय की परीक्षा हुई। जबकि द्वितीय पाली में कला व संगीत की परीक्षा हुई। वहीं, कक्षा छह से आठवीं तक प्रथम पाली में गणित व द्वितीय पाली में कला व संगीत की परीक्षाएं हुईं। विभाग ने प्रश्नपत्रों को एक दिन पहले ही उपलब्ध करा दिया है।
बनकटा ब्लाॅक के कंपोजिट विद्यालय भवानी छापर के प्रधानाध्यापक दिलीप कुमार सिंह, प्राथमिक विद्यालय पड़री के प्रधानाध्यापक जियाउल्लाह अंसारी, प्राथमिक विद्यालय नरकटिया के प्रधानाध्यापक सुरेंद्र सिंह, प्राथमिक विद्यालय मुकुंदपुर के प्रधानाध्यापक संजय कुमार सिंह, प्राथमिक विद्यालय चफ़वां कला के प्रधानाध्यापक अरुण कुमार रंजन आदि ने बताया कि परीक्षा के लिए प्रश्न पत्र मिल गए थे, लेकिन उत्तर पुस्तिका की व्यवस्था हम लोगों को खुद करनी पड़ी।
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विकासखंड भाटपार रानी में कंपोजिट विद्यालय, उच्च प्राथमिक विद्यालय एवं कस्तूरबा विद्यालय सहित कुल 124 तथा बनकटा विकासखंड में कुल 124 केंद्र बनाए गए थे। कक्षा एक की मौखिक परीक्षा तथा कक्षा दो से लेकर आठवीं तक लिखित परीक्षा कराई गई। परीक्षा के पहले दिन प्रश्न पत्रों में अनेक त्रुटियां पाई गईं। उच्च प्राथमिक विद्यालय के कक्षा छह से लेकर आठ तक के गणित के प्रश्न पत्रों में कई त्रुटियां पाई गईं।
खंड शिक्षा अधिकारी संजीव सिंह ने बताया कि कक्षा आठ गणित प्रश्न संख्या एक के चारों विकल्प गलत पाए गए। कक्षा सात के गणित के प्रश्न संख्या एक का घ तथा प्रश्न संख्या चार का चारों विकल्प गलत था। इसी तरह कक्षा छह गणित के प्रश्न संख्या एक घ का चारों विकल्प गलत पाया गया। उन्होंने बताया कि इसे स्थानीय स्तर पर ठीक कराकर परीक्षा संपन्न कराई गई। विकासखंड बनकटा में एआरपी अजय सिंह, संजय सिंह मोहम्मद सगीर, त्रिगुणानंद, अनिल कुमार आदि शिक्षकों ने गलत प्रश्न पत्र को स्थानीय स्तर पर पहुंचकर ठीक कराया।
उधर, देसही देवरिया क्षेत्र में बुधवार को परिषदीय स्कूलों की परीक्षा में मौसम में बदलाव की वजह से बच्चों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हेतिमपुर कंपोजिट विद्यालय के शिक्षक रमेश जायसवाल, भरथापट्टी के प्रधानाध्यापक धर्मराज यादव ने बताया कि उत्तर पुस्तिकाएं दो दिन पूर्व बीआरसी से प्राप्त की गई थीं।
कोट
प्रश्नपत्रों में कुछ मिस प्रिटिंग हो गई होगी। इसे शिक्षकों ने आपसी सामंजस्य से दुरुस्त कर लिया। हर विद्यालय में छात्र संख्या के अनुपात में ही प्रश्नपत्र उपलब्ध कराए गए हैं, जहां कमी होगी उसे दूर कर लिया जाएगा।
-शालिनी श्रीवास्तव, बीएसए
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कुछ जगहों पर प्रश्नपत्रों के विकल्प ही आए थे गलत
....फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। जिले के परिषदीय विद्यालयों में बुधवार से वार्षिक परीक्षा शुरू हुई। पहले ही दिन स्कूलों में नामांकित छात्र संख्या के अनुपात में प्रश्न पत्रों की कमी रही। ऐसे में प्रधानाध्यापकों को फोटो काॅपी कराकर या ब्लैक बोर्ड पर प्रश्नों को लिखकर परीक्षा करानी पड़ी। भाटपाररानी व बनकटा क्षेत्र में परीक्षा कराने में सबसे ज्यादा परेशानी का सामना शिक्षकों ने किया।
जिले के 2120 परिषदीय विद्यालयों में कुल 2,29,391 विद्यार्थी पंजीकृत हैं। विभागीय दावे के बावजूद बुधवार से शुरू हुई वार्षिक परीक्षा में विभिन्न विकास खंडों में अव्यवस्था देखने को मिली। पहले दिन प्रथम पाली में कक्षा दो की हिंदी विषय, कक्षा तीन में सामाजिक विज्ञान व कक्षा चार व पांच में गणित विषय की परीक्षा हुई। जबकि द्वितीय पाली में कला व संगीत की परीक्षा हुई। वहीं, कक्षा छह से आठवीं तक प्रथम पाली में गणित व द्वितीय पाली में कला व संगीत की परीक्षाएं हुईं। विभाग ने प्रश्नपत्रों को एक दिन पहले ही उपलब्ध करा दिया है।
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बनकटा ब्लाॅक के कंपोजिट विद्यालय भवानी छापर के प्रधानाध्यापक दिलीप कुमार सिंह, प्राथमिक विद्यालय पड़री के प्रधानाध्यापक जियाउल्लाह अंसारी, प्राथमिक विद्यालय नरकटिया के प्रधानाध्यापक सुरेंद्र सिंह, प्राथमिक विद्यालय मुकुंदपुर के प्रधानाध्यापक संजय कुमार सिंह, प्राथमिक विद्यालय चफ़वां कला के प्रधानाध्यापक अरुण कुमार रंजन आदि ने बताया कि परीक्षा के लिए प्रश्न पत्र मिल गए थे, लेकिन उत्तर पुस्तिका की व्यवस्था हम लोगों को खुद करनी पड़ी।
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विकासखंड भाटपार रानी में कंपोजिट विद्यालय, उच्च प्राथमिक विद्यालय एवं कस्तूरबा विद्यालय सहित कुल 124 तथा बनकटा विकासखंड में कुल 124 केंद्र बनाए गए थे। कक्षा एक की मौखिक परीक्षा तथा कक्षा दो से लेकर आठवीं तक लिखित परीक्षा कराई गई। परीक्षा के पहले दिन प्रश्न पत्रों में अनेक त्रुटियां पाई गईं। उच्च प्राथमिक विद्यालय के कक्षा छह से लेकर आठ तक के गणित के प्रश्न पत्रों में कई त्रुटियां पाई गईं।
खंड शिक्षा अधिकारी संजीव सिंह ने बताया कि कक्षा आठ गणित प्रश्न संख्या एक के चारों विकल्प गलत पाए गए। कक्षा सात के गणित के प्रश्न संख्या एक का घ तथा प्रश्न संख्या चार का चारों विकल्प गलत था। इसी तरह कक्षा छह गणित के प्रश्न संख्या एक घ का चारों विकल्प गलत पाया गया। उन्होंने बताया कि इसे स्थानीय स्तर पर ठीक कराकर परीक्षा संपन्न कराई गई। विकासखंड बनकटा में एआरपी अजय सिंह, संजय सिंह मोहम्मद सगीर, त्रिगुणानंद, अनिल कुमार आदि शिक्षकों ने गलत प्रश्न पत्र को स्थानीय स्तर पर पहुंचकर ठीक कराया।
उधर, देसही देवरिया क्षेत्र में बुधवार को परिषदीय स्कूलों की परीक्षा में मौसम में बदलाव की वजह से बच्चों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हेतिमपुर कंपोजिट विद्यालय के शिक्षक रमेश जायसवाल, भरथापट्टी के प्रधानाध्यापक धर्मराज यादव ने बताया कि उत्तर पुस्तिकाएं दो दिन पूर्व बीआरसी से प्राप्त की गई थीं।
कोट
प्रश्नपत्रों में कुछ मिस प्रिटिंग हो गई होगी। इसे शिक्षकों ने आपसी सामंजस्य से दुरुस्त कर लिया। हर विद्यालय में छात्र संख्या के अनुपात में ही प्रश्नपत्र उपलब्ध कराए गए हैं, जहां कमी होगी उसे दूर कर लिया जाएगा।
-शालिनी श्रीवास्तव, बीएसए