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जीआईसी का एक करोड़ से होगा जीर्णोद्धार
देवरिया
Updated Sun, 17 Jul 2016 10:28 PM IST
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जीआईसी देवरिया।
- फोटो : अमर उजाला
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सुनील कुमार सिंह
देवरिया। राजकीय इंटर कॉलेज (जीआईसी) और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी) के दिन बहुरने वाले हैं। ‘क्लीन स्कूल, ग्रीन स्कूल’ योजना में दोनों का चयन हुआ है। प्रत्येक कॉलेज पर 50 लाख रुपये खर्च कर जीर्णोद्धार कराया जाएगा। भवन से लेकर फर्नीचर तक का कार्य तो कराया जाना ही है, पीने के साफ पानी का इंतजाम भी इसमें करना होगा।
वर्ष 1912 में राजकीय इंटर कॉलेज और इसके कुछ वर्ष बाद राजकीय बालिका इंटर कॉलेज का निर्माण हुआ है। अधिक समय और मरम्मत के अभाव में इनके भवन की स्थिति जर्जर हो रही है। जीजीआईसी के भवन की हालत तो काफी खराब हो गई है।
कई कमरों में शिक्षण कार्य नहीं होता है। इन विद्यालयों में फर्नीचर भी खराब हो रहे हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक ने इनके मरम्मत के लिए शासन को पत्र लिखा था। शासन ने ‘क्लीन स्कूल, ग्रीन स्कूल’ योजना में दोनों कॉलेज का चयन किया है। इस योजना में प्रत्येक स्कूल को 50 लाख रुपये मिलेंगे। बिल्डिंग रिपेयर पर 20 लाख, फर्नीचर पर 10 लाख और 20 लाख रुपये खर्च कर छात्रों, अध्यापकों, शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के साफ पानी की व्यवस्था की जानी है।
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देवरिया। राजकीय इंटर कॉलेज (जीआईसी) और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी) के दिन बहुरने वाले हैं। ‘क्लीन स्कूल, ग्रीन स्कूल’ योजना में दोनों का चयन हुआ है। प्रत्येक कॉलेज पर 50 लाख रुपये खर्च कर जीर्णोद्धार कराया जाएगा। भवन से लेकर फर्नीचर तक का कार्य तो कराया जाना ही है, पीने के साफ पानी का इंतजाम भी इसमें करना होगा।
वर्ष 1912 में राजकीय इंटर कॉलेज और इसके कुछ वर्ष बाद राजकीय बालिका इंटर कॉलेज का निर्माण हुआ है। अधिक समय और मरम्मत के अभाव में इनके भवन की स्थिति जर्जर हो रही है। जीजीआईसी के भवन की हालत तो काफी खराब हो गई है।
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कई कमरों में शिक्षण कार्य नहीं होता है। इन विद्यालयों में फर्नीचर भी खराब हो रहे हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक ने इनके मरम्मत के लिए शासन को पत्र लिखा था। शासन ने ‘क्लीन स्कूल, ग्रीन स्कूल’ योजना में दोनों कॉलेज का चयन किया है। इस योजना में प्रत्येक स्कूल को 50 लाख रुपये मिलेंगे। बिल्डिंग रिपेयर पर 20 लाख, फर्नीचर पर 10 लाख और 20 लाख रुपये खर्च कर छात्रों, अध्यापकों, शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के साफ पानी की व्यवस्था की जानी है।
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