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Deoria News: गर्भवती को प्रसव के लिए निजी अस्पताल भेजने वाली 29 आशा की समाप्त होगी सेवा
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- सीएमओ कार्यालय के धन्वंतरि सभागार में हुई जिला स्वास्थ्य समिति के शासी निकाय की बैठक
- संस्थागत प्रसव की प्रगति ठीक न होने पर सलेमपुर एमओआईसी को प्रतिकूल प्रविष्टि
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। जिला स्वास्थ्य समिति के शासी निकाय की बैठक सीएमओ कार्यालय के धन्वंतरि सभागार में हुई। बुधवार देर शाम डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में मार्च के कार्यों की समीक्षा की गई।
इसमें गर्भवती महिलाओं को प्रसव के लिए निजी अस्पतालों में भेजने वाली चिह्नित 29 आशा कार्यकर्ताओं (एक्रिडेटेड सोशल हेल्थ एक्टिविस्ट) के खिलाफ कार्रवाई न होने पर नाराजगी जताई गई। साथ ही डीसीपीएम डॉ. राजेश को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया। डीएम ने कहा कि निजी अस्पतालों से सांठगांठ करने वाली आशा का कार्य आपराधिक श्रेणी का है, जो लोगों को अनावश्यक निजी अस्पतालों में अधिक धन खर्च करने के लिए मजबूर करता है। ऐसी आशाओं की सेवा समाप्त करने की कार्रवाई की जाए।
डीएम के निर्देश पर सभी एमओआईसी ने निजी अस्पतालों के साथ मिलीभगत कर गर्भवती महिलाओं को प्रसव के लिए भेजने वाली 29 आशाओं की गोपनीय सूची सौंपी है। जिलाधिकारी ने सलेमपुर क्षेत्र में अपंजीकृत नर्सिंग होम के संचालन पर भी नाराजगी जताई। कहा कि जिला अस्पताल परिसर में नॉर्मल डिलीवरी के लिए प्रसवोत्तर इकाई की तर्ज पर चकियावा ढाला और सोमनाथ स्थित स्वास्थ्य केंद्रों पर नार्मल डिलीवरी के लिए डेडिकेटेड प्रसव केंद्र स्थापित किए जाएं। सरकारी डिलीवरी प्वाइंट पर आने वाली वाली गर्भवती महिलाओं का संस्थागत प्रसव कराया जाए। जननी सुरक्षा योजना के तहत मार्च तक संस्थागत प्रसव के 43,763 लक्ष्य के सापेक्ष 39,601 प्रसव हुए। सबसे कम सलेमपुर में 3,595 के सापेक्ष 2,427 संस्थागत प्रसव हुए हैं। शासी निकाय ने कम प्रगति के लिए उत्तरदायित्व तय करते हुए एमओआईसी सलेमपुर को प्रतिकूल प्रविष्टि देने का निर्देश दिया।
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जिलाधिकारी ने सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी के कार्यों की समीक्षा में यह बात सामने आई कि 188 में 22 सीएचओ सक्रिय नहीं है। इस पर डीएम ने इनकी सेवा समाप्त करने की कार्रवाई करने का निर्देश दिया। विशेष टीकाकरण पखवाड़ा में 0 से 5 वर्ष आयु के 4,71,592 बच्चों के सापेक्ष 491666 बच्चों का टीकाकरण किया गया, जो लक्ष्य का 104 प्रतिशत है।
जिलाधिकारी ने जनपद में बच्चों के टीकाकरण के संबंध में जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया। इसमें मंत्रा एप, ई-कवच डाटा फीडिंग, मातृ मृत्यु दर एवं शिशु मृत्यु दर की रिपोर्टिंग, दस्तक अभियान आदि की भी समीक्षा की गई। इस दौरान सीडीओ रवींद्र कुमाए, सीएमओ डॉ. राजेश झा, सीएमएस डॉ. एचके मिश्रा, एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह, डीआईओएस डॉ. विनोद राय, बीएसए हरिश्चंद्रनाथ, डीपीओ कृष्णकांत राय सहित सभी एमओआईसी आदि मौजूद रहे।
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- संस्थागत प्रसव की प्रगति ठीक न होने पर सलेमपुर एमओआईसी को प्रतिकूल प्रविष्टि
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। जिला स्वास्थ्य समिति के शासी निकाय की बैठक सीएमओ कार्यालय के धन्वंतरि सभागार में हुई। बुधवार देर शाम डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में मार्च के कार्यों की समीक्षा की गई।
इसमें गर्भवती महिलाओं को प्रसव के लिए निजी अस्पतालों में भेजने वाली चिह्नित 29 आशा कार्यकर्ताओं (एक्रिडेटेड सोशल हेल्थ एक्टिविस्ट) के खिलाफ कार्रवाई न होने पर नाराजगी जताई गई। साथ ही डीसीपीएम डॉ. राजेश को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया। डीएम ने कहा कि निजी अस्पतालों से सांठगांठ करने वाली आशा का कार्य आपराधिक श्रेणी का है, जो लोगों को अनावश्यक निजी अस्पतालों में अधिक धन खर्च करने के लिए मजबूर करता है। ऐसी आशाओं की सेवा समाप्त करने की कार्रवाई की जाए।
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डीएम के निर्देश पर सभी एमओआईसी ने निजी अस्पतालों के साथ मिलीभगत कर गर्भवती महिलाओं को प्रसव के लिए भेजने वाली 29 आशाओं की गोपनीय सूची सौंपी है। जिलाधिकारी ने सलेमपुर क्षेत्र में अपंजीकृत नर्सिंग होम के संचालन पर भी नाराजगी जताई। कहा कि जिला अस्पताल परिसर में नॉर्मल डिलीवरी के लिए प्रसवोत्तर इकाई की तर्ज पर चकियावा ढाला और सोमनाथ स्थित स्वास्थ्य केंद्रों पर नार्मल डिलीवरी के लिए डेडिकेटेड प्रसव केंद्र स्थापित किए जाएं। सरकारी डिलीवरी प्वाइंट पर आने वाली वाली गर्भवती महिलाओं का संस्थागत प्रसव कराया जाए। जननी सुरक्षा योजना के तहत मार्च तक संस्थागत प्रसव के 43,763 लक्ष्य के सापेक्ष 39,601 प्रसव हुए। सबसे कम सलेमपुर में 3,595 के सापेक्ष 2,427 संस्थागत प्रसव हुए हैं। शासी निकाय ने कम प्रगति के लिए उत्तरदायित्व तय करते हुए एमओआईसी सलेमपुर को प्रतिकूल प्रविष्टि देने का निर्देश दिया।
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जिलाधिकारी ने सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी के कार्यों की समीक्षा में यह बात सामने आई कि 188 में 22 सीएचओ सक्रिय नहीं है। इस पर डीएम ने इनकी सेवा समाप्त करने की कार्रवाई करने का निर्देश दिया। विशेष टीकाकरण पखवाड़ा में 0 से 5 वर्ष आयु के 4,71,592 बच्चों के सापेक्ष 491666 बच्चों का टीकाकरण किया गया, जो लक्ष्य का 104 प्रतिशत है।
जिलाधिकारी ने जनपद में बच्चों के टीकाकरण के संबंध में जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया। इसमें मंत्रा एप, ई-कवच डाटा फीडिंग, मातृ मृत्यु दर एवं शिशु मृत्यु दर की रिपोर्टिंग, दस्तक अभियान आदि की भी समीक्षा की गई। इस दौरान सीडीओ रवींद्र कुमाए, सीएमओ डॉ. राजेश झा, सीएमएस डॉ. एचके मिश्रा, एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह, डीआईओएस डॉ. विनोद राय, बीएसए हरिश्चंद्रनाथ, डीपीओ कृष्णकांत राय सहित सभी एमओआईसी आदि मौजूद रहे।