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Deoria News: 24 घंटे का दावा, आठ दिन बाद भी नहीं बदला गया ट्रांसफाॅर्मर
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देवरिया। प्रदेश सरकार और बिजली निगम के अफसरों की ओर से जले ट्रांसफाॅर्मर को 24 घंटे के भीतर बदलने का दावा फिलहाल हवा-हवाई साबित हो रहा है। तरकुलवा बिजली घर के हरैया, सोन्हुला रामनगर सहित कई गांवों का ट्रांसफाॅर्मर जलने के आठ दिन बाद भी नहीं बदला जा सका है। इससे उपभोक्ताओं में आक्रोश है। लोग उमस भरी गर्मी में बेहाल हैं, किंतु पुरसाहाल कोई नहीं है। ग्रामीणों ने बिजली निगम के जिम्मेदार अफसरों से ट्रांसफाॅर्मर बदलने की मांग की है।
ग्राम हरैया के खरहरिया टोले के उपभोक्ताओं की बिजली सप्लाई के लिए एक 25 केवीए का ट्रांसफऍर्मर लगा है, जिससे लगभग पचास घरों के ढाई सौ लोगों को बिजली आपूर्ति दी जाती है। ट्रांसफाॅर्मर ओवर लोड के चलते 17 सितंबर की शाम को तेज आवाज के साथ जल गया, जिसके बाद से ही यह गांव अंधेरे में डूबा हुआ है। बिजली-पानी के चलते ग्रामीण बेहाल हैं। लोगों को मोबाइल चार्ज करने बगल के गांवों में जाना पड़ रहा है। मिट्टी का तेल नहीं मिलने के चलते रात के अंधेरे में लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। मोमबत्ती जलाकर घर की महिलाओं को भोजन बनाने के लिए विवश होना पड़ रहा है। ग्रामीण ट्रांसफाॅर्मर बदलने के लिए बिजली निगम के अधिकारियों से लेकर क्षेत्रीय विधायक व कृषिमंत्री सूर्य प्रताप शाही से गुहार लगा चुके हैं, किंतु आजकल करते-करते आठ दिन गुजर गए और ट्रांसफाॅर्मर नहीं बदला जा सका है।
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ट्रांसफाॅर्मर के लिए हर रोज हो रही बात
जले ट्रांसफाॅर्मर बदलने के लिए रोज वर्कशॉप में बात की जा रहीं है। ट्रांसफाॅर्मर नहीं होने से देरी हो रही है।
-संदीप कुमार, जेई
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ग्राम हरैया के खरहरिया टोले के उपभोक्ताओं की बिजली सप्लाई के लिए एक 25 केवीए का ट्रांसफऍर्मर लगा है, जिससे लगभग पचास घरों के ढाई सौ लोगों को बिजली आपूर्ति दी जाती है। ट्रांसफाॅर्मर ओवर लोड के चलते 17 सितंबर की शाम को तेज आवाज के साथ जल गया, जिसके बाद से ही यह गांव अंधेरे में डूबा हुआ है। बिजली-पानी के चलते ग्रामीण बेहाल हैं। लोगों को मोबाइल चार्ज करने बगल के गांवों में जाना पड़ रहा है। मिट्टी का तेल नहीं मिलने के चलते रात के अंधेरे में लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। मोमबत्ती जलाकर घर की महिलाओं को भोजन बनाने के लिए विवश होना पड़ रहा है। ग्रामीण ट्रांसफाॅर्मर बदलने के लिए बिजली निगम के अधिकारियों से लेकर क्षेत्रीय विधायक व कृषिमंत्री सूर्य प्रताप शाही से गुहार लगा चुके हैं, किंतु आजकल करते-करते आठ दिन गुजर गए और ट्रांसफाॅर्मर नहीं बदला जा सका है।
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ट्रांसफाॅर्मर के लिए हर रोज हो रही बात
जले ट्रांसफाॅर्मर बदलने के लिए रोज वर्कशॉप में बात की जा रहीं है। ट्रांसफाॅर्मर नहीं होने से देरी हो रही है।
-संदीप कुमार, जेई