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महिला अस्पताल में नहीं हुआ सीजर वापस लौटी प्रसूताएं
Updated Fri, 29 Sep 2017 10:27 PM IST
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देवरिया। महिला अस्पताल में सीजर के लिए पहुंची प्रसूताओं को घंटों इंतजार के बाद वापस लौटना पड़ा। इमरजेंसी में तैनात महिला डॉक्टर ने सीजर करने से हाथ खड़ा कर लिया। इसको लेकर तीमारदारों और कर्मचारियों से तकरार हुआ।
महिला अस्पताल की व्यवस्था सुधरने के बजाए बिगड़ती जा रहा है। गुरुवार को जांच के बाद प्रसूताओं को चिकित्सक ने ऑपरेशन और प्रसव के लिए बुलाया था। सुबह सात बजे प्रसूता को लेकर तीमारदार पहुंच गए। 10 बजे तक इंतजार के बाद ओटी से एक महिला चिकित्सक आई और परिपक्व नहीं होने की बात कहते हुए ऑपरेशन करने से इंकार कर दी। अन्य महिला चिकित्सक छुट्टी की वजह से अस्पताल नहीं आई थी। इससे नाराज तीमारदारों ने स्वास्थ्य कर्मियों पर मनमानी का आरोप लगाते हुए कहासुनी करने लगे। गर्भवती महिलाओं की प्रसव पीड़ा तेज होने के चलते घरवाले प्राइवेट अस्पताल में लेकर चले गए। इसमें कई ऐसी प्रसूताएं थी जो निजी अस्पतालों में अधिक रकम खर्च कर ऑपरेशन कराने में अक्षम थी। लेकिन लोग सरकारी सिस्टम को कोसते हुए अस्पताल से लेते गए। सीएमएस डॉ. माला सिन्हा ने बताया कि आज अवकाश था। इसलिए कोई नहीं गया होगा। जिसकी ड्यूटी थी उसे सीजर करना चाहिए। अगर प्रसूताएं वापस लौटी है तो इसकी जांच कराई जाएगी।
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महिला अस्पताल की व्यवस्था सुधरने के बजाए बिगड़ती जा रहा है। गुरुवार को जांच के बाद प्रसूताओं को चिकित्सक ने ऑपरेशन और प्रसव के लिए बुलाया था। सुबह सात बजे प्रसूता को लेकर तीमारदार पहुंच गए। 10 बजे तक इंतजार के बाद ओटी से एक महिला चिकित्सक आई और परिपक्व नहीं होने की बात कहते हुए ऑपरेशन करने से इंकार कर दी। अन्य महिला चिकित्सक छुट्टी की वजह से अस्पताल नहीं आई थी। इससे नाराज तीमारदारों ने स्वास्थ्य कर्मियों पर मनमानी का आरोप लगाते हुए कहासुनी करने लगे। गर्भवती महिलाओं की प्रसव पीड़ा तेज होने के चलते घरवाले प्राइवेट अस्पताल में लेकर चले गए। इसमें कई ऐसी प्रसूताएं थी जो निजी अस्पतालों में अधिक रकम खर्च कर ऑपरेशन कराने में अक्षम थी। लेकिन लोग सरकारी सिस्टम को कोसते हुए अस्पताल से लेते गए। सीएमएस डॉ. माला सिन्हा ने बताया कि आज अवकाश था। इसलिए कोई नहीं गया होगा। जिसकी ड्यूटी थी उसे सीजर करना चाहिए। अगर प्रसूताएं वापस लौटी है तो इसकी जांच कराई जाएगी।
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