चंदौली। वेतन विसंगति सहित आठ सूत्रीय मांगों को लेकर जनपद के लेखपालों का धरना शनिवार को प्रदेश सरकार के विरोध धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान लेखपालों ने शासन-प्रशासन पर उपेक्षा का आरोप लगाया और मांगों के समर्थन में नारेबाजी की। चेताया कि मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि लेखपालों पर विभागीय कार्यों के साथ ही अतिरिक्त जिम्मेदारियां सौंपी जा रही हैं। इसके चलते विभागीय काम लंबित हो रहे हैं। लेखपालों से पराली जलाने पर प्रतिबंध को जागरूकता, किसान सम्मान निधि, फसल बर्बादी का सर्वे, धान बेचने के लिए आवेदन करने वाले किसानों के खातों का सत्यापन आदि कार्य कराए जा रहे हैं। इसके बदले कोई अतिरिक्त भत्ता आदि नहीं दिया जा रहा है। कहा प्रोन्नति, पेंशन विसंगति, यात्रा भत्ता, लेखपालों का पदनाम राजस्व निरीक्षक करने, सेवा नियमावली में बदलाव, वेतन विसंगतियों को दूर करने, वेतन उच्चीकरण, पीएम किसान सम्मान निधि के तहत प्रति खाता लेखपालों को भत्ता देने समेत अन्य मांगों को लेकर आंदोलन किया जा रहा है, लेकिन सरकार संवेदनहीन बनी हुई है। जब तक मांग पूरी नहीं हो जाती है तक आंदोलन जारी रहेगा। इस दौरान वीरेंद्र कुमार यादव, दिलीप कुमार गोंड, धनंजय जायसवाल, रामकेश यादव, विकास गुप्ता, सूर्यप्रकाश, मोहन प्रसाद, संदीप मौर्या, प्रंशात कुमार, बेचूलाल यादव, वरूण कुमार, सुजीत यादव, संदीप सिंह रहे।