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जिले में हादसों का सबसे बड़ा कारण बने मालवाहक वाहन
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पीडीडीयू नगर। पिछले पांच वर्षों के भीतर जिले में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में इजाफा हुआ है। वर्ष 2022 में जनवरी से सितंबर माह के बीच जिले में 166 सड़क दुर्घटनाएं हुई। जिसमें 72 सड़क दुर्घटनाएं मालवाहकों से हुईं। इसमें ट्रक, ट्रैक्टर और पिकअप जैसे वाहन शामिल हैं।
जिले में जनवरी में ट्रक से सात, ट्रैक्टर से चार दुर्घटनाएं हुईं। वहीं फरवरी में ट्रक से तीन, ट्रैक्टर से एक व पिकअप से तीन हादसे हुए। मार्च में ट्रक से चार, ट्रैक्टर से तीन व पिकअप से दो, अप्रैल में ट्रक व ट्रैक्टर से एक-एक एवं पिकअप से चार सड़क दुुर्घटनाएं हुईं। मई में ट्रक से सबसे अधिक नौ सड़क दुर्घटनाएं हुईं जबकि ट्रैक्टर से पांच और पिकअप से दो घटनाएं हुई। जून माह में ट्रैक्टर से पांच व पिकअप से छह , जुलाई में ट्रक से दो व पिकअप से छह सड़क दुर्घटनाएं हुईं। अगस्त माह में ट्रक से तीन, ट्रैक्टर से एक व सितरंबर माह में ट्रैक, ट्रैक्टर और पिकअप से एक-एक सड़क दुर्घटनाएं हुई हैं।
दुर्घटनाएं हुईं ज्यादा, फिर भी नहीं लगाया चेतावनी बोर्ड
पीडीडीयू नगर। जिले में सिंघीताली, नौबतपुर, भतीजा मोड़, दुलहीपुर, कटरिया, पड़ाव, गंजख्वाजा, पचफेड़वा मोड़, चंदासी कोल मंडी, अलीनगर तिराहा, चहनिया मार्ग, धानापुर-अवाजापुर मार्ग दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र है। यहां यातायात विभाग की ओर से चेतावनी बोर्ड नहीं लगाया गया है। न ही गति के संबंध में कोई निर्देश बोर्ड लगा है। संवाद
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पीडीडीयू नगर। सड़क किनारे खड़े ट्रकों से रात में कई बार दुर्घटनाएं हो जाती हैं। रात में सबसे अधिक सड़क दुर्घटनाएं चंदासी, दुलहीपुर व हाइवे पर होती है। कुछ दिनों पूर्व चंदासी कोल मंडी में सड़क पर ट्रक से एक ऑटो की टक्कर हो गई थी। जिसमें एक व्यक्ति की मौत भी हो गई थी।
सड़क किनारे खड़े ट्रकों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। पिछले माह दो सौ ट्रकों का चालान किया गया है। वहीं दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र में सतर्कता नाटिस बोर्ड लगाने के लिए पीडब्ल्यूडी को कहा जाएगा। - सूर्यप्रताप देव, एआरटीओ प्रवर्तन, चंदौली
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जिले में जनवरी में ट्रक से सात, ट्रैक्टर से चार दुर्घटनाएं हुईं। वहीं फरवरी में ट्रक से तीन, ट्रैक्टर से एक व पिकअप से तीन हादसे हुए। मार्च में ट्रक से चार, ट्रैक्टर से तीन व पिकअप से दो, अप्रैल में ट्रक व ट्रैक्टर से एक-एक एवं पिकअप से चार सड़क दुुर्घटनाएं हुईं। मई में ट्रक से सबसे अधिक नौ सड़क दुर्घटनाएं हुईं जबकि ट्रैक्टर से पांच और पिकअप से दो घटनाएं हुई। जून माह में ट्रैक्टर से पांच व पिकअप से छह , जुलाई में ट्रक से दो व पिकअप से छह सड़क दुर्घटनाएं हुईं। अगस्त माह में ट्रक से तीन, ट्रैक्टर से एक व सितरंबर माह में ट्रैक, ट्रैक्टर और पिकअप से एक-एक सड़क दुर्घटनाएं हुई हैं।
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दुर्घटनाएं हुईं ज्यादा, फिर भी नहीं लगाया चेतावनी बोर्ड
पीडीडीयू नगर। जिले में सिंघीताली, नौबतपुर, भतीजा मोड़, दुलहीपुर, कटरिया, पड़ाव, गंजख्वाजा, पचफेड़वा मोड़, चंदासी कोल मंडी, अलीनगर तिराहा, चहनिया मार्ग, धानापुर-अवाजापुर मार्ग दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र है। यहां यातायात विभाग की ओर से चेतावनी बोर्ड नहीं लगाया गया है। न ही गति के संबंध में कोई निर्देश बोर्ड लगा है। संवाद
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पीडीडीयू नगर। सड़क किनारे खड़े ट्रकों से रात में कई बार दुर्घटनाएं हो जाती हैं। रात में सबसे अधिक सड़क दुर्घटनाएं चंदासी, दुलहीपुर व हाइवे पर होती है। कुछ दिनों पूर्व चंदासी कोल मंडी में सड़क पर ट्रक से एक ऑटो की टक्कर हो गई थी। जिसमें एक व्यक्ति की मौत भी हो गई थी।
सड़क किनारे खड़े ट्रकों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। पिछले माह दो सौ ट्रकों का चालान किया गया है। वहीं दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र में सतर्कता नाटिस बोर्ड लगाने के लिए पीडब्ल्यूडी को कहा जाएगा। - सूर्यप्रताप देव, एआरटीओ प्रवर्तन, चंदौली