{"_id":"607879418ebc3e5923690635","slug":"froud-bulandshahr-news-gbd217241779","type":"story","status":"publish","title_hn":"खाते से निकल गए 50 हजार, खातेदार किसान को नहीं चला पता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खाते से निकल गए 50 हजार, खातेदार किसान को नहीं चला पता
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खाते से निकल गए 50 हजार, खातेदार किसान को नहीं चला पता
पहासू। जनपद में साइबर ठगी के मामले थमते नजर नहीं आ रहे हैं। प्रत्येक सप्ताह दो मामले ऐसे आ रहे हैं। जिसमें लोगों के अकाउंट में सेंध लगाकर शातिर उनकी मेहनत की कमाई ले उड़ रहे हैं। क्षेत्र के गांव खेड़ा निवासी किसान के अकाउंट से शातिरों ने 25-25 हजार रुपये दो बार में निकाल लिए। बैंक में पासबुक चेक करने के दौरान किसान को ठगी के बारे में जानकारी हुई। मामले में पीड़ित ने थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
गांव खेड़ा निवासी लोकेश कुमार ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उसका पंजाब नेशनल बैंक में खाता है। बीते दो अप्रैल को उसके खाते से 25-25 हजार रुपये दो बार में निकाले गए। खाते से निकाली गई 50 हजार रुपये की रकम के संबंध में उन्हें जानकारी नहीं है। चार अप्रैल को बैंक में जाकर चेक किया तब उन्हें ठगी की जानकारी हुई। पीड़ित किसान ने बताया कि उसके पास कोई फोन आदि भी नहीं आया है और ना ही उसने अपने खाते की जानकारी किसी के साथ साझा की, इसके बाद भी खाते से राशि कट गई। इस संबंध में उन्होंने बैंक के कर्मियों से वार्ता की, तो उन्होंने भी संतोषजनक जवाब नहीं दिया। वहीं, मामले में बृहस्पतिवार को वह बैंक में जानकारी करने आए तो बैंक बंद मिला। बताया गया कि बैंक के एक कर्मी के कोरोना की चपेट में आने के चलते बैंक बंद है। इसके बाद पीड़ित ने थाने पहुंचकर मामले की तहरीर पुलिस को दी है। थाना प्रभारी मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
कभी पॅलिसी के नाम पर तो कभी क्रेडिट कार्ड के नाम होती है ठगी
साइबर ठगी करने वाले शातिर तरह तरह से लोगों को झांसा देकर उनकी गाढ़ी कमाई लूट लेते हैं। अभी हाल ही में तीन दिन पूर्व नगर कोतवाली में दर्ज रिपोर्ट में दो मामले ऐसे सामने आए हैं। मोहल्ला सराय चौधरान निवासी निशांत शर्मा के मोबाइल पर पिछले साप्ताह एक कॉल आई। फोनकर्ता ने एक बैंक का कर्मी खुद को बताकर पॉलिसी पूरी होने के नाम पर ढाई लाख रुपये की ठगी कर ली। वहीं, नगर के मोहल्ला देवीपुरा निवासी अशोक कुमार के साथ भी एक सप्ताह पूर्व ठग ने क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़वाने के नाम पर कार्ड नंबर लेकर उसके खाते से 30 हजार रुपये की शापिंग कर ली थी।
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खाते की न दें कोई जानकारी
साइबर सेल प्रभारी इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ की मानें तो बैंक कभी किसी भी प्रकार की जानकारी नहीं मांगते हैं। इसलिए कभी भी किसी व्यक्ति को पर्सनल डिटेल नहीं बताएं। साथ ही कई बार शातिर लोगों को अपने जाल में फंसा कर फोन, ईमेल या एसएमएस इंटरनेट बैंकिंग की डिटेल पूछते हैं। इससे भी सावधान रहने की जरूरत है।
- कभी भी किसी वेबसाइट पर संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें। यदि एटीएम कार्ड इस्तेमाल करते हैं तो पासवर्ड को लगातार बदलते रहें और रुपये निकालने के दौरान एटीएम केबिन में अकेले ही प्रवेश करें।
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पहासू। जनपद में साइबर ठगी के मामले थमते नजर नहीं आ रहे हैं। प्रत्येक सप्ताह दो मामले ऐसे आ रहे हैं। जिसमें लोगों के अकाउंट में सेंध लगाकर शातिर उनकी मेहनत की कमाई ले उड़ रहे हैं। क्षेत्र के गांव खेड़ा निवासी किसान के अकाउंट से शातिरों ने 25-25 हजार रुपये दो बार में निकाल लिए। बैंक में पासबुक चेक करने के दौरान किसान को ठगी के बारे में जानकारी हुई। मामले में पीड़ित ने थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
गांव खेड़ा निवासी लोकेश कुमार ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उसका पंजाब नेशनल बैंक में खाता है। बीते दो अप्रैल को उसके खाते से 25-25 हजार रुपये दो बार में निकाले गए। खाते से निकाली गई 50 हजार रुपये की रकम के संबंध में उन्हें जानकारी नहीं है। चार अप्रैल को बैंक में जाकर चेक किया तब उन्हें ठगी की जानकारी हुई। पीड़ित किसान ने बताया कि उसके पास कोई फोन आदि भी नहीं आया है और ना ही उसने अपने खाते की जानकारी किसी के साथ साझा की, इसके बाद भी खाते से राशि कट गई। इस संबंध में उन्होंने बैंक के कर्मियों से वार्ता की, तो उन्होंने भी संतोषजनक जवाब नहीं दिया। वहीं, मामले में बृहस्पतिवार को वह बैंक में जानकारी करने आए तो बैंक बंद मिला। बताया गया कि बैंक के एक कर्मी के कोरोना की चपेट में आने के चलते बैंक बंद है। इसके बाद पीड़ित ने थाने पहुंचकर मामले की तहरीर पुलिस को दी है। थाना प्रभारी मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
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कभी पॅलिसी के नाम पर तो कभी क्रेडिट कार्ड के नाम होती है ठगी
साइबर ठगी करने वाले शातिर तरह तरह से लोगों को झांसा देकर उनकी गाढ़ी कमाई लूट लेते हैं। अभी हाल ही में तीन दिन पूर्व नगर कोतवाली में दर्ज रिपोर्ट में दो मामले ऐसे सामने आए हैं। मोहल्ला सराय चौधरान निवासी निशांत शर्मा के मोबाइल पर पिछले साप्ताह एक कॉल आई। फोनकर्ता ने एक बैंक का कर्मी खुद को बताकर पॉलिसी पूरी होने के नाम पर ढाई लाख रुपये की ठगी कर ली। वहीं, नगर के मोहल्ला देवीपुरा निवासी अशोक कुमार के साथ भी एक सप्ताह पूर्व ठग ने क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़वाने के नाम पर कार्ड नंबर लेकर उसके खाते से 30 हजार रुपये की शापिंग कर ली थी।
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खाते की न दें कोई जानकारी
साइबर सेल प्रभारी इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ की मानें तो बैंक कभी किसी भी प्रकार की जानकारी नहीं मांगते हैं। इसलिए कभी भी किसी व्यक्ति को पर्सनल डिटेल नहीं बताएं। साथ ही कई बार शातिर लोगों को अपने जाल में फंसा कर फोन, ईमेल या एसएमएस इंटरनेट बैंकिंग की डिटेल पूछते हैं। इससे भी सावधान रहने की जरूरत है।
- कभी भी किसी वेबसाइट पर संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें। यदि एटीएम कार्ड इस्तेमाल करते हैं तो पासवर्ड को लगातार बदलते रहें और रुपये निकालने के दौरान एटीएम केबिन में अकेले ही प्रवेश करें।