फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   Doctor's strike

हेड कांस्टेबल ने डॉक्टर से की अभद्रता, तीन घंटे बंद रही ओपीडी

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 22 Jul 2021 11:28 PM IST
विज्ञापन
Doctor's strike
जिला अस्पताल में हड़ताल के दौरान सिटी मजिस्ट्रेट और सीओ को घटना की जानकारी देता चिकित्सक आशीष प्? - फोटो : BULANDSHAHR
हेड कांस्टेबल ने डॉक्टर से की अभद्रता, तीन घंटे बंद रही ओपीडी
विज्ञापन

बुलंदशहर। जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड कराने आए हेड कांस्टेबल ने डॉक्टर से अभद्रता कर दी। अमर्यादित भाषा का प्रयोग किए जाने पर चिकित्सकों ने इसकी शिकायत एसएसपी से की। आरोप है कि इसी दौरान कोतवाल ने फोन पर डाक्टरों से अभ्रद भाषा में बात की। इसके बाद डॉक्टरों कार्य बहिष्कार कर पुलिस विभाग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। करीब तीन घंटे तक ओपीडी बंद रही। इससे मरीजों को परेशानी हुई। हंगामे की सूचना पर सीओ सिटी और नगर मजिस्ट्रेट मौके पर पहुंचे और कार्रवाई का आश्वासन दिया। डॉक्टर ने हेड कांस्टेबल को सस्पेंड करने और नगर कोतवाल द्वारा अभद्र भाषा बोले जाने पर माफी मांगने की मांग की। वहीं, एडीएम प्रशासन और एसपी सिटी भी मामले की जांच करने पहुंचे।
यह था पूरा मामला
जिला अस्पताल में सुबह आठ बजे ओपीडी सेवा शुरू हो गई। ओपीडी शुरू होने के बाद नगर कोतवाली में हेड कांस्टेबल (मुख्य आरक्षी) के पद पर तैनात विजय सिंह अल्ट्रासाउंड कराने पहुंचे। आरोप है कि बिना नंबर दर्ज कराए हेड कांस्टेबल महिला स्वास्थ्य कर्मी को धक्का देकर डॉक्टर के कक्ष में पहुंच गए। यहां डॉक्टर से तत्काल अल्ट्रासाउंड करने की बात कही।
विज्ञापन

जिला अस्पताल के रेडियोलॉजिस्ट डॉ. आशीष प्रकाश ने बताया कि अन्य मरीजों का अल्ट्रासाउंड किए जाने की जगह हेड कांस्टेबल का अल्ट्रासाउंड किया गया। इसके बाद हेड कांस्टेबल द्वारा बार-बार रिपोर्ट के बारे में पूछा गया। इस पर डॉक्टर ने एक ही बार पूरी रिपोर्ट पूछे जाने की बात कही। इस पर सिपाही भड़क गया और अभद्र व्यवहार करने लगा। इसकी सूचना तत्काल एसएसपी को फोन पर दी गई। एसएसपी से शिकायत किए जाने पर हेड कांस्टेबल ने नगर कोतवाली प्रभारी से जबरन बात करवाई।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोतवाली प्रभारी द्वारा अमर्यादित भाषा का प्रयोग किए जाने का डॉक्टर ने आरोप लगाया। चिकित्सालय में आकर देख लेने की धमकी दी। इस पर सभी चिकित्सक और स्वास्थ्य कर्मियों ने कार्य बहिष्कार कर इमरजेंसी पर विरोध प्रदर्शन किया।
तीन घंटे तक घूमते रहे मरीज
जिला अस्पताल में बृहस्पतिवार सुबह काफी संख्या में मरीज और तीमारदार जांच कराने और परामर्श लेने के लिए आए थे। ओपीडी का संचालन सुबह करीब 9.30 बजे बाधित होने से मरीज और तीमारदार इधर उधर घूमते रहे। करीब तीन घंटे बाद 12.30 पर ओपीडी का संचालन शुरू हुआ। चिकित्सकों के अपने कक्ष में न बैठने से इंतजार करना पड़ा। कुछ मरीज बिना इलाज कराए बैरंग लौट गए। इस दौरान टीकाकरण का कार्य भी बंद रहा। वहीं, काम लौटे कुछ डॉक्टरों ने भीड़ अधिक होने पर तीन बजे तक ओपीडी में मरीजों को देखा।
इलाज नहीं मिलने से हुई परेशानी
पैरों में सूजन कम न होने पर बुजुर्ग महिला परिजनों संग उपचार कराने के लिए सुबह अस्पताल आई। लेकिन हड़ताल शुरू होने पर परिजन महिला को गोद में उठाकर इधर-उधर घूमते रहे। इलाज नहीं मिलने से परेशानी हुई।
मुन्नी देवी, कर्णवास निवासी
करना पड़ा इंतजार
काफी दिनों से बेटी के बीमार होने पर उपचार कराने के लिए लाया था। चिकित्सकों की हड़ताल शुरू किए जाने से काफी देर इंतजार करना पड़ा।
- गज्जू (वैष्णवी के पिता), धरारी निवासी
बेटे को दिखाने आई थी
मौसम में बदलाव होने के कारण बेटे को डायरिया हो गया। उसे दिखाने के लिए अस्पताल आई।
- चंचल, आवास विकास निवासी
हड़ताल के चलते नहीं मिला उपचार
सिर में लगातार दर्द रहने पर उपचार कराया। फायदा न होने पर जिला अस्पताल आया हूं। लेकिन काफी देर तक किसी ने भी हड़ताल के चलते नहीं देखा। - रामभूल, मांगलौर निवासी
24 घंटे में कार्रवाई न होने पर हड़ताल पर जाने का एलान
जिला अस्पताल के चिकित्सकों ने हेड कांस्टेबल को संस्पेंड करने और नगर कोतवाली प्रभारी द्वारा माफी मांगने और उनका स्थानांतरण करने की मांग की। जिसे एडीएम प्रशासन रवींद्र कुमार, एसपी सिटी सुरेंद्र नाथ तिवारी, नगर मजिस्ट्रेट जगदंबा सिंह और सीओ सिटी संग्राम सिंह आदि द्वारा कार्रवाई का आश्वासन दिया गया। वहीं, संबंधित पर कार्रवाई के लिए अपर निदेशक, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, डीआईजी मेरठ, डीएम, एसएसपी, सीएमओ और सीएमएस को पत्र भेजा है। 24 घंटे में कार्रवाई न होने पर हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी है।

सुबह के समय भीड़ अधिक रहती है। इसके बावजूद हेड कांस्टेबल का अल्ट्रासाउंड किया गया। बार-बार पूछे जाने पर रेडियोलॉजिस्ट द्वारा एक बार ही पूछने को कहा। इस पर हेड कांस्टेबल द्वारा अभद्र व्यवहार किया और इसके बाद कोतवाली प्रभारी द्वारा फोन पर अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया। हेड कांस्टेबल को संस्पेड करने व कोतवाली प्रभारी द्वारा माफी मांगने की मांग की। समस्या को बैठकर सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है।
डॉ. रोहताश यादव, एसीएमओ
जिला अस्पताल में जाकर संबंधित रेडियोलॉजिस्ट से बात की। मामले की जांच कराई जा रही है। जांच में जो भी दोषी होगा उस पर कार्रवाई की जाएगी।
सुरेंद्र नाथ तिवारी, एसपी सिटी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed