{"_id":"6155f64d8ebc3e626d1ae35c","slug":"bribe-case-bulandshahr-news-gbd226897764","type":"story","status":"publish","title_hn":"रिश्वत लेने के मामले में डीएमओ समेत 4 पर रिपोर्ट दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रिश्वत लेने के मामले में डीएमओ समेत 4 पर रिपोर्ट दर्ज
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रिश्वत लेने के मामले में डीएमओ समेत 4 पर रिपोर्ट दर्ज
बुलंदशहर। भ्रष्टाचार के मामले में अब स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी समेत चार कर्मचारियों के खिलाफ नगर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज की गई है। इस माह में यह दूसरा मामला है जब किसी विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों पर रिपोर्ट दर्ज किया गया है। इससे पहले दो कर्मचारियों को सीएमओ ने सस्पेंड और एक के खिलाफ शासन को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा है।
नरौरा क्षेत्र के गांव मऊनंगला निवासी सतेंद्र सिंह पुत्र स्व. हेम सिंह ने शासन को शिकायत भेजकर बताया था कि वह 31 जुलाई 2021 को स्वास्थ्य विभाग के नगरीय मलेरिया इकाई से सेवानिवृत्त हुए थे। सेवानिवृत्ति से पहले ही अपनी पेंशन व अन्य भत्तों के लिए आवश्यक दस्तावेज कार्यालय में जमा करा दिए थे। इसके बाद कार्यालय में तैनात लिपिक कुलवंत से संपर्क करते हुए पेंशन, पीएफ व अन्य भुगतान को शीघ्र करने की मांग की। उन्होंने कहा कि इन प्रकरण को कार्यालय में तैनात लिपिक सुरेंद्र शर्मा देखते हैं। जब सुरेंद्र शर्मा से संपर्क किया तो आरोपी लिपिक ने कहा कि कार्यालय में बिना रिश्वत के कोई कार्य नहीं किया जाता है।
इस संबंध में जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. बीके श्रीवास्तव से शिकायत की गई तो उन्होंने भी टाल मटोल किया। इसके बाद लिपिक सुरेंद्र शर्मा को 15 हजार, चपरासी भूपेंद्र को पांच हजार और वरिष्ठ लिपिक निर्देश पाल को 14 हजार रुपये की रिश्वत दी। शिकायतकर्ता ने आरोपियों की वीडियो भी शासन को भेजी थी।
विज्ञापन
आरोपियों के फोन हुए स्विच ऑफ
स्वास्थ्य विभाग के डीएमओ, वरिष्ठ लिपिक, लिपिक व चपरासी के खिलाफ नगर कोतवाली में भ्रष्टाचार की धाराओं में मुकदमा दर्ज होने के बाद सबके फोन भी स्विच ऑफ आ रहे हैं।
जांच टीम ने डीएमओ को दी थी क्लीन चिट
शासन के निर्देश पर डीएम ने मामले में सीएमओ को कार्रवाई के आदेश दिए थे। इस पर सीएमओ ने तीन सदस्यीय टीम को जांच सौंपी थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर वरिष्ठ लिपिक निर्देशपाल का पटल परिवर्तन करते हुए शासन को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा था। जबकि सुरेंद्र शर्मा व भूपेंद्र को सस्पेंड कर दिया था। जबकि डीएमओ डॉ. बीके श्रीवास्तव को क्लीन चिट दे दी थी।
पीड़ित की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पीड़ित ने वीडियो भी सौंपी हैं। इनकी जांच व अन्य साक्ष्य के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- संजीव कुमार शर्मा, नगर कोतवाली प्रभारी
विज्ञापन
बुलंदशहर। भ्रष्टाचार के मामले में अब स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी समेत चार कर्मचारियों के खिलाफ नगर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज की गई है। इस माह में यह दूसरा मामला है जब किसी विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों पर रिपोर्ट दर्ज किया गया है। इससे पहले दो कर्मचारियों को सीएमओ ने सस्पेंड और एक के खिलाफ शासन को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा है।
नरौरा क्षेत्र के गांव मऊनंगला निवासी सतेंद्र सिंह पुत्र स्व. हेम सिंह ने शासन को शिकायत भेजकर बताया था कि वह 31 जुलाई 2021 को स्वास्थ्य विभाग के नगरीय मलेरिया इकाई से सेवानिवृत्त हुए थे। सेवानिवृत्ति से पहले ही अपनी पेंशन व अन्य भत्तों के लिए आवश्यक दस्तावेज कार्यालय में जमा करा दिए थे। इसके बाद कार्यालय में तैनात लिपिक कुलवंत से संपर्क करते हुए पेंशन, पीएफ व अन्य भुगतान को शीघ्र करने की मांग की। उन्होंने कहा कि इन प्रकरण को कार्यालय में तैनात लिपिक सुरेंद्र शर्मा देखते हैं। जब सुरेंद्र शर्मा से संपर्क किया तो आरोपी लिपिक ने कहा कि कार्यालय में बिना रिश्वत के कोई कार्य नहीं किया जाता है।
विज्ञापन
इस संबंध में जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. बीके श्रीवास्तव से शिकायत की गई तो उन्होंने भी टाल मटोल किया। इसके बाद लिपिक सुरेंद्र शर्मा को 15 हजार, चपरासी भूपेंद्र को पांच हजार और वरिष्ठ लिपिक निर्देश पाल को 14 हजार रुपये की रिश्वत दी। शिकायतकर्ता ने आरोपियों की वीडियो भी शासन को भेजी थी।
विज्ञापन
आरोपियों के फोन हुए स्विच ऑफ
स्वास्थ्य विभाग के डीएमओ, वरिष्ठ लिपिक, लिपिक व चपरासी के खिलाफ नगर कोतवाली में भ्रष्टाचार की धाराओं में मुकदमा दर्ज होने के बाद सबके फोन भी स्विच ऑफ आ रहे हैं।
जांच टीम ने डीएमओ को दी थी क्लीन चिट
शासन के निर्देश पर डीएम ने मामले में सीएमओ को कार्रवाई के आदेश दिए थे। इस पर सीएमओ ने तीन सदस्यीय टीम को जांच सौंपी थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर वरिष्ठ लिपिक निर्देशपाल का पटल परिवर्तन करते हुए शासन को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा था। जबकि सुरेंद्र शर्मा व भूपेंद्र को सस्पेंड कर दिया था। जबकि डीएमओ डॉ. बीके श्रीवास्तव को क्लीन चिट दे दी थी।
पीड़ित की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पीड़ित ने वीडियो भी सौंपी हैं। इनकी जांच व अन्य साक्ष्य के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- संजीव कुमार शर्मा, नगर कोतवाली प्रभारी