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Budaun News: लाइसेंस की क्षमता से अधिक बारूद का अवैध भंडारण मिलने पर दो पटाखा गाेदाम किए सील
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शहर स्थित जय मां ट्रेडर्स पर मिला क्षमता अधिक बारूद प्रशासन ने किया सील। संवाद
बदायूं। प्रयागराज और कौशांबी जिले की सीमा पर अवैध पटाखा फैक्टरी में 31 अगस्त को हुए विस्फोट में 13 लोगों की मौत होने के बाद से बदायूं जिला प्रशासन ने भी पटाखा गोदामों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस, फायर और प्रशासन की संयुक्त जांच में शहर के सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के जय मां ट्रेडर्स के पटाखा गोदाम को बृहस्पतिवार को क्षमता से अधिक बारूद का भंडारण मिलने पर सील कर दिया गया। वहीं उझानी के नविश इंटरप्राइजेज पर भी अधिक भंडारण मिला था, जिसे बुधवार देर रात ही सील कर दिया गया था। दोनों गोदामों पर फायर सुरक्षा भी मानकों के अनुसार नहीं मिली।
सिटी मजिस्ट्रेट सुमित कुमार, सीओ सिटी राहुल पांडेय और सीएफओ रामराजा यादव ने संयुक्त रूप से सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के सोत नदी पर घोंचा पुल के पास स्थित जय मां ट्रेडर्स पर बृहस्पतिवार को छापा मारा। छापे में अनियमितताएं और क्षमता से अधिक बारूद और पटाखों का जखीरा मिला। अनियमितताओं और क्षमता से अधिक बारूद और चीनी पटाखें मिलने पर प्रतिष्ठान को सील कर दिया गया। बता दें कि जय मां ट्रेडर्स के पास 100 किलोग्राम बारूद और 500 किलोग्राम चीनी पटाखे एवं फुलझड़ी रखने का लाइसेंस है।
वहीं, उझानी में बुधवार देर रात उझानी-बिल्सी रोड स्थित नविश इंटरप्राइजेज के पास भी क्षमता से अधिक बारूद का भंडारण मिला था। देर रात तक यहां जांच की गई। इसके बाद प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए क्षमता से अधिक भंडारण मिलने पर गोदाम को सील कर दिया।
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बता दें कि जिलेभर में 19 कारोबारियों के पास पटाखा बेचने का लाइसेंस है। इनमें 10 के पास निर्माण और बेचने दोनों का लाइसेंस है। बता दें कि कौशांबी में पटाखा फैक्टरी में आग लगने के बाद हुए धमाके में 13 लोगों की मौत हो गई थी। इस घटना के बाद बदायूं प्रशासन भी अलर्ट दिखाई दे रहा है। लगातार पटाखा बनाने और बेचने वालों के प्रतिष्ठान और गोदामों का निरीक्षण किया जा रहा है।
सीएफओ बोले- फायर सिस्टम मानक के अनुसार नहीं मिले
सीएफओ रामराजा यादव ने बताया कि लाइसेंस धारक पटाखा निर्माण और बेचने वालों के गोदामों और प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जा रहा है। निरीक्षण में जय मां ट्रेडर्स पर फायर सिस्टम मानक के अनुसार नहीं मिला। प्रतिष्ठान पर फायर सिलिंडर भी रिफिल नहीं मिले। यही स्थिति नविश इंटरप्राइजेज पर भी थी। अन्य प्रतिष्ठानों और दुकानों पर निरीक्षण की कार्रवाई जारी है।
उझानी में क्षमता से तीन गुना मिला बारूद
उझानी-बिल्सी रोड पर पारस गुप्ता के पटाखा गोदाम पर पुलिस-प्रशासन की टीम को जांच में निर्धारित मात्रा से तीन गुना बारूद मिला है। जांच रिपोर्ट बनाकर डीएम को भेज दी है। अब डीएम के स्तर से इस मामले में कारोबारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। - साई अश्रित साखमुरी, एसडीएम सदर
सोत नदी पर घोंचा पुल के पास स्थित जय मां ट्रेडर्स पर मानक से अधिक बारूद मिला है। इसके अलावा नविश इंटरप्राइजेज पर भी अधिक भंडारण मिला है। दोनों गोदाम सील कर जांच की जा रही है। - सुमित सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट, बदायूं
पटाखा कारोबारियों में खलबली, सस्ते में खरीद महंगे में बेचने की थी तैयारी
बदायूं। बुधवार शाम से बृहस्पतिवार दोपहर तक प्रशासन की दो पटाखा गोदामों को सील करने की कार्रवाई के बाद पटाखा कारोबारियों में खलबली है। क्षमता से अधिक अवैध रूप से बारूद का भंडारण मिलने के बाद यह माना जा रहा है कि पटाखा कारोबारियों ने दिवाली की तैयारी अभी से शुरू कर दी थी। चर्चा है कि सस्ते में पटाखा खरीदकर त्योहार के नजदीक महंगे में बेचने के लिए पटाखा कारोबारियों ने क्षमता से अधिक भंडारण किया। दोनों कारोबारी जिले के बड़े पटाखा कारोबारी हैं। हालांकि, अभी दोनों गोदामों की विस्तृत जांच में कई और खामियां आनी बाकी हैं। संवाद
आठ साल पहले रसूलपुर में पटाखा फैक्टरी में विस्फोट से गई थी आठ की जान
बदायूं। 26 अक्टूबर, 2018 में शहर के सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के रसूलपुर गांव के पास एक पटाखा फैक्टरी में भीषण विस्फोट में आठ लोगों की जान चली गई थी। धमाका इतना तेज था कि पटाखा फैक्टरी और उससे सटी दो दुकानों की इमारत पूरी तरह गिर गई थी। धमाके में साइकिल की दुकान पर बैठे लोग और राहगीर तक चपेट में आ गए थे।
सिविल लाइंस इलाके के दौरी नरोत्तमपुर निवासी संजू (25) ने किराये पर दुकान ली थी। संजू दुकान में पटाखे बनाने और बेचने का काम करता था। वहीं, 19 अक्टूबर 2025 काे इस्लामनगर में गैस सिलिंडर में विस्फोट हुआ था। दंपती समेत पांच लोग घायल हो गए थे। जांच पड़ताल में गंधक और पोटाश का मिश्रण तैयार होना पाया गया था। पुलिस ने घर से 20 किलो अवैध पटाखे बरामद किए थे। संवाद
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होली चौक के पास हुए विस्फोट में एक आरोपी पर दाखिल हो चुकी है चार्जशीट
कुंवरगांव। एक साल पहले होली चौक के पास दुकान-मकान में रखे पटाखों में आग लगने के मामले की पुलिस जांच में लाइसेंस धारक रहीश अहमद निर्दोष पाए गए थे, जबकि उनके भाई अतीक के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की गई थी।
11 जून 2025 की रात करीब 10:30 बजे होली चौक के पास रहीश अहमद के मकान और दुकान में रखे पटाखों में अचानक आग लग गई थी। पुलिस और फायर सर्विस की टीम ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया था। पुलिस जांच में सामने आया कि रहीश के नाम वर्ष 2016 में आतिशबाजी का लाइसेंस जारी हुआ था। लाइसेंस में निर्धारित दुकान में एक बार में 25 किलोग्राम तक आतिशबाजी रखने की अनुमति थी। लाइसेंस का वर्ष 2022 के बाद नवीनीकरण नहीं हुआ था। पटाखे निर्धारित स्थान के बजाय घर में बनी जूता-चप्पल की दुकान में रखे जाने की बात सामने आई थी। संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ था। विवेचना के बाद पुलिस ने रहीश को निर्दोष मानते हुए उसके भाई अतीक के खिलाफ करीब एक साल पहले न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की थी। मामला न्यायालय में विचाराधीन है। संवाद
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सिटी मजिस्ट्रेट सुमित कुमार, सीओ सिटी राहुल पांडेय और सीएफओ रामराजा यादव ने संयुक्त रूप से सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के सोत नदी पर घोंचा पुल के पास स्थित जय मां ट्रेडर्स पर बृहस्पतिवार को छापा मारा। छापे में अनियमितताएं और क्षमता से अधिक बारूद और पटाखों का जखीरा मिला। अनियमितताओं और क्षमता से अधिक बारूद और चीनी पटाखें मिलने पर प्रतिष्ठान को सील कर दिया गया। बता दें कि जय मां ट्रेडर्स के पास 100 किलोग्राम बारूद और 500 किलोग्राम चीनी पटाखे एवं फुलझड़ी रखने का लाइसेंस है।
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वहीं, उझानी में बुधवार देर रात उझानी-बिल्सी रोड स्थित नविश इंटरप्राइजेज के पास भी क्षमता से अधिक बारूद का भंडारण मिला था। देर रात तक यहां जांच की गई। इसके बाद प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए क्षमता से अधिक भंडारण मिलने पर गोदाम को सील कर दिया।
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बता दें कि जिलेभर में 19 कारोबारियों के पास पटाखा बेचने का लाइसेंस है। इनमें 10 के पास निर्माण और बेचने दोनों का लाइसेंस है। बता दें कि कौशांबी में पटाखा फैक्टरी में आग लगने के बाद हुए धमाके में 13 लोगों की मौत हो गई थी। इस घटना के बाद बदायूं प्रशासन भी अलर्ट दिखाई दे रहा है। लगातार पटाखा बनाने और बेचने वालों के प्रतिष्ठान और गोदामों का निरीक्षण किया जा रहा है।
सीएफओ बोले- फायर सिस्टम मानक के अनुसार नहीं मिले
सीएफओ रामराजा यादव ने बताया कि लाइसेंस धारक पटाखा निर्माण और बेचने वालों के गोदामों और प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जा रहा है। निरीक्षण में जय मां ट्रेडर्स पर फायर सिस्टम मानक के अनुसार नहीं मिला। प्रतिष्ठान पर फायर सिलिंडर भी रिफिल नहीं मिले। यही स्थिति नविश इंटरप्राइजेज पर भी थी। अन्य प्रतिष्ठानों और दुकानों पर निरीक्षण की कार्रवाई जारी है।
उझानी में क्षमता से तीन गुना मिला बारूद
उझानी-बिल्सी रोड पर पारस गुप्ता के पटाखा गोदाम पर पुलिस-प्रशासन की टीम को जांच में निर्धारित मात्रा से तीन गुना बारूद मिला है। जांच रिपोर्ट बनाकर डीएम को भेज दी है। अब डीएम के स्तर से इस मामले में कारोबारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। - साई अश्रित साखमुरी, एसडीएम सदर
सोत नदी पर घोंचा पुल के पास स्थित जय मां ट्रेडर्स पर मानक से अधिक बारूद मिला है। इसके अलावा नविश इंटरप्राइजेज पर भी अधिक भंडारण मिला है। दोनों गोदाम सील कर जांच की जा रही है। - सुमित सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट, बदायूं
पटाखा कारोबारियों में खलबली, सस्ते में खरीद महंगे में बेचने की थी तैयारी
बदायूं। बुधवार शाम से बृहस्पतिवार दोपहर तक प्रशासन की दो पटाखा गोदामों को सील करने की कार्रवाई के बाद पटाखा कारोबारियों में खलबली है। क्षमता से अधिक अवैध रूप से बारूद का भंडारण मिलने के बाद यह माना जा रहा है कि पटाखा कारोबारियों ने दिवाली की तैयारी अभी से शुरू कर दी थी। चर्चा है कि सस्ते में पटाखा खरीदकर त्योहार के नजदीक महंगे में बेचने के लिए पटाखा कारोबारियों ने क्षमता से अधिक भंडारण किया। दोनों कारोबारी जिले के बड़े पटाखा कारोबारी हैं। हालांकि, अभी दोनों गोदामों की विस्तृत जांच में कई और खामियां आनी बाकी हैं। संवाद
आठ साल पहले रसूलपुर में पटाखा फैक्टरी में विस्फोट से गई थी आठ की जान
बदायूं। 26 अक्टूबर, 2018 में शहर के सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के रसूलपुर गांव के पास एक पटाखा फैक्टरी में भीषण विस्फोट में आठ लोगों की जान चली गई थी। धमाका इतना तेज था कि पटाखा फैक्टरी और उससे सटी दो दुकानों की इमारत पूरी तरह गिर गई थी। धमाके में साइकिल की दुकान पर बैठे लोग और राहगीर तक चपेट में आ गए थे।
सिविल लाइंस इलाके के दौरी नरोत्तमपुर निवासी संजू (25) ने किराये पर दुकान ली थी। संजू दुकान में पटाखे बनाने और बेचने का काम करता था। वहीं, 19 अक्टूबर 2025 काे इस्लामनगर में गैस सिलिंडर में विस्फोट हुआ था। दंपती समेत पांच लोग घायल हो गए थे। जांच पड़ताल में गंधक और पोटाश का मिश्रण तैयार होना पाया गया था। पुलिस ने घर से 20 किलो अवैध पटाखे बरामद किए थे। संवाद
होली चौक के पास हुए विस्फोट में एक आरोपी पर दाखिल हो चुकी है चार्जशीट
कुंवरगांव। एक साल पहले होली चौक के पास दुकान-मकान में रखे पटाखों में आग लगने के मामले की पुलिस जांच में लाइसेंस धारक रहीश अहमद निर्दोष पाए गए थे, जबकि उनके भाई अतीक के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की गई थी।
11 जून 2025 की रात करीब 10:30 बजे होली चौक के पास रहीश अहमद के मकान और दुकान में रखे पटाखों में अचानक आग लग गई थी। पुलिस और फायर सर्विस की टीम ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया था। पुलिस जांच में सामने आया कि रहीश के नाम वर्ष 2016 में आतिशबाजी का लाइसेंस जारी हुआ था। लाइसेंस में निर्धारित दुकान में एक बार में 25 किलोग्राम तक आतिशबाजी रखने की अनुमति थी। लाइसेंस का वर्ष 2022 के बाद नवीनीकरण नहीं हुआ था। पटाखे निर्धारित स्थान के बजाय घर में बनी जूता-चप्पल की दुकान में रखे जाने की बात सामने आई थी। संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ था। विवेचना के बाद पुलिस ने रहीश को निर्दोष मानते हुए उसके भाई अतीक के खिलाफ करीब एक साल पहले न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की थी। मामला न्यायालय में विचाराधीन है। संवाद

शहर स्थित जय मां ट्रेडर्स पर मिला क्षमता अधिक बारूद प्रशासन ने किया सील। संवाद