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Budaun News: 30 लाख की अफीम के साथ महिला समेत तीन गिरफ्तार
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अफीम तस्करी में पकड़ी गई महिला तस्कर व उसका साथी। स्रोत- पुलिस
बिनावर। एंटी नारकोटिक्स टीम के साथ पुलिस ने तीन किलो अफीम और 3.60 लाख की नगदी के साथ एक महिला सहित तीन तस्करों को गिरफ्तार कर किया है। बरामद अफीम की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में 30 लाख रुपये बताई जा रही है।
बृहस्पतिवार की शाम करीब साढ़े पांच बजे बरेली-मथुरा हाईवे पर सीएल गुप्ता कॉलेज के पास नारकोटिक्स और पुलिस की टीम ने झारखंड के जिला चतरा के गांव गिद्धोर निवासी पवनेश कुमार पुत्र नीरो को पकड़ा। पुलिस की पूछताछ में उसने बताया कि वह झारखंड से अफीम लाकर बिनावर क्षेत्र के गांव सिरसावा निवासी शिवकुमार को बेचता है। वह इसकी सप्लाई पंजाब में करता है। इस बार वह अपने ही गांव की महिला साथी खैमिनी देवी पत्नी जसवंत को भी साथ लाया था। पवनेश से अफीम लेने से शिवकुमार का बेटा विवेक पहुंचा तो पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस ने तीनों आरोपियों से तीन मोबाइल फोन, तीन किलो अफीम बरामद की है। अंंतरराज्यीय बाजार में इसकी कीमत करीब 30 लाख रुपये बताई जा रही है। इसके साथ ही अफीम तस्करी के इन अभियुक्तों से 3.60 लाख रुपये भी बरामद हुए हैं। थाना प्रभारी राजेंद्र सिंह ने बताया मादक पदार्थों की तस्करी में पकड़े गए महिला सहित तीनों आरोपी शुक्रवार को जेल भेज दिए गए है।
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सही जांच हुई तो अफीम तस्कराें के बडे गैंग का होगा पर्दाफाश
संवाद न्यूज एजेंसी
दातागंज। समरेर पुलिस चौकी में अफीम तस्करों व पुलिस कर्मियों की सांठगांठ के मामले ने खाकी को एक बार फिर से दागदार किया है। हालांकि इस मामले में दो सिपाही लाइन हाजिर करने के साथ चौकी प्रभारी को हटाया जा चुका है। इसके बावजूद तस्कर गिरोह के मुख्य आरोपी व दोषी पुलिस कर्मियों पर अभी शिकंजा नहीं कसा जा सका है। ऐसे में पुलिस अफीम तस्करों के बड़े गैंग का खुलासा कर सकती है। मामले की जांच अगर निष्पक्ष तरीके से की गई तो कई सिपाही व जिम्मेदार व ग्रामीण व तस्करों का राजफाज हो सकता है। इस मामले की जांच सीओ दातागंज केके तिवारी को दी गई है। वह वीआईपी ड्यूटी मथुरा गए हुए हैं। उनके आने के बाद जांच को रफ्तार मिलेगी। एसएसपी डॉ. बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि दोषियों को किसी कीमत पर छोड़ा नहीं जाएगा। पूरे मामले की विभागीय जांच के साथ-साथ गोपनीय जांच भी कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
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बृहस्पतिवार की शाम करीब साढ़े पांच बजे बरेली-मथुरा हाईवे पर सीएल गुप्ता कॉलेज के पास नारकोटिक्स और पुलिस की टीम ने झारखंड के जिला चतरा के गांव गिद्धोर निवासी पवनेश कुमार पुत्र नीरो को पकड़ा। पुलिस की पूछताछ में उसने बताया कि वह झारखंड से अफीम लाकर बिनावर क्षेत्र के गांव सिरसावा निवासी शिवकुमार को बेचता है। वह इसकी सप्लाई पंजाब में करता है। इस बार वह अपने ही गांव की महिला साथी खैमिनी देवी पत्नी जसवंत को भी साथ लाया था। पवनेश से अफीम लेने से शिवकुमार का बेटा विवेक पहुंचा तो पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया है।
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पुलिस ने तीनों आरोपियों से तीन मोबाइल फोन, तीन किलो अफीम बरामद की है। अंंतरराज्यीय बाजार में इसकी कीमत करीब 30 लाख रुपये बताई जा रही है। इसके साथ ही अफीम तस्करी के इन अभियुक्तों से 3.60 लाख रुपये भी बरामद हुए हैं। थाना प्रभारी राजेंद्र सिंह ने बताया मादक पदार्थों की तस्करी में पकड़े गए महिला सहित तीनों आरोपी शुक्रवार को जेल भेज दिए गए है।
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सही जांच हुई तो अफीम तस्कराें के बडे गैंग का होगा पर्दाफाश
संवाद न्यूज एजेंसी
दातागंज। समरेर पुलिस चौकी में अफीम तस्करों व पुलिस कर्मियों की सांठगांठ के मामले ने खाकी को एक बार फिर से दागदार किया है। हालांकि इस मामले में दो सिपाही लाइन हाजिर करने के साथ चौकी प्रभारी को हटाया जा चुका है। इसके बावजूद तस्कर गिरोह के मुख्य आरोपी व दोषी पुलिस कर्मियों पर अभी शिकंजा नहीं कसा जा सका है। ऐसे में पुलिस अफीम तस्करों के बड़े गैंग का खुलासा कर सकती है। मामले की जांच अगर निष्पक्ष तरीके से की गई तो कई सिपाही व जिम्मेदार व ग्रामीण व तस्करों का राजफाज हो सकता है। इस मामले की जांच सीओ दातागंज केके तिवारी को दी गई है। वह वीआईपी ड्यूटी मथुरा गए हुए हैं। उनके आने के बाद जांच को रफ्तार मिलेगी। एसएसपी डॉ. बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि दोषियों को किसी कीमत पर छोड़ा नहीं जाएगा। पूरे मामले की विभागीय जांच के साथ-साथ गोपनीय जांच भी कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।