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Budaun News: रेलवे स्टेशन का फुटपाथ धंसा, राहगीर परेशान
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उझानी में रेलवे स्टेशन गेट के पास नाले के पास धंसा फुटपाथ। संवाद
उझानी। रेलवे स्टेशन के मुख्य द्वार से लेकर पंखा रोड मोड़ तक रेलवे की सड़क में गहरे गड्ढे तो कहीं फुटपाथ धंस जाने से राहगीरों की परेशानी बढ़ गई है। मुख्य द्वार के सामने ट्रक की चपेट में आने से धंसे फुटपाथ की मरम्मत कराने की जरूरत भी महसूस नहीं की गई। उधर, पंखा रोड मोड़ पर गड्ढे से बाहर निकलीं सरियों से हादसे का अंदेशा है।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पूरे परिसर का कायाकल्प हो चुका है। इसी के तहत रेलवे ने मुख्य द्वार के सामने खस्ताहाल सड़क पर नए सिरे से कोलतार मिश्रित बजरी का लेपन करा दिया था। फुटपाथ सीमेंटेड बना दिया गया। पंखा रोड मोड़ पर गड्ढों में पैबंद भी लगा दिए गए थे। करीब दो महीना के दौरान ही स्टेशन के मुख्य द्वार के सामने गड्ढा हो गया।
तीन दिन पहले अनाज से ओवरलोड ट्रक का पहिया पहुंच जाने से नाले और सड़क के बीच फुटपाथ धंसा गया। करीब पांच-छह फुट लंबाई में फुटपाथ धंसने की वजह से ट्रक भी फंसा रहा था। ट्रक को अनलोड करने के बाद भी निकाला जा सका था।
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इसके अलावा स्टेशन से अढौली फाटक तक भी रेलवे की सड़क है। इसी सड़क से होकर ट्रक और ट्रैक्टर-ट्रॉलियां रैक प्वाइंट तक आती-जाती हैं। फाटक के पास और पंखा रोड मोड़ पर पैबंद उखड़े तो फिर से गड्ढे से सरिया बाहर निकल आईं हैं। सरिया के जाल में फंसकर बाइक सवार और राहगीर गिर जाते हैं।
राहगीरों में हरीओम ने बताया कि ऐसा कोई दिन नहीं जब बाइक सवार लोग गिरे नहीं हों। गहरे गड्ढों के आसपास ही ई-रिक्शा स्टैंड है। कादरचौक रोड पर चलने वाले डग्गामार वाहन भी पंखा रोड मोड़ से संचालित होते हैं।
अढौली फाटक के पास नाले में गिर चुके हैं ई-रिक्शा
अढौली फाटक से कादरचौक रोड की ओर सड़क किनारे नाला है। नाले से सड़क की ऊंचाई अधिक होने की वजह से कभी-कभी छोटे वाहन चालकों को दूसरे वाहन से बचने की कोशिश के दौरान मामूली सी चूक भारी पड़ती है। पिछले महीने आठ दिन में दो बार इसी स्थान पर हादसा हुआ। सवारियों से भरे ई-रिक्शा नाले में गिरकर पलट चुके हैं। उस वक्त एक बालक की जान पर भी बन आई थी। पालिका सदस्य रेनू यादव के प्रतिनिधि रामप्रबेश यादव ने नाले की दीवार ऊंची कराने के लिए पिछले दिनों पालिका से शिकायत भी की थी। उनका कहना है कि नाले में अगर को भारी वाहन गिरा तो जनहानि होगी।
रेलवे स्टेशन के मुख्य द्वार के पास फुटपाथ धंसने की जानकारी नहीं है। पंखा रोड पर गड्ढे भरवा दिए गए थे, लेकिन बारिश के दौरान फिर से सड़क उखड़ गई है। अफसरों को भी अवगत करा दिया गया है। चूंकि इसी मार्ग से होकर रैक प्वाइंट तक भारी वाहन आते-जाते हैं, इसलिए सड़क टूट गई है।- अरुण कुमार सक्सेना, स्टेशन अधीक्षक
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अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पूरे परिसर का कायाकल्प हो चुका है। इसी के तहत रेलवे ने मुख्य द्वार के सामने खस्ताहाल सड़क पर नए सिरे से कोलतार मिश्रित बजरी का लेपन करा दिया था। फुटपाथ सीमेंटेड बना दिया गया। पंखा रोड मोड़ पर गड्ढों में पैबंद भी लगा दिए गए थे। करीब दो महीना के दौरान ही स्टेशन के मुख्य द्वार के सामने गड्ढा हो गया।
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तीन दिन पहले अनाज से ओवरलोड ट्रक का पहिया पहुंच जाने से नाले और सड़क के बीच फुटपाथ धंसा गया। करीब पांच-छह फुट लंबाई में फुटपाथ धंसने की वजह से ट्रक भी फंसा रहा था। ट्रक को अनलोड करने के बाद भी निकाला जा सका था।
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इसके अलावा स्टेशन से अढौली फाटक तक भी रेलवे की सड़क है। इसी सड़क से होकर ट्रक और ट्रैक्टर-ट्रॉलियां रैक प्वाइंट तक आती-जाती हैं। फाटक के पास और पंखा रोड मोड़ पर पैबंद उखड़े तो फिर से गड्ढे से सरिया बाहर निकल आईं हैं। सरिया के जाल में फंसकर बाइक सवार और राहगीर गिर जाते हैं।
राहगीरों में हरीओम ने बताया कि ऐसा कोई दिन नहीं जब बाइक सवार लोग गिरे नहीं हों। गहरे गड्ढों के आसपास ही ई-रिक्शा स्टैंड है। कादरचौक रोड पर चलने वाले डग्गामार वाहन भी पंखा रोड मोड़ से संचालित होते हैं।
अढौली फाटक के पास नाले में गिर चुके हैं ई-रिक्शा
अढौली फाटक से कादरचौक रोड की ओर सड़क किनारे नाला है। नाले से सड़क की ऊंचाई अधिक होने की वजह से कभी-कभी छोटे वाहन चालकों को दूसरे वाहन से बचने की कोशिश के दौरान मामूली सी चूक भारी पड़ती है। पिछले महीने आठ दिन में दो बार इसी स्थान पर हादसा हुआ। सवारियों से भरे ई-रिक्शा नाले में गिरकर पलट चुके हैं। उस वक्त एक बालक की जान पर भी बन आई थी। पालिका सदस्य रेनू यादव के प्रतिनिधि रामप्रबेश यादव ने नाले की दीवार ऊंची कराने के लिए पिछले दिनों पालिका से शिकायत भी की थी। उनका कहना है कि नाले में अगर को भारी वाहन गिरा तो जनहानि होगी।
रेलवे स्टेशन के मुख्य द्वार के पास फुटपाथ धंसने की जानकारी नहीं है। पंखा रोड पर गड्ढे भरवा दिए गए थे, लेकिन बारिश के दौरान फिर से सड़क उखड़ गई है। अफसरों को भी अवगत करा दिया गया है। चूंकि इसी मार्ग से होकर रैक प्वाइंट तक भारी वाहन आते-जाते हैं, इसलिए सड़क टूट गई है।- अरुण कुमार सक्सेना, स्टेशन अधीक्षक

उझानी में रेलवे स्टेशन गेट के पास नाले के पास धंसा फुटपाथ। संवाद