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बखतपुर वालों के समर्थन में आए कई गांव के लोग
बदायूं, ब्यूरो
Updated Tue, 24 Jan 2017 11:28 PM IST
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बोले-अब नकैयाघाट पर कराएंगे पुल का निर्माण
कहा- अब नहीं आएगें नेताओं की मीठी बातों में
नकैयाघाट पर पुल के निर्माण की मांग को लेकर विधानसभा चुनाव के बहिष्कार का एलान कर चुके बखतपुर गांव वालों के समर्थन में अब क्षेत्र के दर्जनों गांवों के लोग भी आ गए हैं। उन्होंने मंगलवार को नकैयाघाट पर एक बैठक कर चुनाव बहिषकार का एलान किया।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि नकैयाघाट पर निर्माण के निर्माण की मांग वर्षों से क्षेत्र की जनता द्वारा की जा रही है किंतु हर बार उनकी मांग को हवा में उड़ा दिया जाता रहा है। वक्ताओं ने कहा कि गांव बखतपुर वालों की तरह अब वो भी इस चुनाव का बहिष्कार करते हैं। जब तक नकैयाघाट पर पुल निर्माण नहीं हो जाता तब तक वह चुनाव
में मतदान नहीं करेंगे,क्योंकि उनकी समस्या बहुत ही गंभीर है। बरसात के दिनों में तहसील मुख्यालय से उनका संपर्क पूरी तरह से कट जाता है। वक्ताओं ने कहा कि अब वह नेताओं के झूठे आश्वासन में आने वाले नहीं हैं। चुनाव बहिष्कार का ऐलान करने वालों में गांव अभयपुर, बखतपुर, जमालपुर, नवादाम धुकर, केशोपुर, हाशिमपुर, चंगासी, चितरी, बमनपुरा आदि के लोग थे।
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बैठक में कृष्णपाल शाक्य, गनपत बाबा, रामचरन, राजीव गुप्ता, प्रेमचंद्र आर्य, रामपाल, ओमेंद्र सिंह, अबरार खां, चरन सिंह यादव आदि प्रमुख थे।
कहा- अब नहीं आएगें नेताओं की मीठी बातों में
नकैयाघाट पर पुल के निर्माण की मांग को लेकर विधानसभा चुनाव के बहिष्कार का एलान कर चुके बखतपुर गांव वालों के समर्थन में अब क्षेत्र के दर्जनों गांवों के लोग भी आ गए हैं। उन्होंने मंगलवार को नकैयाघाट पर एक बैठक कर चुनाव बहिषकार का एलान किया।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि नकैयाघाट पर निर्माण के निर्माण की मांग वर्षों से क्षेत्र की जनता द्वारा की जा रही है किंतु हर बार उनकी मांग को हवा में उड़ा दिया जाता रहा है। वक्ताओं ने कहा कि गांव बखतपुर वालों की तरह अब वो भी इस चुनाव का बहिष्कार करते हैं। जब तक नकैयाघाट पर पुल निर्माण नहीं हो जाता तब तक वह चुनाव
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में मतदान नहीं करेंगे,क्योंकि उनकी समस्या बहुत ही गंभीर है। बरसात के दिनों में तहसील मुख्यालय से उनका संपर्क पूरी तरह से कट जाता है। वक्ताओं ने कहा कि अब वह नेताओं के झूठे आश्वासन में आने वाले नहीं हैं। चुनाव बहिष्कार का ऐलान करने वालों में गांव अभयपुर, बखतपुर, जमालपुर, नवादाम धुकर, केशोपुर, हाशिमपुर, चंगासी, चितरी, बमनपुरा आदि के लोग थे।
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बैठक में कृष्णपाल शाक्य, गनपत बाबा, रामचरन, राजीव गुप्ता, प्रेमचंद्र आर्य, रामपाल, ओमेंद्र सिंह, अबरार खां, चरन सिंह यादव आदि प्रमुख थे।