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निजी अस्पतालों में छाया ऑक्सीजन का संकट

Fri, 23 Apr 2021 11:58 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 23 Apr 2021 11:58 PM IST
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Oxygen crisis in private hospitals of Bijnor
बिजनौर के निजी अस्पतालों में छाया ऑक्सीजन का संकट
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बिजनौर। जिले के निजी अस्पतालों में ऑक्सीजन का संकट छाने लगा है। जिला मुख्यालय के करीब-करीब सभी निजी अस्पतालों की ऑक्सीजन समाप्त हो चुकी है, कुछ में नाममात्र के ही ऑक्सीजन सिलिंडर बचे हैं। भले ही निजी अस्पतालों में कोरोना मरीजों का इलाज नहीं हो पा रहा है, लेकिन सामान्य मरीजों के जीवन पर संकट जरूर गहरा रहा है। आईएमए ने डीएम और सीएमओ से ऑक्सीजन उपलब्ध कराने की मांग की है।
देश भर के साथ-साथ बिजनौर में भी ऑक्सीजन संकट गहराने लगा है। फिलहाल कोरोना मरीज जिला महिला अस्पताल के पुराने भवन में बने 100 बेड वाले कोविड एल-2 विंग में ही भर्ती किए जा रहे हैं। वहां पर ऑक्सीजन पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। वर्तमान में निजी अस्पताल संचालकों ने विभिन्न बीमारियों से पीड़ित गंभीर मरीजों को भर्ती करने से भी हाथ खड़े कर दिए हैं। बीना प्रकाश हॉस्पिटल के स्वामी डॉ. प्रकाश सिंह के अनुसार उनके यहां पर मुजफ्फरनगर की एक प्राइवेट फैक्टरी से ऑक्सीजन की सप्लाई होती है। हालात बिगड़ते देख वहां के जिला प्रशासन ने जनपद मुजफ्फरनगर से बाहर ऑक्सीजन सप्लाई करने पर रोक लगा दी है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में स्थिति ये है कि सीरियस मरीज को हायर सेंटर तक पहुंचाने के लिए भी ऑक्सीजन नहीं है।
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बंद करनी पड़ी ओपीडी
आयुष्मान हॉस्पिटल के स्वामी डॉ. पीयूष वर्मा बताते हैं कि कोरोना के कारण उन्होंने ओपीडी बंद कर दी है। आजकल वे केवल गंभीर रोगियों को ही देखते हैं। अभी उनके पास केवल इमरजेंसी के लिए ही ऑक्सीजन बची है। उनके यहां पर ऑक्सीजन कंसंट्रेटर है, जो लगभग एक घंटे तक रोगी का जीवनकाल बढ़ा सकता है। कंसंट्रेटर में कंप्रेशर लगा होता है, जो नाइट्रोजन में से ऑक्सीजन अलग कर सैपरेट ऑक्सीजन का निर्माण करता है।
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कंसंट्रेटर से बचा रहे जान
पंडित चंद्रकांत आत्रेय मेमोरियल हॉस्पिटल के स्वामी छाती रोग एवं क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ डॉ. अवधेश वशिष्ठ का कहना है कि वर्तमान में उनके यहां पर भर्ती चार मरीजों की सांसें ऑक्सीजन पर टिकी हैं। अब हालात ये हो गए हैं कि इन मरीजों के लिए भी ऑक्सीजन नहीं बची है। दो मरीजों को कंसंट्रेटर से ऑक्सीजन की उपलब्धता कराई गई। चीनी मिल ने अपने एक मरीज के लिए ऑक्सीजन सिलिंडर दिलवाया। शेष गंभीर मरीजों को ऑक्सीजन दिलाने के लिए जिला अस्पताल में शिफ्ट कराया गया है।
निजी अस्पतालों में शुरू कराएंगे सप्लाई : सीएमओ
जिले में प्रतिदिन ऑक्सीजन के लगभग 130 सिलिंडर की सप्लाई आती है। इनमें से करीब 100 सिलिंडर की खपत होती है। यहां पर मुजफ्फरनगर से ऑक्सीजन की आपूर्ति होती है। हर महीने लगभग दो हजार से लेकर 2200 सिलिंडर लगते हैं। जिले में दो दिन से सप्लाई बंद होने से अन्य गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों के जीवन पर संकट उत्पन्न हो गया है। सीएमओ डॉ. विजय कुमार यादव ने बताया कि जिला अस्पताल में पर्याप्त ऑक्सीजन है। इसके अलावा जिन निजी अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी है, उनकी सप्लाई शुरू कराने के लिए मुजफ्फरनगर बातचीत की गई है। शीघ्र ही समस्या का निदान हो जाएगा, जिससे कोविड के अलावा अन्य गंभीर रोगियों को कोई परेशानी न हो।

जिला अस्पताल में ऑक्सीजन के 100 सिलिंडर
बिजनौर। सीएमएस डॉ. ज्ञानचंद ने बताया कि अब वर्तमान में जिला अस्पताल में कुल 115 ऑक्सीजन सिलिंडर हैं। इनमें से अभी तक लगभग एक दर्जन सिलिंडर ही लगे हैं, जबकि 100 से अधिक अभी शेष बचे हैं।
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