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जिले में यूपी बोर्ड परीक्षा में साढे चार हजार से अधिक कैमरे नकल रोकने को लगे

Thu, 13 Feb 2020 12:12 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 13 Feb 2020 12:12 AM IST
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more than four and a half thousand cameras installed
बिजनौर। यूपी बोर्ड की परीक्षा में नकल रोकने के लिए जिले में साढे़ चार हजार से अधिक वायस रिकार्डिंग सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। परीक्षा में साढ़े छह हजार से अधिक अधिकारी तथा शिक्षक नजर रखेंगे। डीआईओएस दफ्तर से कक्ष निरीक्षकों की परीक्षा डयूटी का वितरण 14 फरवरी से शुरू होगा।
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यूपी बोर्ड की हाईस्कूल तथा इंटर की परीक्षा 18 फरवरी से प्रस्तावित है। डीएम रमाकांत पांडेय ने 11 फरवरी को अधिकारियों की बैठक में नकलविहीन परीक्षा कराने के निर्देश देते हुए कहा कि एक सेक्टर में 12 से अधिक केंद्र नहीं होने चाहिए। इससे परीक्षा केंद्रों की निगरानी प्रभावी ढंग से हो। इसे लेकर डीआईओएस दफ्तर बुधवार को परीक्षा की तैयारियों की समीक्षा में लगा रहा। इस बार सभी 122 परीक्षा केंद्र हाईटेक हैं। जिले पर बना कंट्रोल रूम आधुनिक तकनीकी सुविधाओं से लैस किया गया है। कंट्रोल रूम से जिले के किसी भी परीक्षा केंद्र के किसी भी कक्ष को देखा जा सकेगा। परीक्षा केंद्रों पर 4832 वायस रिकार्डिंग सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। ये कैमरे परीक्षा कक्षों की अगली पिछली दीवारों, मुख्य द्वार तथा केंद्र व्यवस्थापक के दफ्तर में लगे हैं। प्रशासन की परीक्षा पर नजदीकी से निगाह रहेगी। इसके लिए 6500 कक्ष निरीक्षक, 122 केंद्र व्यवस्थापक, 122 अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक, 18 सेक्टर मजिस्ट्रेट, पांच जोनल मजिस्ट्रेट, 12 स्टेटिक मजिस्ट्रेट , 35 सचल दल अधिकारी लगाए गए हैं। परीक्षा केंद्रों के आसपास की फोटोकॉपी, आदि की दुकानें परीक्षा समय में नहीं खुलेंगी। डीआईओएस राजेश कुमार ने बताया कि केंद्र व्यवस्थापकों को परीक्षा में ड्यूटी लगाने में निष्पक्षता बरतने तथा बोर्ड के निर्देशों का पालन करने की हिदायत दे दी गई है।
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जिले में 12 परीक्षा केंद्र संवेदनशील, स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनात
बिजनौर। यूपी बोर्ड परीक्षा के 12 परीक्षा केंद्र संवेदनशील हैं। डीआईओएस दफ्तर के अनुसार पहली बार परीक्षा केंद्र बनने वाले विद्यालयों को संवेदनशील श्रेणी में रखा गया है। इसके साथ परीक्षा केंद्र बने कुछ ऐसे सहायता प्राप्त विद्यालय को भी संवेदनशील श्रेणी में रखा गया है, जो पहले बोर्ड परीक्षा केंद्र थे तथा किन्हीं कारणों से पिछले कुछ सालों से परीक्षा केंद्र नहीं थे । डीआईओएस प्रतिनिधि निशांत कुमार ने बताया कि संवेदनशील परीक्षा केंद्र पर पूरे समय के लिए स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनात रहेंगे। परीक्षा व्यवस्था की परीक्षा समाप्त होने के बाद जानकारी डीआईओएस को देंगे।
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