Bijnor: ई-पंजीकरण का विरोध, दस्तावेज लेखकों की हड़ताल, उपनिबंधक कार्यालय का कामकाज ठप
नजीबाबाद में ई-पंजीकरण रजिस्ट्री मॉड्यूल के विरोध में दस्तावेज लेखकों ने उपनिबंधक कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी। प्रदर्शनकारियों ने रोजगार प्रभावित होने और गोपनीयता भंग होने का आरोप लगाया।
विस्तार
ई-पंजीकरण रजिस्ट्री मॉड्यूल के विरोध में उत्तर प्रदेश दस्तावेज लेखक एसोसिएशन ने बुधवार से उपनिबंधक कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी। दस्तावेज लेखकों का कहना है कि नई व्यवस्था लागू होने से उनके साथ-साथ स्टांप विक्रेताओं का कारोबार भी प्रभावित होगा। प्रदर्शन के चलते उपनिबंधक कार्यालय का कामकाज प्रभावित रहा।
ई-पंजीकरण व्यवस्था के खिलाफ प्रदर्शन
उपनिबंधक कार्यालय के बाहर एसोसिएशन के शाखा अध्यक्ष मोहम्मद असलम और सचिव सौरभ कश्यप के नेतृत्व में दस्तावेज लेखकों ने धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि ई-पंजीकरण रजिस्ट्री मॉड्यूल लागू होने से दस्तावेज लेखकों और स्टांप विक्रेताओं के सामने रोजगार का संकट खड़ा हो जाएगा।
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गोपनीयता भंग होने की भी जताई आशंका
प्रदर्शनकारी दस्तावेज लेखकों का कहना है कि नई व्यवस्था से दस्तावेजों की गोपनीयता प्रभावित होने की आशंका है। उन्होंने सरकार से निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की और कहा कि इस व्यवस्था से पारंपरिक कार्यप्रणाली पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा।
फैसला वापस होने तक जारी रहेगी हड़ताल
एसोसिएशन पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जब तक सरकार ई-पंजीकरण रजिस्ट्री मॉड्यूल को वापस नहीं लेती, तब तक अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। प्रदर्शन के दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की गई।
कार्यालय का कामकाज हुआ प्रभावित
दस्तावेज लेखकों की हड़ताल का असर उपनिबंधक कार्यालय के कार्यों पर भी दिखाई दिया। कई रजिस्ट्री संबंधी कार्य प्रभावित रहे। प्रदर्शन में मेघनाथ, ओजेश राजपूत, अब्दुल रब, मुकुल शर्मा, अमित सिंघल, भानु प्रकाश, हरिओम सिंघल, शशिकांत, सुनील भटनागर, शहजाद आलम सहित बड़ी संख्या में दस्तावेज लेखक मौजूद रहे।