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साप्ताहिक रविवार की पैठ पर भी संकट के बादल
Updated Fri, 29 Jun 2018 12:21 AM IST
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कालागढ़। एनजीटी के आदेशों पर कालागढ़ में करोड़ों की लागत से बने आवासों व भवनों के ध्वस्तीकरण के बाद वन विभाग ने रविवार की साप्ताहिक पैठ लगने वाले मैदान की भी हदबंदी करनी शुरू कर दी है, जिससे रविवार बाजार पर संकट के बादल छा गए है। रेंज अधिकारी आरके भट्ट के अनुसार वन विभाग बांध परियोजना से मिली भूमि की सुरक्षा के लिए यह कदम उठा रहा है।
रामगंगा बांध परियोजना के कर्मचारियों के परिवारों के लिए लगने वाले 1968 के समय से साप्ताहिक रविवार के बाजार पर भी संकट के बादल मंडरा रहे हैं। कार्बेट टाइगर रिजर्व के अधिकारियों ने रविवार को लगने वाली पीठ के मैदान की हदबंदी के लिए जेसीबी से चारों ओर खुदाई करनी शुरू कर दी है। कार्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ के वनक्षेत्राधिकारी आरके भट्ट का कहना है कि उच्च अधिकारियोें काआदेश है कि सिंचाई विभाग से जो भी भूमि मिली है उसकी सुरक्षा की जाए। जिसके तहत यह कदम उठाया जा रहा है।
क्या है परियोजना की कालोनी का मामला
रामगंगा बांध परियोजना का निर्माण 1960 से 1974 के बीच किया गया था। सबसे पहले पुराना कालागढ़ में आवासीय/अनावासीय भवनों का निर्माण किया गया था। बाद में केंद्रीय कालोनी व नई कालोनी में लगभग छह हजार आवासों/भवनों का निर्माण किया गया था। कर्मचारियों को सुविधाएं देने के लिए बृहस्पतिवार को पुराना कालागढ़ में, रविवार को केंद्रीय कालोनी में बुधवार को नई कालोनी में साप्ताहिक पैठ लगाई शुरू की गई। इन पैठ से कर्मचारी परिवार आज तक सब्जी आदि की सुविधाएं ले रहे हैं। दूर दराज के गांवों से किसान इन पैठ में सब्जी, दालें, मसाले आदि बेचते हैं। इस मैदान में विकास खंड दुग्डडा ने नौ सब्जी बेचने वाली फड़ो का निर्माण कराया था। जो अब नष्ट हो चुकी है।
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रामगंगा बांध परियोजना के कर्मचारियों के परिवारों के लिए लगने वाले 1968 के समय से साप्ताहिक रविवार के बाजार पर भी संकट के बादल मंडरा रहे हैं। कार्बेट टाइगर रिजर्व के अधिकारियों ने रविवार को लगने वाली पीठ के मैदान की हदबंदी के लिए जेसीबी से चारों ओर खुदाई करनी शुरू कर दी है। कार्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ के वनक्षेत्राधिकारी आरके भट्ट का कहना है कि उच्च अधिकारियोें काआदेश है कि सिंचाई विभाग से जो भी भूमि मिली है उसकी सुरक्षा की जाए। जिसके तहत यह कदम उठाया जा रहा है।
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क्या है परियोजना की कालोनी का मामला
रामगंगा बांध परियोजना का निर्माण 1960 से 1974 के बीच किया गया था। सबसे पहले पुराना कालागढ़ में आवासीय/अनावासीय भवनों का निर्माण किया गया था। बाद में केंद्रीय कालोनी व नई कालोनी में लगभग छह हजार आवासों/भवनों का निर्माण किया गया था। कर्मचारियों को सुविधाएं देने के लिए बृहस्पतिवार को पुराना कालागढ़ में, रविवार को केंद्रीय कालोनी में बुधवार को नई कालोनी में साप्ताहिक पैठ लगाई शुरू की गई। इन पैठ से कर्मचारी परिवार आज तक सब्जी आदि की सुविधाएं ले रहे हैं। दूर दराज के गांवों से किसान इन पैठ में सब्जी, दालें, मसाले आदि बेचते हैं। इस मैदान में विकास खंड दुग्डडा ने नौ सब्जी बेचने वाली फड़ो का निर्माण कराया था। जो अब नष्ट हो चुकी है।
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