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कार्य बहिष्कार कर फार्मासिस्टों ने जताया विरोध
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कार्य बहिष्कार कर फार्मासिस्टों ने जताया विरोध
पुरानी पेंशन बहाली सहित विभिन्न मांगों के समर्थन में बुलंद की आवाज
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। पुरानी पेंशन बहाली सहित बीस सूत्री मांगों के समर्थन में डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के बैनर तले फार्मासिस्टों ने विभिन्न अस्पतालों में दो घंटे का सांकेतिक कार्य बहिष्कार किया।
एसोसिएशन के अध्यक्ष उमेश सिंह ने कहा कि सरकार को मानना पड़ेगा कि गरीबों की सेवा फार्मासिस्ट पूरी क्षमता से करते हैं। फार्मासिस्ट की ताकत का एहसास सरकार को करना होगा। मंत्री शैलेंद्र राय ने सरकार से कर्मचारी हित को मान लेने और अड़ियल रवैया छोड़ने की अपील की। कहा कि प्रांतीय नेतृत्व से वार्ता कर सरकार को सकारात्मक रवैया अपनान चाहिए। कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में फार्मासिस्ट ही अस्पताल चलाते हैं। वे सरकार की मंशा के अनुरूप कार्य करते हैं। कोरोना काल में फार्मासिस्ट जान की परवाह न करते हुए आमजन के प्राणों की रक्षा के लिए 24 घंटे तैनात रहे थे। इस मौके पर मो. अनीस, लक्ष्मीकांत पांडेय, मलिक सिराजुद्दीन, रमाकांत चौधरी, सुवाष मिश्र, पीके पांडेय, राजेंद्र यादव, विजय श्रीवास्तव, अनिल मिश्र, ध्रुव कुमार चौधरी, नरेंद्र कन्नौजिया, अवधेश चौधरी आदि मौजूद रहे।
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पुरानी पेंशन बहाली सहित विभिन्न मांगों के समर्थन में बुलंद की आवाज
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। पुरानी पेंशन बहाली सहित बीस सूत्री मांगों के समर्थन में डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के बैनर तले फार्मासिस्टों ने विभिन्न अस्पतालों में दो घंटे का सांकेतिक कार्य बहिष्कार किया।
एसोसिएशन के अध्यक्ष उमेश सिंह ने कहा कि सरकार को मानना पड़ेगा कि गरीबों की सेवा फार्मासिस्ट पूरी क्षमता से करते हैं। फार्मासिस्ट की ताकत का एहसास सरकार को करना होगा। मंत्री शैलेंद्र राय ने सरकार से कर्मचारी हित को मान लेने और अड़ियल रवैया छोड़ने की अपील की। कहा कि प्रांतीय नेतृत्व से वार्ता कर सरकार को सकारात्मक रवैया अपनान चाहिए। कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में फार्मासिस्ट ही अस्पताल चलाते हैं। वे सरकार की मंशा के अनुरूप कार्य करते हैं। कोरोना काल में फार्मासिस्ट जान की परवाह न करते हुए आमजन के प्राणों की रक्षा के लिए 24 घंटे तैनात रहे थे। इस मौके पर मो. अनीस, लक्ष्मीकांत पांडेय, मलिक सिराजुद्दीन, रमाकांत चौधरी, सुवाष मिश्र, पीके पांडेय, राजेंद्र यादव, विजय श्रीवास्तव, अनिल मिश्र, ध्रुव कुमार चौधरी, नरेंद्र कन्नौजिया, अवधेश चौधरी आदि मौजूद रहे।
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