{"_id":"57cf00374f1c1ba830318fb2","slug":"lekpal-wisdom-purification-sacrifice","type":"story","status":"publish","title_hn":"लेखपालों ने बुद्धि-शुद्धि यज्ञ किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लेखपालों ने बुद्धि-शुद्धि यज्ञ किया
ब्यूरो अमर उजाला/ बस्ती
Updated Tue, 06 Sep 2016 11:13 PM IST
विज्ञापन
डीएम कार्यालय पर लेखपाल संघ के पदाधिकारियो ने बुद्घि शुद्घि यज्ञ किया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
छह सूत्रीय लंबित मांगों को लेकर डीएम कार्यालय पर धरने पर बैठे जिले भर के लेखपालों ने मंगलवार को सरकार पर जमकर गुस्सा उतारा। कहा कि यह सरकार लाठी के बल पर लेखपालों के आंदोलन का दबाना चाहती है। लेखपाल पिछले 15 दिन से धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। जिसके चलते आम जन को काफी कठिनाईयों को झेलना पड़ रहा है। मंच से सभी वक्ताओं ने विधानसभा चुनाव में सपा सरकार सबक सिखाने का शपथ ली।
लेखपाल नरेंद्र बहादुर उपाध्याय ने कहा कि सरकार ने आम जन के तकलीफों से मुंह मोड़ लिया है। धरने की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष राम सुमेर और संचालन सदर तहसील के वरिष्ठ उपाध्यक्ष विजय कुमार श्रीवास्तव ने किया।
मंगलवार को धरने की शुरूआत लोक गायक अयोध्या प्रसाद यादव एंड पार्टी के लोकगीतों से हुआ, इस दौरान गीतों के माध्यम सरकार को लेखपालों के जायज मांगों को लेकर जगाया गया। लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष राम सुमेर ने कहा कि हड़ताल के चलते एक भी जाति, निवास और आय प्रमाण पत्र जारी नहीं हो रहा है, जिसके चलते जरूरतमंदों को काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है। लेखपाल अजय कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि यह सरकार अपने आगे किसी की नहीं सुन रही है। जुगुल किशोर वर्मा ने कहा कि लेखपालों की मांगें न मानकर प्रदेश की अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली सपा सरकार ने यह साबित कर दिया कि यह अपने कर्मचारियों के साथ कितना अन्याय कर सकती है। इस मौके पर सदर तहसील के तहसील अध्यक्ष अशोक कुमार तिवारी, मंत्री धर्मेंद्र कुमार, विद्याधर द्विवेदी, रणधीर सिंह, सतीश कुमार श्रीवास्तव, अनिल कुमार मिश्र, शिव मूरत प्रसाद, विजय कुमार श्रीवास्तव, शंकर, सहदेव वर्मा, महेंद्र सिंह, जैराम गौतम, दयाराम चौधरी, राम सजीवन गुप्त, सुरेश पटवा, रफीक अहमद, राजेश्वरी उपाध्याय, अनिल मिश्र, देवेंद्र पाल, ईश्वरचंद्र, रामरेखा, विनोद श्रीवास्तव, हरि ओम, मुरली मनोहर श्रीवास्तव, सुनील कुमार पांडेय, राजेश्वरी उपायाय, रफीक अहमद सहित अन्य लेखपाल मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
लेखपाल नरेंद्र बहादुर उपाध्याय ने कहा कि सरकार ने आम जन के तकलीफों से मुंह मोड़ लिया है। धरने की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष राम सुमेर और संचालन सदर तहसील के वरिष्ठ उपाध्यक्ष विजय कुमार श्रीवास्तव ने किया।
विज्ञापन
मंगलवार को धरने की शुरूआत लोक गायक अयोध्या प्रसाद यादव एंड पार्टी के लोकगीतों से हुआ, इस दौरान गीतों के माध्यम सरकार को लेखपालों के जायज मांगों को लेकर जगाया गया। लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष राम सुमेर ने कहा कि हड़ताल के चलते एक भी जाति, निवास और आय प्रमाण पत्र जारी नहीं हो रहा है, जिसके चलते जरूरतमंदों को काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है। लेखपाल अजय कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि यह सरकार अपने आगे किसी की नहीं सुन रही है। जुगुल किशोर वर्मा ने कहा कि लेखपालों की मांगें न मानकर प्रदेश की अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली सपा सरकार ने यह साबित कर दिया कि यह अपने कर्मचारियों के साथ कितना अन्याय कर सकती है। इस मौके पर सदर तहसील के तहसील अध्यक्ष अशोक कुमार तिवारी, मंत्री धर्मेंद्र कुमार, विद्याधर द्विवेदी, रणधीर सिंह, सतीश कुमार श्रीवास्तव, अनिल कुमार मिश्र, शिव मूरत प्रसाद, विजय कुमार श्रीवास्तव, शंकर, सहदेव वर्मा, महेंद्र सिंह, जैराम गौतम, दयाराम चौधरी, राम सजीवन गुप्त, सुरेश पटवा, रफीक अहमद, राजेश्वरी उपाध्याय, अनिल मिश्र, देवेंद्र पाल, ईश्वरचंद्र, रामरेखा, विनोद श्रीवास्तव, हरि ओम, मुरली मनोहर श्रीवास्तव, सुनील कुमार पांडेय, राजेश्वरी उपायाय, रफीक अहमद सहित अन्य लेखपाल मौजूद रहे।
विज्ञापन